DM की अनोखी पहल बनी चर्चा का विषय

खुले में शौच से मुक्ति के लिए केन्द्र और राज्य सरकार की योजना जोर-शोर से चल रही है. इन सबके बीच बिहार के एक जिलाधिकारी की पहल खासी चर्चा में है. वाक्या मंगलवार 15 अगस्त का है जब नालंदा जिले के लोगों को एक खास तरह के जागरुकता कार्यक्रम में भाग लेने का मौका मिला. नालंदा के डीएम डॉक्टर त्यागराजन SM की पहल पर बिहार शरीफ के किसान सिनेमा हॉल में ODF कार्य में लगे मुखिया, प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं अन्य अधिकारी तथा नागरिकों ने स्वच्छ भारत अभियान पर केंद्रित फिल्म “टॉयलेट एक प्रेम कथा” देखी. लोगों ने इस फिल्म में उठाए गए बिंदुओं को सराहा और एक स्वर से संकल्प लिया कि अपने-अपने घर एवं समाज में शौचालय निर्माण कार्य में एक अभियान के रुप में लग जाएंगे.




सिनेमा हॉल में Toilet ek prem katha देखते लोग

इस फिल्म का मुख्य कथानक यह है कि नए-नए शादी हुए दंपत्ति में तलाक तक की नौबत सिर्फ इस मुद्दे पर आ जाती है कि अंधविश्वासों के वजह से उनके ससुराल में शौचालय नहीं बनवाया जा रहा था और इस कारण महिलाओं को अनेक तरह के फजीहतों का सामना करना पड़ रहा था. फिल्म के नायक और नायिका के प्रयास से लोगों की मानसिकता बदलती है सरकारी सिस्टम में तेजी आती है और हर घर एवं गांवों में शौचालय निर्माण का कार्य शुरू होता है. शौचालय निर्माण के लिये इस तरह का अभियान पूरे देश में चल रहा है.

Toilet ek prem katha फिल्म के दृश्य

फिल्म शुरू होने से पहले जिलाधिकारी डॉक्टर त्यागराजन एस एम ने दर्शकों को खुले में शौच नहीं करने एवं घर घर शौचालय बनवाने संबंधी शपथ भी दिलाई. उन्होंने कहा कि नालंदा जिला को खुले में शौचमुक्त जिला बनाने के लिए “निर्मल नालंदा” अभियान चल रहा है. इसमें जिले के हर नागरिक की सक्रिय सहभागिता जरूरी है. उन्होंने लोगों से आह्वान किया हर घर में शौचालय बनवाएं इसके लिए सरकार हर एक लाभुक को ₹12000 का अनुदान देती है. जैसे ही कोई एक बार खुले में शौचमुक्त घोषित हो जाता है उसके लाभुकों को यह अनुदान ऑनलाइन उनके खाते में भेज दिया जाता है. इस अवसर पर उपस्थित स्थानीय विधायक डॉ सुनील कुमार ने भी दर्शकों से आह्वान किया कि जिला के नागरिक शौचालय निर्माण अभियान एवम निर्मल नालंदा कार्यक्रम में बढ़-चढ़ कर भाग लें. फिल्म शो में पुलिस अधीक्षक सुधीर कुमार पोरिका,वरीय उपसमाहर्ता सुरेंद्र कुमार, राम बाबू, सभी बी डी ओ, सी ओ ,मुखिया ,जनप्रतिनिधि, नागरिक आदि उपस्थित थे.