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	<title>PATNA ZOO &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
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	<title>PATNA ZOO &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
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		<title>&#8220;12 साल में आठ गुना हुई बाघों की संख्या”</title>
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		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 29 Jul 2025 18:18:58 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[CITY/OFFICE]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[Number of tigers]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA ZOO]]></category>
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		<category><![CDATA[Tigers in bihar]]></category>
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					<description><![CDATA[पटना, 29 जुलाई। अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस के अवसर पर मंगलवार को संजय गांधी जैविक उद्यान में पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, बिहार द्वारा भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम की शुरुआत में विभाग के माननीय मंत्री डॉ सुनील कुमार एवं अपर मुख्य सचिव हरजोत कौर बम्हरा सहित विभाग के अधिकारियों ने चिड़ियाघर के बाघ एन्क्लोजर का निरीक्षण किया. इसके बाद अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस पर आधारित छात्र पेंटिंग एवं क्विज प्रतियोगिता के विजेताओं को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए. पेंटिंग प्रतियोगिता के ग्रुप ए में प्रथम स्थान डीपीएस स्कूल, द्वितीय लोयोला हाई स्कूल,एवं तृतीय स्थान संत माइकल हाई स्कूल को मिला. ग्रुप बी में डीपीएस स्कूल ने प्रथम स्थान , द्वितीय स्थान लोयोला हाई स्कूल, तृतीय स्थान रेडियंट इंटरनेशनल स्कूल को प्राप्त हुआ. इसके अलावा ग्रुप सी एवं डी के साथ क्विज प्रतियोगिता के विजेताओं को भी पुरस्कृत किया गया. इस अवसर पर सांप दिवस के विजेताओं को भी पुरस्कार दिया गया. बता दें कि बीते एक सप्ताह से पेंटिंग एवं क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा था जिसमें 15 स्कूल के लगभग 900 बच्चों ने भाग लिया था. कार्यक्रम में अभय कुमार, निदेशक पारिस्थितिकी एवं पर्यावरण ने वन संरक्षण पर अपने विचार रखे. उन्होंने कहा कि कैसे हमारी छोटी छोटी पहल बड़ा बदलाव ला सकती है. मंत्री ने भी संबोधित करते हुए बाघ संरक्षण, उनकी महत्ता एवं उनके संरक्षण कार्यों में सक्रिय योगदान के लिए प्रेरित किया. उन्होंने कहा कि जल्द ही हमें कैमूर में एक और टाइगर रिजर्व मिलने वाला है. इसे लेकर भारत सरकार को [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<ul class="wp-block-list">
<li><strong>कैमूर में बनेगा दूसरा टाइगर रिजर्व</strong></li>



<li><strong>जू के 50 वर्षों के इतिहास में 32 बाघों ने लिया जन्म</strong></li>
</ul>



<p>पटना, 29 जुलाई। अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस के अवसर पर मंगलवार को संजय गांधी जैविक उद्यान में पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, बिहार द्वारा भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया. </p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img fetchpriority="high" decoding="async" width="1024" height="681" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-sunil-kumar-forest-minister-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-91311" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-sunil-kumar-forest-minister-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-sunil-kumar-forest-minister-650x432.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-sunil-kumar-forest-minister-1536x1021.jpg 1536w" sizes="(max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>कार्यक्रम की शुरुआत में विभाग के माननीय मंत्री डॉ सुनील कुमार एवं अपर मुख्य सचिव हरजोत कौर बम्हरा सहित विभाग के अधिकारियों ने चिड़ियाघर के बाघ एन्क्लोजर का निरीक्षण किया. इसके बाद अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस पर आधारित छात्र पेंटिंग एवं क्विज प्रतियोगिता के विजेताओं को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए. पेंटिंग प्रतियोगिता के ग्रुप ए में प्रथम स्थान डीपीएस स्कूल, द्वितीय लोयोला हाई स्कूल,एवं तृतीय स्थान संत माइकल हाई स्कूल को मिला.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img decoding="async" width="1024" height="681" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/07/FB_IMG_1753798290966-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-91309" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/07/FB_IMG_1753798290966-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/07/FB_IMG_1753798290966-650x432.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2025/07/FB_IMG_1753798290966-1536x1021.jpg 1536w" sizes="(max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>ग्रुप बी में डीपीएस स्कूल ने प्रथम स्थान , द्वितीय स्थान लोयोला हाई स्कूल, तृतीय स्थान रेडियंट इंटरनेशनल स्कूल को प्राप्त हुआ. इसके अलावा ग्रुप सी एवं डी के साथ क्विज प्रतियोगिता के विजेताओं को भी पुरस्कृत किया गया. इस अवसर पर सांप दिवस के विजेताओं को भी पुरस्कार दिया गया. बता दें कि बीते एक सप्ताह से पेंटिंग एवं क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा था जिसमें 15 स्कूल के लगभग 900 बच्चों ने भाग लिया था.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img decoding="async" width="1024" height="681" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-ias-Harjot-kaur-bamhara-in-zoo-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-91310" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-ias-Harjot-kaur-bamhara-in-zoo-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-ias-Harjot-kaur-bamhara-in-zoo-650x432.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-ias-Harjot-kaur-bamhara-in-zoo-1536x1021.jpg 1536w" sizes="(max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>कार्यक्रम में अभय कुमार, निदेशक पारिस्थितिकी एवं पर्यावरण ने वन संरक्षण पर अपने विचार रखे. उन्होंने कहा कि कैसे हमारी छोटी छोटी पहल बड़ा बदलाव ला सकती है. मंत्री ने भी संबोधित करते हुए बाघ संरक्षण, उनकी महत्ता एवं उनके संरक्षण कार्यों में सक्रिय योगदान के लिए प्रेरित किया. उन्होंने कहा कि जल्द ही हमें कैमूर में एक और टाइगर रिजर्व मिलने वाला है. इसे लेकर भारत सरकार को प्रस्ताव भेजा जा चुका है. पिछले 12 वर्षों में बिहार में बाघों की संख्या में आठ गुना बढ़ोतरी हुई है जो ये दर्शाता है कि बिहार बाघों के प्रजनन के लिए उत्कृष्ट स्थल है. </p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="681" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-bagh-diwas-tiger-day-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-91312" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-bagh-diwas-tiger-day-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-bagh-diwas-tiger-day-650x432.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2025/07/pnc-bagh-diwas-tiger-day-1536x1021.jpg 1536w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>संजय गांधी जैविक उद्यान में पिछले साल 50 वर्षों में 32 बाघों ने जन्म लिया. विभाग की अपर मुख्य सचिव हरजोत कौर बम्हरा ने भी बाघों के संरक्षण को लेकर महत्वपूर्ण दिशा निर्देश दिये और कहा की हमें यह पूरी कोशिश करनी चाहिए की हम बाघों के जंगल पर अतिक्रमण नहीं करे. साथ ही बाघों को जंगल के राजा के रूप में रहने दें. कार्यक्रम के अंत में पटना जू के निदेशक हेमंत पाटिल ने धन्यवाद ज्ञापन किया.</p>



