वेल्लोर से भोजपुर आये छात्र को 40 दिन बाद निकला कोरोना पॉजिटिव

आरा,28 अप्रैल. भोजपुर जिले में सोमवार को कोरोना पॉजिटिव सात मरीज पाए जाने के बाद स्वास्थ्य महकमा से लेकर जिला प्रशासन में खलबली मच गई। हालांकि, सात जो नए मरीज मिले हैं उनमें चार संक्रमित मरीज बड़हरा के रामपुर निवासी पाजिटिव पाए गए युवक से जुड़े है। जबकि, एक पॉजिटिव पाया गया युवक आरा के भलुहीपुर निवासी छात्रा का ही भाई बताया जा रहा है। दो जो नए मरीज मिले हैं उसमें मौलाबाग, नाला रोड निवासी संवेदक का पुत्र और बिहिया राजा बाजार निवासी एक इलेक्ट्रॉनिक दुकानदार बताया जा रहा है। जिलाधिकारी रोशन कुशवाहा एवं एसपी सुशील कुमार के आदेश पर टीम आरा एवं बिहियां में पाए गए नए मरीजों की ट्रैवल हिस्ट्री का पता लगा रही है।

नए रिपोर्ट के साथ भोजपुर में कोरोना पॉजिटिव की संख्या बढ़कर नौ पहुंच गई है। इस बीच तमिलनाडु के वेल्लोर से भोजपुर आए बीआईटी के एक छात्र के कोरोना पॉजिटिव होने का मामला प्रकाश आते ही जिला मुख्यालय स्थित आरा शहर में खलबली मच गई। कोरोना पॉजिटिव छात्र शहर के मौलाबाग स्थित नाला रोड, निवासी एक कंस्ट्रक्शन कंपनी के संचालक का पुत्र बताया जाता है, जिसके हवाई यात्रा के दौरान संक्रमित होने की बात बताई जा रही है। छात्र के स्वजनों से मिली जानकारी के मुताबिक उक्त छात्र पहले होली के दिन 09 मार्च को वेल्लोर से अपने घर आया था। पुन: वह अपनी पढ़ाई के सिलसिले में वेल्लोर जाने के लिए 15 मार्च को चेन्नई पहुंचा था। पर, चेन्नई एयरपोर्ट पर पहुंचते ही उसे जानकारी मिली की उसका शैक्षणिक संस्थान बंद हो चुका है। इसके बाद वह उसी दिन 15 मार्च को दूसरे विमान से दिल्ली तथा दिल्ली से एक अन्य विमान जरिए 16 मार्च को पटना एयरपोर्ट पहुंचा था। फिर 16 मार्च को ही वह आरा आ गया था। इधर दो दिन पहले स्वास्थ्य महकमे से मिली सूचना के आधार पर 24 अप्रैल को सदर अस्पताल में उसका स्वाब लेकर जांच के लिए पटना भेजा गया था। पटना में जांच के बाद सोमवार उसके कोरोना पॉजिटिव पाए जाने की जानकारी मिली।




संक्रमण की जानकारी मिलते ही मेडिकल और प्रशासनिक अधिकारियों की टीम पहुंची संक्रमित के घर

आरा: छात्र के कोरोना संक्रमित होने की जानकारी मिलते ही सदर एसडीओ अरुण प्रकाश, डीएसपी अजय कुमार पूरे दल बल के साथ कोरोना संक्रमित के घर पहुंच गए, जहां छात्र तथा उसके स्वजनों से उसके ट्रावेल हिस्ट्री की जानकारी ली गई। इस दौरान डॉ. अपर्णा झा के नेतृत्व में मेडिकल टीम भी मौके पर पहुंच गई, जिसके बाद कोरोना संक्रमित छात्र को इलाज के लिए पटना भेजने हेतु एम्बुलेंस से सदर अस्पताल पहुंचाया गया।

स्वाब सैंपल लेने के बाद छात्र को क्वारंटाइन करने की बजाय भेज दिया था घर

आरा: कोरोना संक्रमितों को क्वारंटाइन करने के मामले में बरती जा रही लापरवाही का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा है। हालांकि इस मामले में भोजपुर जिलाधिकारी रोशन कुशवाहा ने सदर अस्पताल के अधीक्षक डॉ. सतीश कुमार सिन्हा से स्पष्टीकरण भी पूछा है। वेल्लोर से आरा आए छात्र को क्वारंटाइन करने के मामले में भी लापरवाही बरते जाने की बात सामने आ रही है। जानकारी के मुताबिक 24 अप्रैल को उक्त छात्र में कोरोना के लक्षणों की जानकारी मिलने के बाद उसका स्वाब लेकर जांच के लिए पटना जरूर भेजा गया, पर उसे क्वारंटाइन करने के बदले घर भेज दिया गया। इस संबंध में सदर अस्पताल के अधीक्षक ने बताया इस मामले में ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक से पूछताछ की जा रही है।

बक्सर स्थित अपने पैतृक गांव नैनीजोर भी गया था छात्र, आरा स्थित अपने घर में ऑनलाइन कर रहा था पढ़ाई

आरा: संक्रमित छात्र के स्वजनों से मिली जानकारी के मुताबिक उक्त छात्र आरा शहर में कोई संपर्क नहीं होने के कारण कही घुमने फिरने भी नहीं निकला था। पर, होली के बाद वह बक्सर जिला स्थित अपने पैतृक गांव नैनीजोर जरूर गया था। कितु कुछ ही दिनों बाद वह गांव से भी वापस आरा लौट आया था। स्वजनों ने बताया कि वह घर में ही रहकर ऑन लाइन पढ़ाई करता था। वह वेल्लोर बीआईटी में द्वितीय वर्ष का छात्र है।

बीबीए का छात्र बड़ा भाई भी होली में आया था घर

आरा: संक्रमित छात्र के स्वजनों से मिली जानकारी के मुताबिक उसका बड़ा भाई, जो वेल्लोर में बीबीए का छात्र है, वह भी होली के दौरान ही आरा स्थित अपने धर आया था। भाई के कोरोना संक्रमित होने की जानकारी नहीं होने के कारण वह भी पूरे परिवार के साथ उसके संपर्क में रहता था। जानकारी के मुताबिक संक्रमित छात्र की एक चचेरी बहन भी उसके साथ रहकर ऑन लाइन पढ़ाई करती है। सोमवार को भाई के कोरोना संक्रमित होने की जानकारी मिलने के बाद भाई समेत पूरे परिवार के सदस्यों में भय व्याप्त है।

मैनेजर, रसोइया, ड्राइवर और स्वजनों समेत सात लोग क्वारंटाइन

आरा: कोरोना संक्रमित छात्र को इलाज के लिए पटना भेजे जाने के साथ आरा स्थित उसके घर में मौजूद मैनेजर, रसोइया, ड्राइवर और स्वजनों समेत कुल सात लोगों क्वारंटाइन करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। बता दें कि संक्रमित युवक के स्वजनो में उसके माता-पिता के अलावा बड़ा भाई और एक चचेरी बहन भी शामिल हैं।