‘बिहार में प्रमुख सिख स्थलों को मिलाकर बनेगा सिख सर्किट’

मीडिया और दर्शकों को खूब भाया PM मोदी और CM नीतीश का अंदाज

गांधी मैदान में एक-दूसरे की तारीफ करते दिखे दोनों नेता

पीएम ने जारी किया गुरू गोविन्द सिंह पर डाक टिकट

‘प्रकाश पर्व के बाद चंपारण सत्याग्रह के शताब्दी वर्ष का भी होगा भव्य आयोजन’

पटना के गांधी मैदान में प्रकाश पर्व पर पीएम मोदी और नीतीश के एक साथ मंच पर दिखने से लेकर एक-दूसरे की तारीफों के पुल बांधते दोनों नेताओं ने लोगों को खूब आकर्षित किया. गुरु गोबिंद सिंह के 350वें प्रकाश पर्व पर गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पटना पहुंचे जहां राज्यपाल रामनाथ कोविंद और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पटना एयरपोर्ट पर उनका स्वागत किया. इसके बाद नीतीश कुमार और नरेंद्र मोदी एकसाथ मंच पर आए. इस दौरान पीएम मोदी बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और पंजाब के मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल सहित अन्य मंत्रियों के साथ मंच पर मौजूद थे.




इस दौरान कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने प्रकाशपर्व के आयोजन को बिहार के लिए गर्व का अवसर बताया. सीएम ने कहा कि इस वक्त बिहार में दो महत्वपूर्ण आयोजन चल रहे हैं. पटना में प्रकाश पर्व और बोधगया में कालचक्र पूजा. इसके साथ ही इस साल महात्मा गांधी के चंपारण सत्याग्रह के भी सौ साल पूरे हो रहे हैं.

सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि इन दोनों अवसरों को ध्यान में रखकर बिहार सरकार ने राज्य में पूर्ण शराबबंदी लागू की है. शराबबंदी से बिहार के घर-घर में खुशहाली आई है. गुजरात में स्थापना काल से ही शराबबंदी रही है. नीतीश ने इस मौके पर पीएम मोदी की तारीफ करते हुए कहा कि वे प्रधानमंत्री बनने के पहले गुजरात के मुख्यमंत्री थे. प्रकाशपर्व के अवसर पर मैं कहना चाहता हूं कि देश में भी शराबबंदी हो, तो खुशहाली आएगी. मुख्यमंत्री ने कई अधिकारियों को भी इस सफल आयोजन के लिए बधाई दी. जिनमें प्रमुख रुप से पटना के डीआईजी शालीन कुमार, डीएम संजय कुमार अग्रवाल,एसएसपी मनु महाराज समेत कई अधिकारियों की उन्होंने तारीफ़ की. मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर प्रधानमंत्री को गुरू गोविन्द सिंह की एक तस्वीर भी भेंट की.

नीतीश के भाषण की महत्वपूर्ण बातें-

  • सौभाग्यवश अपने जीवन काल में ऐसे समारोह आयोजित करने का अवसर मिला.
  • पटना साहिब में स्थित गुरू के बाग के पास एक नया बहुद्देशीय पार्क बनेगा.
  • बिहार में सिख धर्म से जुड़े स्थलों का विकास करेंगे और उन्हें जोड़कर एक सिख सर्किट बनाएंगे.
  • समाज जब नशामुक्त होगा तब देश और बिहार तरक्की करेगा.
  • दशमेश गुरु की जीवनी से प्रेरणा लेकर राज्य और देश को और खुशहाल बनाएंगे.