<p>इस कार्यक्रम में अपर मुख्य सचिव हरजोत कौर बम्हरा के साथ पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के प्रधान मुख्‍य वन संरक्षक (हॉफ)प्रभात कुमार गुप्ता; प्रधान मुख्‍य वन संरक्षक (विकास), अरविन्दर सिंह, पारिस्थितिकी एवं पर्यावरण, अभय कुमार, मुख्‍य वन संरक्षक, प्रशासन एवं मानव संसाधन विकास सुरेन्‍द्र सिंह, एवं पटना जू के निदेशक हेमंत पाटील सहित विभाग के अन्‍य पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>51 साल का हुआ पटना जू</title>
		<link>https://www.patnanow.com/patna-zoo-51-years/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 22 Jun 2024 13:36:47 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[CITY/OFFICE]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA ZOO]]></category>
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					<description><![CDATA[पटना।। पटना जू ने अपनी स्थापना के 51 साल पूरे कर लिए हैं. आज संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना का 51वाँ स्थापना दिवस बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया. इसी के साथ पिछले एक वर्ष से जू में मनाये जा रहे &#8220;50 years celebration programme&#8221; का समापन भी किया गया. जिसमें जू-एम्बेसडर्स के साथ-साथ उद्यान के कर्मियों की काफी अहम भूमिका रही. इस अवसर पर पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के मंत्री डॉ प्रेम कुमार ने पटना जू के पोस्टमॉर्टेम कक्ष का विधिवत् उद्घाटन किया. स्थापना दिवस समारोह के अवसर पर मंत्री एवं पदाधिकारियों द्वारा केक काटा गया. मंत्री तथा पदाधिकारियों को प्रतीक चिन्ह देकर 3डी हॉल में स्वागत किया गया. साथ ही नेचर एजूकेशन कैम्प (12-15 जून, 2024) में भाग लेने वाले प्रतिभागियों को मंत्री ने पुरस्कृत किया. उद्यान के कर्मी एवं जू-वालंटियर्स को उनके उल्लेखनीय कार्यों के लिए मंत्री ने सम्मानित भी किया. 51वीं स्थापना दिवस समारोह पर विभिन्न स्कूलों / संस्थाओं से आए लगभग 110 बच्चों के बीच पर्यावरण से संबंधित क्विज प्रतियोगिता एवं पॉट पेंटिंग प्रतियोगिता भी करायी गयी. अंत में सभी बच्चों एवं कर्मियों के साथ मंत्री का ग्रुप फोटो सेशन किया गया. इस अवसर पर प्रभात कुमार गुप्ता, प्रधान मुख्य वन संरक्षक-सह-मुख्य वन्यप्राणी प्रतिपालक, बिहार/ अभय कुमार, निदेशक, पारिस्थितिकी एवं पर्यावरण, बिहार / सत्यजीत कुमार, निदेशक / शशिभूषण प्रसाद, उप निदेशक / आनन्द कुमार, वनों के क्षेत्र पदाधिकारी, जन्तु प्रक्षेत्र/ अरविन्द कुमार वर्मा, वनों के क्षेत्र पदाधिकारी, वनस्पति प्रक्षेत्र / मो आरिफ, बायोलॉजिस्ट, संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना के साथ-साथ जू-कर्मी एवं [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p>पटना।। पटना जू ने अपनी स्थापना के 51 साल पूरे कर लिए हैं. आज संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना का 51वाँ स्थापना दिवस बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया. इसी के साथ पिछले एक वर्ष से जू में मनाये जा रहे &#8220;50 years celebration programme&#8221; का समापन भी किया गया. </p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="732" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-Patna-zoo-51-years-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-85056" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-Patna-zoo-51-years-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-Patna-zoo-51-years-650x465.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-Patna-zoo-51-years-1536x1098.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-Patna-zoo-51-years-2048x1464.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>जिसमें जू-एम्बेसडर्स के साथ-साथ उद्यान के कर्मियों की काफी अहम भूमिका रही. इस अवसर पर पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के मंत्री डॉ प्रेम कुमार ने  पटना जू के पोस्टमॉर्टेम कक्ष का विधिवत् उद्घाटन किया.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="628" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-mantri-prem-kumar-in-zoo-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-85058" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-mantri-prem-kumar-in-zoo-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-mantri-prem-kumar-in-zoo-650x399.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-mantri-prem-kumar-in-zoo-1536x942.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-mantri-prem-kumar-in-zoo-2048x1256.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>स्थापना दिवस समारोह के अवसर पर मंत्री एवं पदाधिकारियों द्वारा केक काटा गया. मंत्री तथा पदाधिकारियों को प्रतीक चिन्ह देकर 3डी हॉल में स्वागत किया गया. साथ ही नेचर एजूकेशन कैम्प (12-15 जून, 2024) में भाग लेने वाले प्रतिभागियों को मंत्री ने पुरस्कृत किया. उद्यान के कर्मी एवं जू-वालंटियर्स को उनके उल्लेखनीय कार्यों के लिए  मंत्री ने सम्मानित भी किया.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="583" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/06/pnc-patna-zoo-sthapana-divas-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-85057" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/06/pnc-patna-zoo-sthapana-divas-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/pnc-patna-zoo-sthapana-divas-650x370.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/pnc-patna-zoo-sthapana-divas-1536x874.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/pnc-patna-zoo-sthapana-divas-2048x1166.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>51वीं स्थापना दिवस समारोह पर विभिन्न स्कूलों / संस्थाओं से आए लगभग 110 बच्चों के बीच पर्यावरण से संबंधित क्विज प्रतियोगिता एवं पॉट पेंटिंग प्रतियोगिता भी करायी गयी. अंत में सभी बच्चों एवं कर्मियों के साथ मंत्री का ग्रुप फोटो सेशन किया गया.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="593" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-zoo-postmortem-room-udghatan-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-85055" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-zoo-postmortem-room-udghatan-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-zoo-postmortem-room-udghatan-650x376.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-zoo-postmortem-room-udghatan-1536x890.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-zoo-postmortem-room-udghatan-2048x1186.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>इस अवसर पर प्रभात कुमार गुप्ता, प्रधान मुख्य वन संरक्षक-सह-मुख्य वन्यप्राणी प्रतिपालक, बिहार/ अभय कुमार, निदेशक, पारिस्थितिकी एवं पर्यावरण, बिहार / सत्यजीत कुमार, निदेशक /  शशिभूषण प्रसाद, उप निदेशक / आनन्द कुमार, वनों के क्षेत्र पदाधिकारी, जन्तु प्रक्षेत्र/ अरविन्द कुमार वर्मा, वनों के क्षेत्र पदाधिकारी, वनस्पति प्रक्षेत्र / मो आरिफ, बायोलॉजिस्ट, संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना के साथ-साथ जू-कर्मी एवं जू-एम्बेसडर्स इत्यादि भी मौजूद थे.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>टाइगर डे पर चारों शावकों को मिला नाम, मुख्यमंत्री ने किया है नामकरण</title>
		<link>https://www.patnanow.com/tiger-day-function/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 29 Jul 2022 15:43:07 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[एंटरटेनमेंट]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA ZOO]]></category>
		<category><![CDATA[Tiger day]]></category>
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					<description><![CDATA[विश्व में बाघों की घटती संख्या को देखते हुए इनके संरक्षण तथा इनके प्रति आमजनों में जागरूकता पैदा करने के उद्देश्य से प्रत्येक वर्ष 29 जुलाई को अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर &#8216;टाइगर डे&#8217; मनाया जाता है. संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना में भी प्रत्येक वर्ष अन्तर्राष्ट्रीय व्याघ्र दिवस मनाया जाता रहा है, परन्तु इस वर्ष का आयोजन विशेष रूप से महत्वपूर्ण था, क्योंकि इस आयोजन में पटना जू में जन्मे (दिनांक 25-05-2022 ) बाघ के कुल चार शावकों (दो सामान्य रंग के तथा दो सफेद रंग के) का लोकार्पण तथा नामकरण प्रस्तावित था. इन चारों शावकों के माता-पिता संगीता एवं नकुल&#8217; हैं. बाघ शावकों के नामों का चयन माननीय मुख्यमंत्री, बिहार नीतीश कुमार के द्वारा किया गया जिसकी घोषणा नीरज कुमार सिंह, माननीय मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, बिहार द्वारा की गई। नर शावक (सामान्य) का नाम &#8216;विक्रम&#8217; तथा मादा शावक (सामान्य) का नाम &#8216;रानी&#8217; रखा गया. दो नर शावकों (सफेद) का नाम क्रमशः &#8216;मगध&#8217; और &#8216;केसरी&#8217; रखा गया. इन चारों शावकों को मिलाकर वर्तमान में संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना में अब कुल 09 बाघ हो गए हैं. पटना जू में बाघों का इतिहास वर्ष 1975 से शुरू हुआ जब दिल्ली चिड़ियाघर ने &#8216;मोती&#8217; नामक एक नर बाघ दिया तथा असम सरकार ने वर्ष 1980 में जंगली मूल की दो मादा बाघिन दी जिनसे वर्ष 1983 में प्रजनन प्रारंभ हुआ. यह उद्यान, गैंडा के साथ-साथ बाघ तथा जिराफ के लिए भी प्रसिद्ध है। यहाँ इन वन्यप्राणियों का प्रजनन सफलतापूर्वक हो रहा है. इस अवसर पर नीरज कुमार सिंह, [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="430" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-tiger-day-at-patna-zoo.jpg" alt="" class="wp-image-64945" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-tiger-day-at-patna-zoo.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-tiger-day-at-patna-zoo-350x232.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>विश्व में बाघों की घटती संख्या को देखते हुए इनके संरक्षण तथा इनके प्रति आमजनों में जागरूकता पैदा करने के उद्देश्य से प्रत्येक वर्ष 29 जुलाई को अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर &#8216;टाइगर डे&#8217; मनाया जाता है. संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना में भी प्रत्येक वर्ष अन्तर्राष्ट्रीय व्याघ्र दिवस मनाया जाता रहा है, परन्तु इस वर्ष का आयोजन विशेष रूप से महत्वपूर्ण था, क्योंकि इस आयोजन में पटना जू में जन्मे (दिनांक 25-05-2022 ) बाघ के कुल चार शावकों (दो सामान्य रंग के तथा दो सफेद रंग के) का लोकार्पण तथा नामकरण प्रस्तावित था. इन चारों शावकों के माता-पिता संगीता एवं नकुल&#8217; हैं.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="615" height="600" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-new-tiger-cubs-at-Patna-zoo.jpg" alt="" class="wp-image-64944" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-new-tiger-cubs-at-Patna-zoo.jpg 615w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-new-tiger-cubs-at-Patna-zoo-350x341.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 615px) 100vw, 615px" /></figure>



