बेटी की इज्जत से बढ़कर कुछ भी नहीं, माफी मांगे जदयू-सीमा

शरद के बयान पर भड़के राजनीतिज्ञ 

राष्ट्रीय लोक समता पार्टी की राष्ट्रीय महिला अध्यक्ष सीमा सक्सेना ने कहा है कि जनता दल यू के मौजूदा राष्ट्रीय अध्यक्ष एक ओर महिला सशक्तिकरण के दावे करते हैं, दूसरी ओर इसी पार्टी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष महिलाओं के खिलाफ आपत्तिजनक बयान देते हैं. उन्होंने कहा कि वोट की तुलना बेटी की इज्जत से करने वाले बेतुके और बेबुनियाद बयान पर जदयू की आधिकारिक प्रतिक्रिया क्या है, ये बिहार और देश की जनता के सामने रखे. उन्होंने कहा कि ये बात तो हर कोई जानता है कि जदयू जैसी पार्टी के लिए वोट और सत्ता ही भगवान है, लेकिन कम से कम वो बेटियों की इज्जत करना तो सीख ले, बेटियों की इज्जत की तुलना वोट से आखिर की कैसे जा सकती है, बयान देने से पहले इसपर विचार तो कर ले. सीमा सक्सेना ने कहा कि महिला आयोग ने जदयू के वरिष्ठ नेता को उनके इस बयान पर नोटिस देकर बिल्कुल सही कदम उठाया है और जो भी नेता इस तरह की बयानबाज़ी करते हैं, सभी पर कार्रवाई की जानी चाहिए.




रालोसपा राष्ट्रीय महिला अध्यक्ष ने कहा कि ये कोई पहली बार नहीं है कि जदयू के वरिष्ठ नेता ने महिलाओं को लेकर इस तरह का बयान सार्वजनिक स्तर पर दिया है. उन्होंने कहा कि बेटी की इज्जत जाएगी तो गांव-मोहल्ले की इज्जत जाएगी, इस तरह का बयान किस तरह से एक राष्ट्रीय स्तर के नेता को शोभा देता है. ये हैरानी की बात है कि उनके बयानों पर उनकी पार्टी की ओर से न तो माफी मांगी गई है और न ही कोई सफाई ही दी गई है. सीमा सक्सेना ने वोट के लिए बेटी को लेकर इस तरह का बयान देने की कड़ी शब्दों में आलोचना की.