कैबिनेट विस्तार के बाद इन मंत्रियों ने संभाला अपना कार्यभार

पटना,9जुलाई. कैबिनेट विस्तार के बाद PM मोदी के नए टीम में शामिल मंत्रियों ने शपथ ग्रहण के बाद गुरुवार को ही अपना कार्यभार संभाल लिया. कई मंत्रियों के फेरबदल के बाद विकास की रफ्तार में तेजी की लोगों के बीच चर्चा है वही युवा सांसदों ने देर न करते हुए पहले दिन ही अपना कार्यभार संभाल अपने ऊर्जा को दिखा दिया कि कार्य की रफ्तार इस बार कुछ खास ही रहेगी.

जानिए कि किन मंत्रियों ने संभाला अपना कार्यभार:




पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय

  • हरदीप सिंह पुरी ने कैबिनेट मंत्री के रूप में पेट्रोलियम तथा प्राकृतिक गैस मंत्रालय का कार्यभार संभाला
  • रामेश्वर तेली ने मंत्रालय में राज्यमंत्री का कार्यभार संभाला

हरदीप सिंह पुरी ने गुरुवार को कैबिनेट मंत्री के रूप में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय का कार्यभार संभाला. रामेश्वर तेली ने मंत्रालय में राज्य मंत्री के रूप में कार्यभार संभाला. इस मौके पर मंत्रिमंडल में फेरबदल से पहले प्रभार संभाल रहे मंत्री धर्मेंद्र प्रधान भी मौजूद थे.

कार्यभार सम्भालते हुए हरदीप सिंह पूरी ने PM मोदी के प्रति निष्ठा जताते हुए कहा कि “आज, मैं माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा व्यक्त विश्वास से सम्मानित महसूस कर रहा हूं जिन्होंने मुझे इस महत्वपूर्ण मंत्रालय का कैबिनेट मंत्री बनाया है. धर्मेंद्र प्रधान का स्थान लेना बड़ा कार्य है.

इस मंत्रालय का काम प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से देश के प्रत्येक नागरिक को छूता है. इस मंत्रालय में ऊर्जा के विषय को लेकर अपार संभावनाएं हैं और कई चुनौतियां हैं. बदलते समय के अनुरूप होने, नई प्रौद्योगिकियों को अपनाने और विश्व भर में हो रहे ऊर्जा परिवर्तन के अनुरूप होने की जरूरत एक आकर्षक अवसर प्रदान करती है.

जैसा कि हम 5 ट्रिलियन अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ते हैं, ऊर्जा की उपलब्धता और खपत का महत्व सर्वोपरि होगा. मेरा फोकस प्रधानमंत्री के आत्मनिर्भर भारत के विजन के अनुरूप कच्चा तेल और प्राकृतिक गैस के घरेलू उत्पादन को बढ़ाने पर होगा.

मैं देश में प्राकृतिक गैस आधारित अर्थव्यवस्था के विकास की दिशा में भी काम करूंगा और माननीय प्रधानमंत्री की घोषणा के अनुसार 2030 तक देश के प्राथमिक ऊर्जा मिश्रण में प्राकृतिक गैस की हिस्सेदारी को बढ़ाकर 15 प्रतिशत कर दूंगा.

पिछले सात वर्षों में मेरे पूर्ववर्ती धर्मेंद्र प्रधान के कुशल मार्गदर्शन में इस क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण सुधार और पहल की गई हैं. मैं उन्हें आगे ले जाने और प्रधानमंत्री, हमारे लोगों और देश की आकांक्षाओं को पूरा करने का प्रयास करूंगा.”

विधि एवं न्‍याय मंत्रालय
*किरेन रिजिजू ने विधि और न्याय मंत्रालय का कार्यभार संभाला

किरेन रिजिजू ने गुरुवार को विधि और न्याय मंत्री का कार्यभार मंत्रालय को वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में संभाल लिया. इस अवसर पर मीडिया से बातचीत करते हुए विधि और न्याय मंत्री ने कहा कि विधि और न्याय मंत्री के रूप में काम करना मेरे लिए बड़ा दायित्व है. मेरी प्राथमिकता जनाकांक्षा पूरी करनी होगी और मैं हमेशा पारदर्शिता रखूंगा.

