तो क्या जाम से मुक्त हो जाएगा भोजपुर !

जाम की समस्या से निदान के लिए युवाओं ने बनाई योजना
जिला प्रशासन करेगा उसपर अमल, जल्द मिलेगी जाम से मुक्ति




आरा, 1 जुलाई. आरा में जाम की समस्या को लेकर प्रबुद्ध लोगों ने एक योजना बनाकर को भोजपुर जिलाधिकारी से मुलाकात की. उन्होंने जाम की समस्या के कारण से लेकर उसके निदान तक की ब्लूप्रिंट जिलाधिकारी को दी, जिस पर अमल करने के लिए जिला प्रशासन और नगर निगम से अपील की.

जिलाधिकारी रोशन कुशवाहा ने शिष्टमंडल से मुलाकात के बाद उनके प्लान की सराहना करते हुए कहा कि कुछ सुझाव पर तुरंत ही जिला प्रशासन अमल करेगी एवं अन्य सुझाव पर नगर निगम से प्लान कर शहर को जाम से मुक्ति दिलाने के लिए जल्द ही पहल होगी. उन्होंने कहा कि आशा है कि 1 महीने के भीतर शहर को जाम से मुक्ति का असर दिखने लगेगा. जिलाधिकारी से जाम की समस्या पर मिलने वाले शिष्टमंडल में छात्र संघ अध्यक्ष अमित कुमार सिंह,शशांक श्रीवास्तव, चर्चित पत्रकार मंगलेश तिवारी व ओ.पी. पाण्डेय थे. बताते चलें कि जाम की समस्या को लेकर कलाकारों,पत्रकारों,छात्रों व बुद्धिजीवियों ने पिछले कुछ दिनों से लगातार मीटिंग कर शहर को जाम से मुक्ति के लिए योजना बनाई जिसके बाद उन्होंने जिलाधिकारी से मिलकर उस योजना को कार्यान्वयन में लाने के लिए मुलाकात की.

जाम की समस्या से निदान के लिए जागरूक या ग्रुप सोशल मीडिया पर भी एक्टिव है जो लोगों से जाम की समस्या से निदान के लिए सुझाव भी मांग रहा है. सोशल मीडिया पर जाम मुक्त भोजपुर नाम से बने पेज पर लोग जुड़कर अपने शहर को जाम मुक्त करने के लिए देश के कोने-कोने में रहते हुए भी सुझाव दे रहे हैं. साथ ही ग्रुप के सदस्यों द्वारा शहर में प्रतिदिन लगने वाले जाम को अपडेट भी किया जा रहा है. कुछ ऐसा बनाया है इन्होंने प्लान:-

शहर में जाम का मुख्य कारण
टेलीफोन के पुराने खंबे, फुटपाथ पर दुकानदारों द्वारा अतिक्रमण, नालों का अत्याधिक चौड़ा होना, ट्रैफिक व्यवस्था का दुरुस्त ना होना, वन-वे नियमों का पालन न करना, नो-एंट्री में भारी वाहनों का प्रवेश,साथ ही शहर में भारी वाहनों को रोकने वाले जगहों का खुला होना है.

इन्हें दुरुस्त करने के लिए निम्नलिखित उपाय है:

