परीक्षा में इसे कहते हैं कदाचार,क्या करेगी सरकार ?

VKSU में कदाचार की बहार

 सरकार के  कदाचार मुक्त परीक्षा का दावा फेल  




खुलेआम हो रही है नक़ल 

img-20161024-wa0007-1

img-20161024-wa0010

 

4a84db68-77bf-421d-931e-e33cec8a0a3f

बिहार में शिक्षा के लिए किरकिरी हुए अभी साल भी नहीं बीते कि शिक्षा के लिए परीक्षा में चोरी का मामला फिर से सामने आया है.  आरा में वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय के पीजी सेमेस्टर-2 की परीक्षा आज से प्रारंभ हुई और पहली पाली में ही जब जगजीवन कॉलेज आरा सेंटर पर चोरी की तस्वीरें कैद हुई तो पुराना मामला फिर से सामने दिखने लगा. वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय के अधीन पीजी के 6 सेंटर -जगजीवन कॉलेज, एस बी कॉलेज, महंत महिला कॉलेज, एस एस महिला कॉलेज भभुआं, के एन एस  कॉलेज बक्सर और शंकर कॉलेज हैं. दरअसल बिहार का ये दुर्भाग्य है कि मेघावी छात्रों के बाद भी परीक्षा में चोरी बिहारियों की छवि पर एक न मिटने वाला दाग है जो अभी भी बदस्तूर कुलपति और विवि प्रशासन के सहयोग से चालू है. शिक्षा को सिर्फ बेचने का खेल बना दिया गया है.पीजी की परीक्षा में चोरी का ये आलम है कि पुस्तकों और गेस पेपर को खुलेआम रख कर छात्र परीक्षा दे रहे हैं. मोबाइल पर भी सवालों का जवाब परीक्षार्थी परीक्षा केंद्रों पर पूछ कर लिख रहे हैं. कोई  बोलने वाला नहीं है. यहाँ तक की कैमरे के सामने भी किसी को चोरी से परीक्षा देने में कोई परहेज नहीं है. जिसका नमूना तस्वीरों में साफ़ देखा जा सकता है. पहली पारी की परीक्षा में सभी केंद्रों पर परीक्षा में चोरी की बहती गंगा का यही हाल है. हो भी क्यों न सरकार का नारा ही है बिहार में बहार है…भले ही बहार परीक्षा में चोरी का क्यों न हो पर छात्रों के लिए बहार तो है ही..

रिपोर्ट -आरा से ओ पी पांडेय