विधि और न्याय मंत्री का प्रभार संभालने से पहले किरण रिजिजू मई 2019 से जुलाई 2021 तक युवा कार्य और खेल राज्य मंत्री(स्वतंत्र प्रभार) थे और मई 2014 से मई 2019 तक अल्पसंख्यक कार्य राज्य मंत्री थे.

राजनीतिक रूप से सक्रिय परिवार से आए रिजिजू अपने विद्यार्थी जीवन से ही सार्वजनिक कार्यों में दिलचस्पी लेने लगे. 31 वर्ष की आयु में वह खादी और ग्रामोद्योग आयोग, भारत सरकार के सदस्य नियुक्त (2002-04)किए गए. वह 2004 में 14वीं लोकसभा के लिए देश के बड़े निर्वाचन क्षेत्रों में से एक पश्चिम अरुणाचल प्रदेश निर्वाचन क्षेत्र से चुने गए.

संसद सदस्य के रूप में रिजिजू संसद और संसद के बाहर संसदीय कार्यों में भागीदारी के कारण अनुभवी सहयोगियों का सम्मान पाने लगे. 14वीं लोकसभा की अनेक प्रमुख समितियों में उन्होंने सेवा दी. सदन में 90 प्रतिशत उपस्थिति के रिकार्ड, प्रमुख बहसों में नियमित रूप से भागीदारी तथा राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय महत्व के प्रश्न उठाने के उनके योगदान को देखते हुए मीडिया ने उन्हें सर्वश्रेष्ठ युवा सांसद की संज्ञा दी.

देश के सबसे दूरस्थ और अविकसित क्षेत्रों में से एक में बढ़ने के बावजूद उन्होंने जीवन के अवसरों को अपनाया है और आज भारत सरकार के भीतर और जनता की नजरों में पूर्वोत्तर की आवाज के रूप में व्यापक रूप से पहचाने जाते हैं. वह राष्ट्रीय मुख्यधारा के साथ पूर्वोत्तर के अधिक एकीकरण के भावुक हिमायती रहे हैं. रिजिजू 16 मई 2014 को 16वीं लोकसभा के लिए चुने गए थे. उनके कार्य को मान्यता देते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उन्हें 26 मई, 2014 को गृह मंत्रालय में राज्य मंत्री के रूप में मंत्रिपरिषद में शामिल किया था.

लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय

  • नारायण तातू राणे ने आज सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय का कार्यभार संभाला
  • सांसद भानु प्रताप सिंह वर्मा ने भी इसी मंत्रालय में राज्य मंत्री के रूप में कार्यभार संभाला

केंद्रीय मंत्री नारायण तातू राणे ने गुरुवार को सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय का कार्यभार संभाला. राणे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री भी रह चुके हैं. उन्होंने महाराष्ट्र सरकार में उद्योग, बंदरगाह, रोजगार और स्वरोजगार के कैबिनेट मंत्री के रूप में भी काम किया है. राणे 35 से अधिक वर्षों से विभिन्न क्षमताओं में सार्वजनिक सेवारत हैं.

पांच बार के लोकसभा सांसद भानु प्रताप सिंह वर्मा ने भी इसी मंत्रालय में राज्य मंत्री के रूप में कार्यभार संभाला है. एक सांसद के रूप में भानु प्रताप अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति की कल्याण संबंधी समिति के सदस्य थे. सूक्ष्म, लघु और मध्यम (एमएसएमई) मंत्रालय के सचिव और सभी वरिष्ठ अधिकारियों ने केंद्रीय मंत्री और राज्य मंत्री का स्वागत किया.

कार्यभार संभालने के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री नारायण तातू राणे ने प्रधानमंत्री के गतिशील नेतृत्व और एमएसएमई के प्रति उनके लगाव की सराहना की. उन्होंने कहा कि एमएसएमई आर्थिक विकास, नवाचार और रोजगार के सबसे मजबूत चालकों में से एक है. इस आशाजनक क्षेत्र के सतत विकास के उच्च स्तर को सुनिश्चित करने के लिए नारायण राणे ने “पांच ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था में योगदान दोगुना करने और नौकरियों, निर्यात और समावेशी विकास से लाखों महत्वाकांक्षी लोगों के जीवन में बदलाव लाने के लिए एमएसएमई की पूरी क्षमता को उन्मुक्त करने और बाधाओं को दूर करने” के दृष्टिकोण पर काम करने की परिकल्पना की है.