<p>बाघ शावकों के नामों का चयन माननीय मुख्यमंत्री, बिहार  नीतीश कुमार के द्वारा किया गया जिसकी घोषणा नीरज कुमार सिंह, माननीय मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, बिहार द्वारा की गई। नर शावक (सामान्य) का नाम &#8216;विक्रम&#8217; तथा मादा शावक (सामान्य) का नाम &#8216;रानी&#8217; रखा गया. दो नर शावकों (सफेद) का नाम क्रमशः &#8216;मगध&#8217; और &#8216;केसरी&#8217; रखा गया. इन चारों शावकों को मिलाकर वर्तमान में संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना में अब कुल 09 बाघ हो गए हैं.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="423" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-patna-zoo-tiger-cubs-naming.jpg" alt="" class="wp-image-64947" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-patna-zoo-tiger-cubs-naming.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-patna-zoo-tiger-cubs-naming-350x228.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>पटना जू में बाघों का इतिहास वर्ष 1975 से शुरू हुआ जब दिल्ली चिड़ियाघर ने &#8216;मोती&#8217; नामक एक नर बाघ दिया तथा असम सरकार ने वर्ष 1980 में जंगली मूल की दो मादा बाघिन दी जिनसे वर्ष 1983 में प्रजनन प्रारंभ हुआ. यह उद्यान, गैंडा के साथ-साथ बाघ तथा जिराफ के लिए भी प्रसिद्ध है। यहाँ इन वन्यप्राणियों का प्रजनन सफलतापूर्वक हो रहा है.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="366" src="https://www.patnanow.com/assets/2020/05/pnc-tiger-650x366.jpg" alt="" class="wp-image-45560" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2020/05/pnc-tiger-650x366.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2020/05/pnc-tiger-350x197.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2020/05/pnc-tiger-768x432.jpg 768w, https://www.patnanow.com/assets/2020/05/pnc-tiger.jpg 770w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>इस अवसर पर  नीरज कुमार सिंह, मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परविर्तन विभाग, बिहार /  अरविन्द कुमार चौधरी, भा०प्र०से०, प्रधान सचिव, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, बिहार /  आशुतोष, भा०व०से०, प्रधान मुख्य वन संरक्षक (HoFF), बिहार /  सी०पी० खंडूजा, भा०व०से०, प्रधान मुख्य वन संरक्षक (विकास), बिहार/ एन० जवाहर बाबू भा०व०से०, प्रधान मुख्य वन संरक्षक, पर्यावरण, जलवायु परिवर्तन एवं आर्द्र भूमि, बिहार / सुरेन्द्र सिंह, भा०व०से०, निदेशक, पारिस्थितिकी एवं पर्यावरण, पटना / श्री सत्यजीत कुमार, भा०व०से०, निदेशक, संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना तथा शशिकांत कुमार, भा०व०से०, वन प्रमंडल पदाधिकारी, पार्क प्रमंडल, पटना के द्वारा उद्यान का भ्रमण किया गया तथा इस वर्ष जिराफ के जन्मे दो बच्चों (अमन एवं हिमानी / लाडो) का भी अवलोकन किया गया। इस अवसर पर स्थल चित्रकारी प्रतियोगिता का आयोजन &#8216;व्याघ्र एवं व्याघ्र संरक्षण विषय पर किया गया.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>पटना में शुरू हुआ देश का पहला क्लाइमेट चेंज लर्निंग लैब</title>
		<link>https://www.patnanow.com/climate-change-learning-lab-udghatan/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 17 Jul 2022 17:38:14 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[एजुकेशन]]></category>
		<category><![CDATA[देश दुनिया]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[bspcb]]></category>
		<category><![CDATA[Climate change learning lab]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA ZOO]]></category>
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					<description><![CDATA[देशभर में जलवायु परिवर्तन पर हो रहे प्रयासों में बिहार ने एकबार फिर सबसे आगे बढ़कर पहला क्लाइमेट चेंज लर्निंग लैब स्थापित किया है. पटना के संजय गांधी जैविक उद्यान में देश के ऐसे पहले लैब का उद्घाटन पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री नीरज कुमार सिंह ने किया. जलवायु परिवर्तन पर सन् 2015 में हुए परिस समझौता परियोजना के कार्यान्वयन के सहत देश के 4 राज्यों हरियाणा, गुजरात, केरल एवं बिहार में जलवायु परिवर्तन अध्ययन प्रयोगशाला (Climate Change [Learning Lab) की स्थापना की जानी थी. पटना के संजय गांधी जैविक उद्यान परिसर के गेट संख्या 2 के समीप स्थित Z00 EDUCATIONAL HALL&#8221; में यूरोपियन यूनियन एवं जर्मनी की एक संस्था 617 द्वारा देश का पहला जलवायु परिवर्तन के संबंध में सीखने की प्रयोगशाला (Climate Change Learning (Laboratory) स्थापित की गई है, जिसका उ‌द्घाटन मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन, बिहार नीरज कुमार सिंह द्वारा किया गया. यह प्रयोगशाला जलवायु परिवर्तन के विभिन्न पहलुओं पर दृश्य-श्रव्य (Audio Visual) मीडिया के साथ आम जनता को विशेष कर स्कूली बच्चों को आकर्षित करेगा तथा जागरूक करेगा यह सुविधा बिहार में पहली बार स्थापित किया गया है. उ‌द्घाटन समारोह को सम्बोधित करते हुए मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन, बिहार नीरज कुमार सिंह ने कहा कि जलवायु में परिवर्तन होना न सिर्फ बिहार के लिए बल्कि पूरे विश्व के लिए चिन्ता का विषय है बिहार एक गरीब राज्य जरूर है पर यह एक जागरूक राज्य है. जलवायु परिवर्तन की आहट सुनते ही राज्य में जल-जीवन-हरियाली कार्यक्रम का प्रारंभ होना इसका बेहतर उदाहरण है. [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p>देशभर में जलवायु परिवर्तन पर हो रहे प्रयासों में बिहार ने एकबार फिर सबसे आगे बढ़कर पहला क्लाइमेट चेंज लर्निंग लैब स्थापित किया है. पटना के संजय गांधी जैविक उद्यान में देश के ऐसे पहले लैब का उद्घाटन पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री नीरज कुमार सिंह ने किया.</p>



