इंटरमीडिएट परीक्षा पर सख्ती, OMR शीट पर देने होंगे जवाब

इंटरमीडिएट परीक्षा पर सख्ती, OMR शीट पर देने होंगे जवाब
नकल पर कसा शिकंजा, नही करा पायेगा कोई नकल

50 नंबर का ऑब्जेक्टिव और 50 नंबर का सब्जेक्टिव होगा सवाल
50 नंबर का ऑब्जेक्टिव OMR शीट पर
सब्जेक्टिव की कॉपी भी होगी OMR BASED
41654 विद्यार्थी होंगे शामिल
36 केंद्रों पर होंगी परिक्षाएँ




आरा, 30 जनवारी. इस बार इंटर के परीक्षार्थी पूरी तरीके से कमर कस ले और नए पद्धति से एग्जाम देने के लिए तैयार हो जाएं क्योंकि पिछले दो साल से शिक्षा की वजह से बिहार की धूमिल होती छवि को सुदृढ करने के लिए बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने इंटरमीडिएट की परीक्षा हेतु नई योजना बना ली है. परीक्षा को कदाचार मुक्त बनाने के लिए नए तरीके से तैयारियां की गई हैं, जिसमें OMR शीट का प्रयोग सहित CCTV कैमरे भी शामिल हैं.

सोमवार को इंटरमीडिएट की परीक्षा के लिए बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के अध्यक्ष सह प्रमंडलीय आयुक्त आनंद किशोर ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए भोजपुर जिलाधिकारी को कदाचार मुक्त परीक्षा हेतु जरूरी निर्देश दिए. वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए यह बताया गया कि इस बार परीक्षा बार कोडिंग की मदद से होगी, इसके तहत OMR शीट ही उतर पुस्तिका के प्रपत्र होंगे. बार कोडिंग के लिए कर्मियों की सुदृढ़ प्रशिक्षण होगी. साथ ही परीक्षा के लिए चयनित किए गए कमरों के भीतर और बाहर CCTV कैमरे लगाए जाएंगे जिससे परीक्षा के दौरान शिक्षकों की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी.

बोर्ड अध्यक्ष ने यह भी साफ किया कि परीक्षा के दौरान OMR और उत्तर-पुस्तिका भरने संबंधित सभी जानकारी परीक्षार्थियों को दी जाए. परीक्षा में 50 नंबर का ऑब्जेक्टिव और 50 नंबर का सब्जेक्टिव प्रश्न पूछे जाएंगे. 50 नंबर के ऑब्जेक्टिव सवालों का जवाब OMR शीट पर देना होगा. वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान भोजपुर जिला अधिकारी संजीव कुमार जिला शिक्षा पदाधिकारी अनविंद्र कुमार सिन्हा और जिला योजना पदाधिकारी(MDM) रामाधार शर्मा उपस्थित थे. जिलाधिकारी ने बताया कि 200 मीटर की दूरी में मीडिया का प्रवेश भी वर्जित रखा गया है. बाकि लोगों के लिए यह दूरी 300 मीटर तक वर्जित होगी.

बताते चलें कि इस साल इंटरमीडिएट परीक्षा में भोजपुर जिले के 41654 विद्यार्थी शामिल हो रहे हैं,जिसमें 27036 छात्र और 14618 छात्रा शामिल हैं. जिले में 36 केंद्रों ये परीक्षा सम्पन्न होगी.

आरा से ओ पी पांडेय की रिपोर्ट