भोजपुर जिले के 1942 के 12 महानायक

स्वतंत्रता के नायकों को श्रद्धांजलि देने पहुंचे जिले के जनप्रतिनिधि व प्रशासनिक अधिकारी

1942 के स्वाधीनता संग्राम में 12 नायकों की गई थी जान




आरा: 1942 के करो या मरो स्वतंत्रता के आंदोलन में अपनी प्राणों की आहुति दे भोजपुर जिले के भी 12 महानायक अमर हो गए,जिन्हें हर साल श्रद्धांजलि देने के के लिए जनप्रतिनिधियों का तांता लगता है. लसाढ़ी, ढकनी और चांसी गाँव के इन 12 शहीद महानायकों की मूर्तियां उनकी याद में लसाढ़ी में बनायी गयी हैं जो उन वीरों की गाथा आज भी गाती हैं.

शहीद इन महानायकों ने अन्य स्वतंत्रता सेनानियो की तरह राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के ‘ करो या मरो ‘ की पुकार पर अगिआंव प्रखंड के लसाढ़ी, चासी एवं ढकनी गांव के स्वाधीनता सेनानियों ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिसमें 12 स्वाधीनता सेनानी 15 सितंबर 1942 को शहीद हुए. उन शहीदों की पुण्य तिथि हर वर्षों की भांति इस वर्ष भी राजकीय समारोह के रूप में अगिआंव प्रखंड के लसाढ़ी में आयोजित की गई जिसमें माननीय मंत्री, पिछड़ा वर्ग एवं अत्यंत पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग , बिहार सरकार -सह- जिला प्रभारी मंत्री विनोद कुमार सिंह मुख्य अतिथि के रूप में शरीक हुए. समारोह में उपस्थित तमाम अतिथियों ने शहीदों की प्रतिमा पर माल्यार्पण करते हुए श्रद्धा निवेदित की. इस अवसर पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए माननीय मंत्री ने लसाढ़ी एवं निकटवर्ती गांवों के शहीदों को महान देशभक्त बतलाया तथा कहा कि बाबू वीर कुंवर सिंह की यह पावन धरती महान वीर सपूतों एवं स्वाधीनता सेनानियों की भूमि रही है जिनका देश की आजादी में महत्त्वपूर्ण योगदान रहा है. उन्होंने समृद्ध एवं शक्तिशाली भारत के नवनिर्माण हेतु आपसी एकता, अखंडता एवं संप्रभुता अक्षुण्ण रखने तथा जिला एवं प्रदेश के विकास के लिए सभी को मिल जुलकर कार्य करने की आवश्यकता पर बल दिया. जिलाधिकारी रोशन कुशवाहा ने शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित कर उनके संघर्ष ,त्याग एवं बलिदान का स्मरण किया तथा उन्हें महान स्वाधीनता सेनानी बतलाया. समारोह का संचालन प्रोफ़ेसर रणविजय सिंह ने किया.

15 सितंबर 1942 को इन गांवों के लाल हुए थे शहीद
लसाढ़ी गांव

वासुदेव सिंह,महादेव सिंह, सभापति सिंह, गोखर सिंह, जगरनाथ सिंह, व अकली देवी

चासी गांव
रामानंद पांडे, रामदेव साह, शीतल लोहार, एवं केश्वर सिंह,
ढ़कनी गांव
शीतल प्रसाद सिंह व केशव प्रसाद सिंह

शहीदों का गाँव आज भी बुनियादी अभावों से ग्रस्त है. लेकिन ग्रामीण भी सरकार और प्रशासनिक अधिकारियो के हर साल आने के बाद भी अब गाँव की बुनियादी जरूरतों की मांग नही करते हैं. बड़ा सिम्पल और सीधा जवाब देते हैं कि इतने दिनों में सरकार को समंझ नही आयी तो वे कह के क्या करेंगे.

समारोह में उपस्थित सभी महानुभावों द्वारा शहीदों को माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी गयी. समारोह में विधान पार्षद लाल दास राय, विधायक प्रभुनाथ राम ,पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार ,अपर समाहर्ता कुमार मंगलम,पूर्व विधायक विजेंद्र यादव, जिला परिषद उपाध्यक्षा फुलवंती देवी, जिला पार्षद शैलेंद्र कुमार, जदयू जिलाध्यक्ष अशोक शर्मा, लोजपा जिलाध्यक्ष राजेश्वर सिंह सहित भारी संख्या में जनप्रतिनिधि ,स्थानीय जनता एवं अधिकारीगण उपस्थित थे.

ओ पी पांडेय की रिपोर्ट