<p>जलवायु परिवर्तन पर सन् 2015 में हुए परिस समझौता परियोजना के कार्यान्वयन के सहत देश के 4 राज्यों हरियाणा, गुजरात, केरल एवं बिहार में जलवायु परिवर्तन अध्ययन प्रयोगशाला (Climate Change [Learning Lab) की स्थापना की जानी थी. पटना के संजय गांधी जैविक उद्यान परिसर के गेट संख्या 2 के समीप स्थित Z00 EDUCATIONAL HALL&#8221; में यूरोपियन यूनियन एवं जर्मनी की एक संस्था 617 द्वारा देश का पहला जलवायु परिवर्तन के संबंध में सीखने की प्रयोगशाला (Climate Change Learning (Laboratory) स्थापित की गई है, जिसका उ‌द्घाटन मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन, बिहार  नीरज कुमार सिंह द्वारा किया गया.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="426" height="600" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-inauguration-of-climate-change-learning-lab.jpg" alt="" class="wp-image-64539" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-inauguration-of-climate-change-learning-lab.jpg 426w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-inauguration-of-climate-change-learning-lab-249x350.jpg 249w" sizes="auto, (max-width: 426px) 100vw, 426px" /></figure>



<p>यह प्रयोगशाला जलवायु परिवर्तन के विभिन्न पहलुओं पर दृश्य-श्रव्य (Audio Visual) मीडिया के साथ आम जनता को विशेष कर स्कूली बच्चों को आकर्षित करेगा तथा जागरूक करेगा यह सुविधा बिहार में पहली बार स्थापित किया गया है.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="488" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-mantri-neeraj-kumar-singh.jpg" alt="" class="wp-image-64542" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-mantri-neeraj-kumar-singh.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-mantri-neeraj-kumar-singh-350x263.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>उ‌द्घाटन समारोह को सम्बोधित करते हुए मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन, बिहार नीरज कुमार सिंह ने कहा कि जलवायु में परिवर्तन होना न सिर्फ बिहार के लिए बल्कि पूरे विश्व के लिए चिन्ता का विषय है बिहार एक गरीब राज्य जरूर है पर यह एक जागरूक राज्य है. जलवायु परिवर्तन की आहट सुनते ही राज्य में जल-जीवन-हरियाली कार्यक्रम का प्रारंभ होना इसका बेहतर उदाहरण है. उन्होंने इस सुविधा की स्थापना का वर्णन करते हुए बताया कि इसमें कई कठिनाइयां आई पर अंततः यह स्थापित हुआ. इसके लिए उन्होने यूरोपियन यूनियन, जर्मनी सरकार जर्मनी की संस्था जी.आई.जेड को कोटिश धन्यवाद दिया. उन्होंने बताया कि जलवायु परिवर्तन के बारे में हमे जानना क्यों जरूरी है? इसके क्या दुस्प्रभाव है? इससे कैसे बचा जा सकता है? यह सब हम यहा सौख सकते हैं हम यह जान सकते हैं कि हम कहां दोषी है, हमें कहां सुधारना है इस अपनी आदतों में परिवर्तन लाकर व्यक्तिगत स्तर पर इसके दुष्प्रभावों को कम करने का प्रयास कर सकते हैं। इस अवसर पर डॉ. अशोक कुमार घोष, अध्यक्ष, बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद् अपने संबोधन में कड़ा कि देश के अन्य राज्यों की तुलना में बिहार जलवायु परिवर्तन से ज्यादा ही प्रभावित राज्य है. जलवायु परिवर्तन की समस्या से निपटने हेतु जन-जन को सहयोग की जरूरत है. बिहान एक कृषि आधारित राज्य है. ऐसे में जलवायु परिवर्तन के कारण अतिवृष्टि अनावृष्टि से राज्य की अर्थव्यवस्था पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। इस बारे में जागरूकता प्रभावी होगी.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="403" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-climate-change-learning-lab-opening.jpg" alt="" class="wp-image-64541" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-climate-change-learning-lab-opening.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-climate-change-learning-lab-opening-350x217.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>उद्घाटन समारोह को सम्बोधित करते हुए प्रधान सचिव, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, बिहार सरकार  अरविन्द कुमार चौधरी, म.प्र. में राज्य में देश के पहले जलवायु परिवर्तन के संबंध में सीखने की प्रयोगशाला की स्थापन पर हर्ष व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि हमारा प्रयास है कि सन् 2040 तक राज्य में शून्य कार्बन उत्सर्जन के लक्ष्य को प्राप्त कर लिया जाए. उन्होंने बताया कि जल निकाय कार्बन को सोखने का बेहतर विकल्प है। जलवायु परिवर्तन का विषय अय अखबारों में पढ़ने तक सीमित नहीं रहा, अब लोग इसे महसूस भी कर रहे हैं. लंबे समय तक वर्षा का न होना और अचानक महीनों की वर्षा के बराबर वर्षापात हो जाए यही तो है जलवायु परिवर्तन का दुष्प्रभाव! इस सुविधा के बेहतर उपयोग से प्रभावी रूप से जागृति लाई जा सकेगी.</p>



<p>जी.आई.जेड (भारत) के वरीय सलाहकार  जय कुमार गौरव ने बताया कि जलवायु परिवर्तन पर सन् 2015 में हुए पेरिस समझौता परियोजना के तहत बिहार में देश का पहला जलवायु परिवर्तन लर्निंग लैब की स्थापना की गई है. उन्होंने कहा कि राज्य के लोग इससे सीख प्राप्त कर जलवायु परिवर्तन की चुनीतियों से निपटने हेतु व्यक्तिगत स्तर पारिवारिक स्तर तथा सामाजिक स्तर पर पहल कर पायेंगे. उन्होंने बताया कि राज्य में यूरोपियन यूनियन के सहयोग से अपशिष्ट प्रबंधन पर भी कार्य किया जाना प्रस्तावित है.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="450" height="600" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-dr-ashok-ghosh-chairman-bspcb.jpg" alt="" class="wp-image-64540" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-dr-ashok-ghosh-chairman-bspcb.jpg 450w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-dr-ashok-ghosh-chairman-bspcb-263x350.jpg 263w" sizes="auto, (max-width: 450px) 100vw, 450px" /></figure>



