मिल गया काला धन : धन कुबेर भी हुए फेल

ATM  से  पैसे नही मिलने पर ग्राहकों को पेनाल्टी क्यों नही देता बैंक ?

Reality check of Patna now
Exvlusive Report





आरा, 29 अप्रैल. क्या आपने धन कुबेर मशीन देखा है? चक्कर खा गए क्या? अरे हुजूर, मॉर्डन जमाने का धन कुबेर तो दरअसल ATM ही है जहाँ लाखो रुपये रखे रहते हैं जो सबकी आवश्यकताओं को पूरा करता है. ATM कहने को तो ये धन कुबेर यंत्र है, लेकिन यहाँ हमेशा ताला ही मिलता है. सरकार कितने ही वादे कैश क्रंच के लिए क्यों न करे लेकिन इन धन कुबेर मशीनों की वर्तमान स्थिति तो कुछ और ही हकीकत बयां करती है. पटना नाउ ने कैश क्रंच की रियालिटी जानने के लिए इन धन कुबेर मशीनों का जब दौरा किया तो ऊपर से थाट बात और नीचे से मोकामा घाट वाली कहावत नजर आयी. 

बताते चलें कि पूरे शहर में विभिन्न बैंकों के इन धन कुबेर मशीनों की संख्या लगभग 100 है. पटना नाउ को 3 घण्टे तक इनका चक्कर काटने के बाद भी इन मशीनों से कही भी पैसा नही मिला. इस दौरान हमारी ही तरह पैसों की तलाश में इन ATMs के पास पहुंचे बहुत से लोगो से बात हुई. इन लोगों में से कोई अपनी माँ का इलाज कराने शहर आया है तो कोई अपनी बेटी, बहन की शादी के लिए खरीदारी करने आये थे,लेकिन सभी पैसे नही मिलने की वजह से बैरंग वापस लौट गए. अपने पैसे बैंक में रखने और टैक्स देने के बाद भी आम आदमी बैंकों द्वारा इसी तरह ठगा महसूस कर रहा है.

बैंक अकांउट में मिनिमम बैलेंस न होने पर कस्टमर से पैसे चार्ज करती है, तो क्या ATM में पैसे न होने पर कस्टमर को बैंक पेनाल्टी के रूप में पैसे देगी? अब अगर इसी तरह बैंकों का रवैया रहा तो कस्टमर भी इनसे दूर हो जाएंगे. पैसे देने के बाद भी अगर कस्टमर को सुविधा के जगह दुविधा ही हो तो बैंकों का क्या काम? अगर ये नौबत आ गयी तो फिर काले धन को एक बार फिर से पाँव पसारने के लिए हर घरो में जगह मिल जाएगा.

आरा से आशुतोष कुमार की रिपोर्ट