राज्य मंत्री भानु प्रताप सिंह वर्मा ने कहा कि बुनियादी ढांचे का विकास, क्रेडिट एवं वित्तीय सहायता, प्रौद्योगिकी उन्नयन और कौशल विकास के साथ-साथ विभिन्न योजनाओं के माध्यम से एमएसएमई के ऊपर की ओर संशोधन जैसे हस्तक्षेपों के साथ निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं.

कार्यभार संभालने के बाद मंत्रालय के अधिकारियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि एमएसएमई क्षेत्र को सशक्त बनाने के लिए कई उपाय किए जा रहे हैं. उन्होंने एमएसएमई मंत्रालय के अधिकारियों से एमएसएमई के उत्थान की दिशा में अपने-अपने क्षेत्रों में स्थायी योगदान देने का आग्रह किया.

स्‍वास्‍थ्‍य एवं परिवार कल्‍याण मंत्रालय

  • मनसुख मंडाविया ने केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री के रूप में कार्यभार संभाला
  • डॉ. भारती प्रवीण पवार ने केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण राज्य मंत्री के रूप में कार्यभार संभाला

मनसुख मंडाविया ने केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री के रूप में गुरुवार को कार्यभार संभाला.
वही डॉ. भारती प्रवीण पवार ने केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण राज्य मंत्री के रूप में कार्यभार संभाल लिया है.

उनका स्वागत स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण, अपर सचिव और मिशन निदेशक, एनएचएम (एमओएचएफडब्ल्यू) सुश्री वंदना गुरनानी, अपर सचिव (स्वास्थ्य) डॉ मनोहर अगनानी, अपर सचिव (स्वास्थ्य) विकास शील, अपर सचिव आलोक सक्सेना, डीजीएचएस (स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय) डॉ सुनील कुमार, एफएसएसए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अरुण सिंघल और अन्य प्रमुख अधिकारियों द्वारा किया गया.

सूचना और प्रसारण मंत्रालय

  • अनुराग ठाकुर ने सूचना और प्रसारण मंत्री का कार्यभार संभाला

अनुराग ठाकुर ने आज सूचना और प्रसारण मंत्री का कार्यभार संभाल लिया इस अवसर पर मीडिया से बात करते हुये श्री ठाकुर ने कहा कि प्रधानमंत्री ने पिछले सात वर्षों के दौरान देश को आगे ले जाने का भगीरथी प्रयास किया है और सूचना और प्रसारण मंत्री होने के नाते यह मेरी जिम्मेदारी होगी कि मैं इस मिशन को आगे बढ़ाऊं. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने जो जिम्मेदारी उन्हें दी है, वे उसे पूरा करने का हर प्रयास करेंगे. उन्होंने कहा कि वे मीडिया के सहयोग के आकांक्षी हैं.

सूचना और प्रसारण सचिव अमित खरे ने मंत्री महोदय का उनके कक्ष में स्वागत किया. विभिन्न मीडिया इकाइयों और प्रसार भारती के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बातचीत करते हुये उन्होंने कहा कि वे एक टीम के रूप में सभी मीडिया प्रमुखों के साथ मिलकर काम करेंगे.

विद्युत मंत्रालय

  • राज कुमार सिंह(आर.के. सिंह) ने कैबिनेट मंत्री के रूप में विद्युत और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा का कार्यभार संभाला

अपने तीखे तेवर अपने कार्यों के लिए निर्णयों से जनता के बीच चर्चित सांसद व पूर्व मंत्री आर के सिंह ने नई जिम्मेदारी देने के लिए प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने जो भरोसा दर्शाया है हमें उस पर खरा उतरना है.

पदभार ग्रहण करने के बाद मीडिया के साथ अपनी संक्षिप्त बातचीत में उन्होंने ने कहा कि हमने निर्धारित समय से पहले ही प्रधानमंत्री द्वारा निर्धारित विद्युतीकरण के लक्ष्यों को हासिल कर लिया है और हम यह सुनिश्चित करने का प्रयास करेंगे कि विद्युत और ऊर्जा क्षेत्र का लाभ आम आदमी तक पहुंचे. इस अवसर पर कार्यालय में वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया.

PNCB