<p>उद्घाटन कार्यक्रम में ऑनलाईन जुड़े भारत में यूरोपियन यूनियन संघ के प्रतिनिधि मंडल के प्रथम कांउसलर  एडविन कोएक्कोएक ने अपने संबोधन में बिहार में जलवायु परिवर्तन के संबंध में सीखने की प्रयोगशाला की स्थापना पर हर्ष व्यक्त किया. इस कार्यक्रम में विडियो संवाद से जुड़े भारत में यूरोपियन यूनियन के राजदूत महामहिम यूगो एस्टुटो ने बताया कि यूरोपियन यूनियन 27 सदस्य राष्ट्रों के सहयोग से कार्बन उत्सर्जन में कटौती पर कार्यरत है.</p>



<p>उद्घाटन कार्यक्रम में ऑनलाईन जुडी पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, भारत सरकार की उप-सचिव  रूचिका दाल ने बताया किया जलवायु परिवर्तन एक वैश्विक के साथ राष्ट्रीय चुनौती है. उन्होंने आशा व्यक्त किया कि राज्य के •जागरूक नागरिक, छात्र-छात्राएं इस सीखने की प्रयोगशाला से जलवायु परिवर्तन की गूढ बातों को समझकर अपने स्तर से अनुकूलन हेतु उचित प्रयास करेंगे.</p>



<p>उद्घाटन समारोह में जुओलाजिकल सर्वे ऑफ इंडिया के क्षेत्रीय निदेशक विहार, डॉ. गोपाल शर्मा, निदेशक पारिस्थितिकी, बिहार सुरेन्द्र सिंह मुख्य वन्य प्राणी प्रतिपालक, बिहार  पी.के.गुप्ता निर्देशक संजय गांधी जैविक उद्यान पटना  सत्यजीत आईजेड (भारत) के सलाहकार एवं राज्य समन्वयक  उत्तम कुमार के अतिरिक्त बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद के वरीय अधिकारीगण उपस्थित थे.</p>



<p>उद्घाटन समारोह में उपस्थित गणमान्य अतिथियों का स्वागत तथा समारोह के समापन पर सभी का धन्यवाद ज्ञापन बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद् के सदस्य सचिव एस. चन्द्रशेखर. भा.व.से. द्वारा किया गया.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>क्लाइमेट चेंज के दुष्परिणाम के बारे में अब पटना में मिलेगी जानकारी</title>
		<link>https://www.patnanow.com/climate-change-learning-lab-opening/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 17 Jul 2022 04:03:26 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[देश दुनिया]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[Climate change]]></category>
		<category><![CDATA[Learning lab]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA ZOO]]></category>
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					<description><![CDATA[मॉनसून सीजन में भी बिहार के 36 जिलों में सूखे जैसी स्थिति है वही राजस्थान और मध्य पदेश समेत कई राज्य ऐसे हैं जो अतिवृष्टि झेल रहे हैं. ये दुष्परिणाम है जलवायु परिवर्तन का. जलवायु परिवर्तन की वजह और इसके उपाय को जानने की कोशिश लंबे समय से चल रही है वर्ष 2015 में हुए जलवायु परिवर्तन पर पेरिस समझौते के तहत देश के 4 राज्यों में क्लाइमेट चेंज लर्निंग लैब की स्थापना होनी है. आज पटना स्थित संजय गांधी जैविक उद्यान अर्थात पटना जू में ऐसे ही एक क्लाइमेट चेंज लैब की शुरुआत हो रही है जिसका उद्घाटन वन पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री नीरज कुमार सिंह करेंगे. बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मीडिया सलाहकार वीरेंद्र कुमार ने बताया कि संजय गांधी जैविक उद्यान परिसर के गेट संख्या 2 के समीप स्थित &#8220;ZOO EDUCATIONAL HALL&#8221; में यूरोपियन यूनियन एवं जर्मनी की एक संस्था GIZ द्वारा इस जलवायु परिवर्तन के संबंध में सीखने की प्रयोगशाला (Climate Change Learning Laboratory) स्थापित की गई है, जिसका उद्घाटन आज शाम 5:00 बजे मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन, बिहार नीरज कुमार सिंह करेंगे. वीरेंद्र कुमार ने बताया कि यह जलवायु परिवर्तन अध्ययन प्रयोगशाला जलवायु परिवर्तन के विभिन्न पहलुओं पर दृश्य-श्रव्य (Audio Visual) मीडिया के साथ आम जनता को विशेष कर स्कूली बच्चों को आकर्षित करेगा तथा जागरूक करेगा. यह सुविधा बिहार में पहली बार स्थापित की गई है. यहां बिहार से सम्बन्धित जलवायु परिवर्तन की विशेष जानकारी जैसे इसका प्रभाव, सरकार द्वारा इसका सामना करने हेतु की जा रही कार्रवाई, भविष्य में [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="366" src="https://www.patnanow.com/assets/2017/05/pnc-patna-zoo-gate-2-650x366.jpg" alt="" class="wp-image-18444" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/05/pnc-patna-zoo-gate-2.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/05/pnc-patna-zoo-gate-2-350x197.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>मॉनसून सीजन में भी बिहार के 36 जिलों में सूखे जैसी स्थिति है वही राजस्थान और मध्य पदेश समेत कई राज्य ऐसे हैं जो अतिवृष्टि झेल रहे हैं. ये दुष्परिणाम है जलवायु परिवर्तन का. जलवायु परिवर्तन की वजह और इसके उपाय को जानने की कोशिश लंबे समय से चल रही है वर्ष 2015 में हुए जलवायु परिवर्तन पर पेरिस समझौते के तहत देश के 4 राज्यों में <strong>क्लाइमेट चेंज लर्निंग लैब</strong> की स्थापना होनी है. आज पटना स्थित संजय गांधी जैविक उद्यान अर्थात पटना जू में ऐसे ही एक क्लाइमेट चेंज लैब की शुरुआत हो रही है जिसका उद्घाटन वन पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री नीरज कुमार सिंह करेंगे.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="510" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-patna-zoo-climate-change-learning-lab.jpg" alt="" class="wp-image-64507" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-patna-zoo-climate-change-learning-lab.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/pnc-patna-zoo-climate-change-learning-lab-350x275.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /><figcaption>Patna Zoo Learning Lab</figcaption></figure>



<p>बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मीडिया सलाहकार वीरेंद्र कुमार ने बताया कि संजय गांधी जैविक उद्यान परिसर के गेट संख्या 2 के समीप स्थित &#8220;ZOO EDUCATIONAL HALL&#8221; में यूरोपियन यूनियन एवं जर्मनी की एक संस्था GIZ द्वारा इस जलवायु परिवर्तन के संबंध में सीखने की प्रयोगशाला (Climate Change Learning Laboratory) स्थापित की गई है, जिसका उद्घाटन आज शाम 5:00 बजे मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन, बिहार नीरज कुमार सिंह करेंगे.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="488" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/04/pollution.png" alt="" class="wp-image-61253" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/04/pollution.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/04/pollution-350x263.png 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>वीरेंद्र कुमार ने बताया कि यह जलवायु परिवर्तन अध्ययन प्रयोगशाला जलवायु परिवर्तन के विभिन्न पहलुओं पर दृश्य-श्रव्य (Audio Visual) मीडिया के साथ आम जनता को विशेष कर स्कूली बच्चों को आकर्षित करेगा तथा जागरूक करेगा. यह सुविधा बिहार में पहली बार स्थापित की गई है. यहां बिहार से सम्बन्धित जलवायु परिवर्तन की विशेष जानकारी जैसे इसका प्रभाव, सरकार द्वारा इसका सामना करने हेतु की जा रही कार्रवाई, भविष्य में यह हमें किस प्रकार अधिक प्रभावित करेगा आदि की जानकारी आँकड़ों के साथ आधुनिक उपकरणों यथा इन्टरएक्टिव मीडिया (Intractive Media) एवं पोस्टर आदि के साथ प्रदर्शित है. विभिन्न मानवीय क्रियाओं व प्रांकृतिक कारणों से विश्व के तमाम देशों में जलवायु परिवर्तन का दुष्प्रभाव स्पष्ट रूप से दिख रहा है. कही अतिवृष्टि जनित बाढ़ तो कहीं अनावृष्टि जनित सूखा, भीषण गर्मी से प्रभावित जन-जीवन तथा इन सब कारणों से मौसम में परिवर्तन के कारण फसलों की उत्पादकता में कमी देखी जा सकती है.</p>



