अयोध्या के लिए आज ऐतिहासिक दिन

राम जन्मभूमि अयोध्या एक बार फिर खबरों में है. इस बार वजह कुछ अलग है. इस बार जिस वजह से अयोध्या खबरों में है, उसमे सबकी भागीदारी भी है. इस वजह के पीछे वजह वही है जिस कारण हजारों वर्षों से दिवाली मनाई जाती रही है. मान्यता है कि जब राम अपनी पत्नी सीता को लंका से रावण के चंगुल से निकालकर लाए, उस खुशी में अयोध्या में दिवाली मनाई गई थी. अब उसी परंपरा की शुरुआत फिर से हो रही है. यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ आज अयोध्या में दिव्य दिवाली मनाने वाले हैं जिसके लिए रामनगरी को दुल्हन की तरह सजाया गया है. पूरा शहर रंग-बिरंगी लाइट्स से जगमग है तो सरयू के घाटों की सीढ़ियां दो लाख दिये से सज कर भगवान श्रीराम का इंतजार कर रहे हैं.




यूपी की योगी सरकार ने अयोध्या की दिवाली को ऐतिहासिक बनाने के लिए कोई कोर कसर बाकी नहीं छोड़ी है. आज छोटी दिवाली के दिन यूपी के सीएम उनकी कैबिनेट के समेत तमाम मंत्री और राज्यपाल राम नाइक अयोध्या में मौजूद रहेंगे. विशेष रुप से अयोध्या में आज के कार्यक्रमों में सबकी नज़र भगवान राम और रामायण से जुड़ी शोभायात्रा पर है जो साकेत यूनिवर्सिटी से दोपहर एक बजे शुरू होकर अयोध्या की सड़कों से गुजरती हुई करीब 3 किलोमीटर का सफर तय करेगी. शाम करीब 4 बजे शोभायात्रा रामकथा पार्क पहुंचेगी. यहीं पर सीएम योगी और राज्यपाल राम नाइक शोभायात्रा की आगवानी करेंगे. उसके बाद राम दरबार लगेगा जहां सीएम योगी भगवान श्रीराम का राज्याभिषेक करेंगे.

अयोध्या में दिव्य दिवाली का एक और बड़ा आकर्षण सरयू नदी के तट पर भी होगा जब रामकथा के बाद शाम करीब 6 बजे सीएम योगी सरयू तट पर होंगे जहां सबसे पहले सरयू का पूजन होगा. पुजारियों के मंत्रोच्चार के बीच वाराणसी और हरिद्वार तट की तरह महाआरती होगी और फिर होगा दीपोत्सव जिसमें सरयू के घाट पर करीब दो लाख दिये जलाए जाएंगे.

जानकारी के मुताबिक उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ आज अयोध्या के लिए कई बड़ी योजनाओं का कार्यारंभ करेंगे, जिनके लिए केन्द्र सरकार से भी हरी झंडी मिल चुकी है.

संभावित योजनाएँ-

  • भगवान राम की 100 मीटर ऊंची प्रतिमा का निर्माण
  • 133 करोड़ की 13 परियोजनाओं का शिलान्यास
  • राम कथा गैलरी के लिए 6 करोड़ रुपये का प्रावधान
  • क्वीन हिओ मेमोरियल के लिए 7.23 करोड़ का आवंटन
  • राम की पैड़ी के उद्धार के लिए 12 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे
  • गुप्तार घाट को सजाने के लिए 37 करोड़ रुपये की योजना
  • शहर की सड़कों को दुरुस्त करने के लिए 8 करोड़ रुपये खर्च होंगे
  • हनुमान गढ़ी, कनक व दशरथ भवन में फुटपाथ-सड़क के लिए 11.24 करोड़

उम्मीद की जा रही है कि इन सभी योजनाओं के पूरा होने के बाद अयोध्या के प्रति देश-विदेश के लोगों का आकर्षण और बढ़ेगा और रामनगरी को देखने के लिए लोग सालों भर यहां उमड़ेंगे.