1) नालो को कवर्ड कर सडक का चौड़ीकरण किया जाय यथा महावीर टोला,धरहरा,मठिया और अनाइठ
2) कुछ भीड भाड वाले रास्तों को वन-वे घोषित कर कड़ाई से पालन कराया जाए
3) पीक आवर मे ट्रैफिक पुलिस मुस्तैद रहे
4) बेतरतीब ढंग से दूकान लगाने वाले दुकानदारो पर निरंतर ध्यान रखते हुए अतिक्रमण अभियान चलाया जाए एवं उनपर कड़ा जुर्माना लगाया जाय साथ ही 1 हफ्ते तक दुकान न लगने दिया जाय.
5) शहर मे पार्किंग हेतु कुछ स्थल निर्धारित किये जायें जहां लोग अपनी गाड़ियाँ खड़ी कर पैदल शॉपिंग के लिए जाएं साथ ही ऐसे जगहों से बाजार और भीड़-भाड़ वाले संकरे रास्तों पर सिर्फ ई-रिक्शा चलाने की अनुमति दी जाए.
6) स्कूल संचालको की एक बैठक जिला प्रशासन बुलाये और उन्हे निर्देश दिया जाये की कुछ समय अंतराल पर स्कूल की छुट्टी वे सुनिश्चित करें ताकि एक ही समय पर बसों के छूटने से जाम से बचा जा सके
7) पुरानी पुलिस लाइन के पास अवैध बस स्टैंड को सलेमपुर रोड, बांध के पास शिफ्ट किया जाए
8) माॅल, व्यवसायिक प्रतिष्ठानों और निजी घर मालिकों को भी पार्किंग की व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए न्यायालय से आदेश भेजा जाए जिसमें उन्हें एक निश्चित अवधि के अंतर्गत पार्किंग जोन बनाना अनिवार्य हो अन्यथा उनपर जुर्माना का प्रावधान हो.
9) चिकित्सकों को भी उनके निजी क्लिनिक, घर या अस्पतालों में पार्किंग जोन नही रहने पर क्लिनिक सीज करने या जुर्माने का प्रावधान हो.
10) सरकारी दफ्तरों यथा LIC जैसे जगहों पर भी पार्किंग जोन जल्द से जल्द बनाने के आदेश दिए जाएं या फिर ऑफिस के स्थानांतरण का आदेश हो.
11) पुलिस और समाजसेवियों का संयुक्त अभियान एक दिन बाईक,कार न चलाने की जनता से अपील करे.
12) बिजली के बेतरतीब पोलों और टेलीफोन पोलों को हटाया जाए साथ ही नए पोलों को फुटपाथ की तरफ थोड़ा रखा जाए तो अच्छी जगह मिल सकती है.
13) स्कूल बसों के लिए शहर में कुछ स्टॉप बने जिससे वे चौक, रामगढ़िया, गोला और अस्पताल जैसी संकरी रास्तो पर न जाएं जिससे अक्सर जाम लग जाता है.
14) कुछ मार्गो पर डिवाडर बने और चौराहों पर सिग्नल लाइट लगाई जाएं
15) अतिक्रमण को हटाने के लिए हॉकर जोन बनाया जाए जहां इन्हें शिफ्ट किया जाए.
16) जागरूकता हर स्तर पर घर-घर, मुहल्ले-टोलों तक हो.

इन रास्तो पर डिवाडर बने:-
1) स्टेशन-नवादा चौक-बड़ी मठिया- शिवगंज
2) स्टेशन-VKSU-बाजार समिति-धोबिघटवा
3) स्टेशन-क्लब रोड चौराहा
4) स्टेशन-कतीरा-होमगार्ड- पकड़ी चौक
5) स्टेशन-नवादा थाना-नवादा चौक-करमन टोला-बड़ी मठिया
6) रमना मैदान के चारों ओर


ये रास्ते वन-वे हो:-
1) बड़ी मठिया-बाबू बाजार
2) बड़ी मठिया-महादेवा-बिचली रोड-शीशमहल चौक
3) शीश महल चौक-गोपाली चौक-शिवगंज
4) पुरानी पुलिस लाइन मोड़- नाला मोड़-सिंडिकेट-बिंद टोली-बांस टाल-मीरगंज
5) मीरगंज-गोला-शीशमहल चौक

इन स्थानों पर बड़े वाहनों के लिए बैरियर लगे:-
1) गांगी 2) रमना मैदान 3) सपना सिनेमा मोड़
4) VKSU 5) चंदवा मोड़ 6) धरहरा( रामगढ़िया वाला रोड की ओर)

अब देखना यह दिलचस्प होगा कि जाम की मुक्ति के लिए जिला प्रशासन कितना एक्टिव होता है. इधर बुद्धिजीवियों का यह समूह जल्द ही इस सम्बन्ध में जनप्रतिनिधियों से भी मिलेगा एवं आम जनों से मिलकर सबको जागरूक करने का प्लान बना रहा है.

आरा से अपूर्वा की रिपोर्ट