<p><strong>क्या हैं क्लाइमेट चेंज के प्रभाव </strong></p>



<p>जलवायु परिवर्तन के प्रभावों में लू (Heatwaves). अत्याधिक वर्षा तीव्र बिजली गिरना, चक्रवात, समुद्र के स्तर में वृद्धि आदि आते हैं जलवायु परिवर्तन के अप्रत्यक्ष प्रभावों में संरचनाओं की हानि एवं क्षति आदि है. मानव जनित क्रियाओं व प्राकृतिक कारणों से वैश्विक तापमान वृद्धि भी जलवायु परिवर्तन का एक प्रमुख कारण है. वैश्विक तापमान वृद्धि (Global warming) के लिए जिम्मेवार प्रमुख ग्रीनहाउस गैसे है:- कार्बन डाइऑक्साइड (CO2), मिथेन (CH4), नाइट्रस ऑक्साइड (N2O). हाइड्रोकार्बन और परफ्ल्यूरोकार्बन सल्फर डेक्साफ्लोराइड (SF).</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="467" src="https://www.patnanow.com/assets/2021/07/pnc-dariyapur-rail-factory-pollution.jpg" alt="" class="wp-image-54107" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2021/07/pnc-dariyapur-rail-factory-pollution.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2021/07/pnc-dariyapur-rail-factory-pollution-350x251.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>वैश्विक तापमान में वृद्धि को कम करके जलवायु परिवर्त्तन के कुप्रभावों को सीमित किया जा सकता है.</p>



<p><strong>जलवायु परिवर्तन पर अंतर्राष्ट्रीय प्रयास</strong></p>



<p>सन् 1988 में &#8220;जलवायु परिवर्त्तन पर अंतर-सरकारी पैनल (Inter Governmental Panel on Climate Change) की स्थापना के बाद सन् 1992 में पृथ्वी शिखर सम्मेलन का आयोजन किया गया जो जलवायु परिवर्त्तन से निपटने के लिए अन्तर्राष्ट्रीय सहयोग के लिए एक रूप रेखा प्रदान करता है. तत्पश्चात सन् 1995 में विश्व के सभी देश जो संयुक्त राष्ट्र फ्रेमवर्क कन्वेशन (UNFCCC) के हस्ताक्षरकर्ता हैं, के साथ पहला सम्मेलन (COP-I) बर्लिन में आयोजित किया गया.</p>



<p>इसके पश्चात सन् 2012 में दोहा सम्मेलन का आयोजन हुआ जिसमें प्रस्तावित संशोधनों को अपनाया गया जिसके तहत 2013 से 2020 तक 37 देशों के लिए दूसरी &#8216;उत्सर्जन कटौती पर प्रतिबद्धता अवधि स्थापित की गयी. सन् 2015 में पेरिस समझौता को अपनाया गया जिसके तहत वैश्विक तापमान वृद्धि को 2 डिग्री सेल्सियस से नीचे तथा तापमान में वृद्धि को 1.5 डिग्री सेल्सियस तक सीमित करना था. इसके तहत उन देशों को वित्तीय तकनीकी और क्षमता निर्माण सहायता के लिए ढाचा भी प्रदान किया गया है, जिन्हें इसकी जरूरत है.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>गंगा की डॉल्फिन पर बोले एक्सपर्ट- संरक्षण के लिए गंभीर प्रयास जरूरी</title>
		<link>https://www.patnanow.com/dolphin-per-program/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 20 Jun 2022 12:26:08 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[CITY/OFFICE]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[Ganga dolphin]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA ZOO]]></category>
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					<description><![CDATA[&#8216;आज़ादी का अमृत महोत्सव&#8217; के तहत 20 जून 2022 से 26 जून 2022 तक एक सप्ताह के लिए ध्यान केंद्रित करने वाली प्रजातियों के रूप में गांगेय डॉल्फिन &#8216;भारत की राष्ट्रीय विरासत के गंगा डॉल्फिन-संरक्षण&#8217; पर एक विशेषज्ञ वार्ता के साथ शुरू हुआ. पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय भारत सरकार के अधीन कार्यरत संस्थाओं के द्वारा &#8216;आज़ादी का अमृत महोत्सव&#8217; के तहत केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण, नई दिल्ली को संरक्षण और जागरूकता गतिविधियों कार्य सौपा गया है. इस अभियान में 75 वन्यजीवों की प्रजातियों के लिए संरक्षण के लिए जागरूकता पैदा करना है इस कार्यक्रम अंतर्गत पटना के संजय गांधी गांधी जैविक उद्यान पटना तथा भारतीय प्राणी सर्वेक्षण, पटना के संयुक्त तत्वाधान में “सह-अस्तित्व का संरक्षण एवं लोगों को जोड़ने” विषय पर वन्यजीवों के लिए कार्य करना है” जिसमें 75 चिड़ियाघरों में 75 सप्ताह तक पहुंचने का लक्ष्य रखा गया है. संजय गांधी जैविक उद्यान, पटना के द्वारा 20 जून से 26 जून 2022 तक एक सप्ताह के लिए गंगा के डॉलफिन को ध्यान में रखकर इस प्रजाति के संरक्षण के लिए विशेष जागरूकता अभियान चलाने का संकल्प लिया गया है. आयोजन के पहला दिन 20 जून 2022 को &#8216;गंगा की डॉल्फिन-भारत की राष्ट्रीय विरासत का संरक्षण&#8217; पर एक विशेषज्ञ संगोष्ठी का आयोजन किया गया है संगोष्ठी से बिहार भर के वन विभाग के अधिकारी और कर्मी ऑनलाइन भी जुड़े. डॉ. गोपाल शर्मा, वैज्ञानिक ई और प्रभारी अधिकारी, जूलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया, पटना ने गांगेय डॉल्फिन पर स्लाईड शो के माध्यम से सभी प्रतिभागियों को संरक्षण खतरे एवं बचाव के [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p>&#8216;आज़ादी का अमृत महोत्सव&#8217; के तहत 20 जून 2022 से 26 जून 2022 तक एक सप्ताह के लिए ध्यान केंद्रित करने वाली प्रजातियों के रूप में गांगेय डॉल्फिन &#8216;भारत की राष्ट्रीय विरासत के गंगा डॉल्फिन-संरक्षण&#8217; पर एक विशेषज्ञ वार्ता के साथ शुरू हुआ.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="450" height="600" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0034.jpg" alt="" class="wp-image-63756" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0034.jpg 450w, https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0034-263x350.jpg 263w" sizes="auto, (max-width: 450px) 100vw, 450px" /></figure>



<p>पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय भारत सरकार के अधीन कार्यरत संस्थाओं के द्वारा &#8216;आज़ादी का अमृत महोत्सव&#8217; के तहत केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण, नई दिल्ली को संरक्षण और जागरूकता गतिविधियों कार्य सौपा गया है. इस अभियान में 75 वन्यजीवों की प्रजातियों के लिए संरक्षण के लिए जागरूकता पैदा करना है  इस कार्यक्रम अंतर्गत पटना के संजय गांधी गांधी जैविक उद्यान पटना तथा भारतीय प्राणी सर्वेक्षण, पटना के संयुक्त तत्वाधान में “सह-अस्तित्व का संरक्षण एवं लोगों को जोड़ने” विषय पर वन्यजीवों के लिए कार्य करना है” जिसमें 75 चिड़ियाघरों में 75 सप्ताह तक पहुंचने का लक्ष्य रखा गया है.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="432" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0033.jpg" alt="" class="wp-image-63761" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0033.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0033-350x233.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>संजय गांधी जैविक उद्यान, पटना के द्वारा 20 जून से 26 जून 2022 तक एक सप्ताह के लिए गंगा के डॉलफिन को ध्यान में रखकर इस प्रजाति के संरक्षण के लिए विशेष जागरूकता अभियान चलाने का संकल्प लिया गया है.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="432" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0031.jpg" alt="" class="wp-image-63763" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0031.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0031-350x233.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>आयोजन के पहला दिन 20 जून 2022 को &#8216;गंगा की डॉल्फिन-भारत की राष्ट्रीय विरासत का संरक्षण&#8217; पर एक विशेषज्ञ संगोष्ठी का आयोजन किया गया है संगोष्ठी से बिहार भर के वन विभाग के अधिकारी और कर्मी ऑनलाइन भी जुड़े. डॉ. गोपाल शर्मा, वैज्ञानिक ई और प्रभारी अधिकारी, जूलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया, पटना ने गांगेय डॉल्फिन पर स्लाईड शो के माध्यम से सभी प्रतिभागियों को संरक्षण खतरे एवं बचाव के उपाय पर वल दिया उन्होंने गांगेय डॉल्फिन के ट्रांस्लोकेशन पर एक फिल्म भी दिखाई जिसमें किशनगंज के पास महानंदा नदी की सहायक नदीं में दो ज़िंदा डॉल्फिन को ट्रांस्लोकेट करने की विधि बताई.इसके अलावा, उन्होंने कानूनी रूप से मछली पकड़ने पर पाबन्दी एवं प्रतिकूल मौसम एवं इससे संबंधित कानूनों और जलीय पारिस्थितिकी तंत्र की रक्षा के लिए इसे दृढ़ता से कैसे लागू करने की बात कही, इस पर भी अपनी राय साझा की.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="432" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0032.jpg" alt="" class="wp-image-63774" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0032.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0032-350x233.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>मौके पर गौरैया संरक्षक संजय कुमार और पी आई बी पटना के सहायक निदेशक ने डॉल्फिन संरक्षण में मीडिया की भूमिका पर बल देते हुए कहा कि जागरूकता से ही डॉल्फिन को बचाया जा सकता है और इसमें मीडिया की भूमिका अहम हो सकती है. संगोष्ठी को संबोधित करते हुए पटना जू के निर्देशक सत्यजीत ने कहा कि सात दिवसीय इस आयोजन के जरिए वन्य प्राणियों को बचाने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाएगा‌.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="432" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0026.jpg" alt="" class="wp-image-63751" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0026.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0026-350x233.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>कार्यक्रम की शुरुआत  पी.के. गुप्ता, अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक सह बिहार के मुख्य वन्य जीव प्रतिपालक ने कहा कि जलीय पारिस्थितिकी तंत्र के महत्व और इसके संरक्षण के बारे में बात की और इस पहल के लिए चिड़ियाघर प्राधिकरण को बधाई दी. डॉ गोपाल शर्मा, वैज्ञानिक और प्रभारी अधिकारी, जूलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया ने दर्शकों को संबोधित किया और अपने अनुभव को संक्षेप में साझा किया. साथ ही उन्होंने गांगेय डॉल्फिन के प्रकार, संरक्षण के उपाय, उनके शरीर के बारे में महत्वपूर्ण तथ्यों पर प्रकाश डाला. इसके अलावा, उन्होंने कानूनी रूप से प्रतिबंधित मछली बंद करने, मौसम और इससे संबंधित कानूनों और जलीय पारिस्थितिकी तंत्र की रक्षा के लिए इसे दृढ़ता से कैसे लागू किया जाना चाहिए, इस पर भी अपनी राय साझा की.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="432" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0027.jpg" alt="" class="wp-image-63753" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0027.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/06/IMG-20220620-WA0027-350x233.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>समारोह में निदेशक पारिस्थितिकी सुरेन्द्र कुमार भी उपस्थित थे. इस कार्यक्रम में भागलपुर वन प्रमंडल क्षेत्र, मुंगेर वन प्रमंडल क्षेत्र, पटना वन प्रमंडल क्षेत्र के फारेस्ट गार्ड तथा बिहार के विभिन विश्विद्यालयों एवं संस्थानों के लगभग 100 छात्र छात्राओं तथा भारतीय प्राणी सर्वेक्षण के मनीष चन्द्र पटेल ने भाग लिया. जागरूकता सत्र के अंत में, दर्शकों को उनकी उपस्थिति के लिए बधाई दी गई और उन्हें एक जूट बैग और डॉ गोपाल शर्मा द्वारा लिखित गंगा डॉल्फिन पर एक पुस्तक से युक्त एक हैम्पर दिया गया, जिससे उनके गांगेय डॉल्फिन के संरक्षण के बारे में जानकारी और बढे.</p>



<p> <strong><em>pncb</em></strong> </p>
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			</item>
		<item>
		<title>जू में बच्चे दिखा रहे हैं कमाल देखा आपने</title>
		<link>https://www.patnanow.com/patna-zoo-painting-compitition/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 03 Oct 2021 17:21:06 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[PATNA]]></category>
		<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
		<category><![CDATA[एंटरटेनमेंट]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[Painting condition]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA ZOO]]></category>
		<category><![CDATA[Sanjay gandhi bio park and zoo]]></category>
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					<description><![CDATA[जिराफ&#8217; टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त कियाकार्यक्रमों में 250 स्कूली छात्र / छात्राओं ने शिरकत किया आजादी के अमृत महोत्सव के अवसर परसंजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना में इस वर्ष 2-8 अक्टूबर तक वन्यप्राणी सप्ताह हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है. पटना : वन्यप्राणी सप्ताह के दूसरे दिन संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना में वन्यप्राणी सप्ताह के अवसर पर कई कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है . स्कूल के छात्र छात्राओं ने जानवरों के आस पास बैठ कर उनकी चित्र बनाये.कार्य कुछ भी कोरोना काल के बाद खुले बातावरण में काम करते देख लोग बहुत खुश थे। पटना :कार्यक्रम में स्कूली बच्चों के लिए स्थल चित्रकारी प्रतियोगिता, स्कूली बच्चों के लिए वन्यप्राणियों पर आधारित स्थल चित्रकारी प्रतियोगिता का आयोजन दो ग्रुपों में ( ग्रुप &#8216;ए&#8217; चौथे से सातवें वर्ग तथा ग्रुप &#8216;बी&#8217; आठवें से दसवें वर्ग तक के स्कूली बच्चों के लिए) किया गया जिसमें विभिन्न स्कूलों के लगभग 250 स्कूली छात्र / छात्राओं ने भाग लिया। इसके विजेताओं को समापन समारोह के दिन (8 अक्टूबर) को पुरस्कृत किया जाएगा। ज़ू के निदेशक सत्यजीत सिंह ने बताया कि स्कूली बच्चों के लिए वन्यजीव/प्रकृति/संरक्षण आधारित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताः स्कूली बच्चों के लिए वन्यप्राणियों पर आधारित चित्र प्रतियोगिता हुई जिसमें विभिन्न स्कूलों के लगभग 50 छात्र / छात्राओं ने भाग लिया। इनको &#8216;अजगर&#8217;, &#8216;गौरैया&#8217;, &#8216;जिराफ&#8217;, &#8216;हॉर्नबिल&#8217;, &#8216;बाघ&#8217; &#8216;शेर&#8217; &#8216;चिम्पांजी&#8217; इत्यादि 9 टीमों में बांटकर क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसमें &#8216;जिराफ&#8217; टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। इसके विजेताओं को समापन समारोह के दिन (8 अक्टूबर) को पुरस्कृत किया जाएगा।सिक्की [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>जिराफ&#8217; टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त किया</strong><br><strong>कार्यक्रमों में 250 स्कूली छात्र / छात्राओं ने शिरकत किया</strong></p>



<p><strong>आजादी के अमृत महोत्सव के अवसर पर<br>संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना में इस वर्ष 2-8 अक्टूबर तक वन्यप्राणी सप्ताह हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है.</strong></p>



<p>पटना : वन्यप्राणी सप्ताह के दूसरे दिन संजय गाँधी जैविक उद्यान, पटना में वन्यप्राणी सप्ताह के अवसर पर कई कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है . स्कूल के छात्र छात्राओं ने जानवरों के आस पास बैठ कर उनकी चित्र बनाये.कार्य कुछ भी कोरोना काल के बाद खुले बातावरण में काम करते देख लोग बहुत खुश थे।</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="514" src="https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_2021_1003_195920.jpg" alt="" class="wp-image-55941" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_2021_1003_195920.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_2021_1003_195920-350x277.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /><figcaption>पात्मापटना ज़ू में चित्र बनाते बच्चे </figcaption></figure>



<p><br>पटना :कार्यक्रम में स्कूली बच्चों के लिए स्थल चित्रकारी प्रतियोगिता, स्कूली बच्चों के लिए वन्यप्राणियों पर आधारित स्थल चित्रकारी प्रतियोगिता का आयोजन दो ग्रुपों में ( ग्रुप &#8216;ए&#8217; चौथे से सातवें वर्ग तथा ग्रुप &#8216;बी&#8217; आठवें से दसवें वर्ग तक के स्कूली बच्चों के लिए) किया गया जिसमें विभिन्न स्कूलों के लगभग 250 स्कूली छात्र / छात्राओं ने भाग लिया। इसके विजेताओं को समापन समारोह के दिन (8 अक्टूबर) को पुरस्कृत किया जाएगा।</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="365" src="https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_2021_1003_195840.jpg" alt="" class="wp-image-55943" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_2021_1003_195840.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_2021_1003_195840-350x197.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>ज़ू के निदेशक सत्यजीत सिंह ने बताया कि स्कूली बच्चों के लिए वन्यजीव/प्रकृति/संरक्षण आधारित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताः स्कूली बच्चों के लिए वन्यप्राणियों पर आधारित चित्र प्रतियोगिता हुई जिसमें विभिन्न स्कूलों के लगभग 50 छात्र / छात्राओं ने भाग लिया। इनको &#8216;अजगर&#8217;, &#8216;गौरैया&#8217;, &#8216;जिराफ&#8217;, &#8216;हॉर्नबिल&#8217;, &#8216;बाघ&#8217; &#8216;शेर&#8217; &#8216;चिम्पांजी&#8217; इत्यादि 9 टीमों में बांटकर क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसमें &#8216;जिराफ&#8217; टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। इसके विजेताओं को समापन समारोह के दिन (8 अक्टूबर) को पुरस्कृत किया जाएगा।<br>सिक्की आर्ट / पेंटिंग प्रदर्शनी:- उद्यान के केना गार्डन में &#8216;सिक्की आर्ट&#8217; तथा पेंटिंग की प्रदर्शनी का आयोजन किया गया है। जिसका अवलोकन आगन्तुकों द्वारा किया गया।</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="498" src="https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_2021_1003_195725.jpg" alt="" class="wp-image-55945" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_2021_1003_195725.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_2021_1003_195725-350x268.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /><figcaption><strong>विभिन्न  विद्यालयों के छात्र पेंटिन्ह बनाने में मग्न </strong></figcaption></figure>



<p>कबाड़ से जुगाड़ प्रतियोगिता / कार्यक्रम:- इस कार्यक्रम का आयोजन लाईफ 360 degree संस्था के सहयोग से किया गया है जिसकी प्रदर्शनी पूरे सप्ताह की जाएगी। इस संस्थान से जुड़ें बच्चों द्वारा आसपास के अनुपयोगी / रद्दी सामानों से उपयोग में लाने अथवा सजावट की सामग्री तैयार की जा रही है। इस प्रदर्शनी में इस क्षेत्र के विशेषज्ञों द्वारा आगन्तुकों विशेषकर बच्चों को इसकी जानकारी दी जा रही है।</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="314" height="600" src="https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_20211003_195816.jpg" alt="" class="wp-image-55947" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_20211003_195816.jpg 314w, https://www.patnanow.com/assets/2021/10/Screenshot_20211003_195816-183x350.jpg 183w" sizes="auto, (max-width: 314px) 100vw, 314px" /></figure>



<p>विडियो और सेल्फी के माध्यम का उपयोग करते हुए गैंडे के साथ सेल्फी ने बच्चों का मन मोह लिया था उनमें ऐसा लग रहा था खुशियां मानो लौट आई है .Wall graffiti:- उद्यान के 3D थिएटर के प्रांगण में Wall graffiti कार्यक्रम आमजनों हेतु पूरे सप्ताह के लिए आयोजित किया गया है जहाँ आमजन अपना विशेष संदेश लिख रहे है. 3D मूवी शो:- उद्यान के 3D थिएटर में आमजनों विशेषकर स्कूली बच्चों के लिए वन्यप्राणी पर आधारित विशेष 3D मूवी प्रदर्शित किया गया.</p>



<p></p>
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			</item>
		<item>
		<title>पटना जू के शौचालयों की हालत खराब</title>
		<link>https://www.patnanow.com/sanjay-gandhi-jaivik-udyan-patna-ki-halat-kharab/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Nikhil]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 17 Nov 2019 13:10:18 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[We Care]]></category>
		<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[वीडियो]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA NOW]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA ZOO]]></category>
		<category><![CDATA[संजय गांधी जैविक उद्यान]]></category>
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					<description><![CDATA[पटना (ब्यूरो रिपोर्ट) &#124; संजय गांधी जैविक उद्यान यानि पटना जू बिहार की राजधानी के हृदय में बसा एक सुन्दर और लोगों के मनोरंजन का एक महत्वपूर्ण केंद्र है. यहां पेड़-पौधे, तमाम जड़ी बूटियां और झाड़ियों की तीन सौ से ज्यादा प्रजातियां हैं. बच्चें, बूढ़े, जवान, सभी इस हरियाली से युक्त जंगली जानवरों के उद्यान का भरपूर फायदा उठाते हैं. उद्यान में जहां एक तरफ झील है तो दूसरी तरफ बैटरी से चलने वाला टॉय ट्रेन है.इस उद्यान में लोग मनोरंजन के अलावा मौर्निंग वॉक के लिए भी आते हैं. दूषित हो रहे इस पर्यावरण में पटना जू सेहत बनाने में भी लोगों के लिए काफी महत्वपूर्ण और अच्छा स्थान माना जाता है. ज़ू में घूमने आने वालों के साथ साथ मौर्निंग वॉक पर आने वालों से ज़ू प्रशासन एंट्री शुल्क लेता है. इन शुल्कों से उद्यान का मेंटेनेंस किया जाता है.इस ज़ू में कई शौचालय बने हैं जिनका उपयोग यहां घूमने आने वाले करते हैं. पिछले कुछ महीनों से इन शौचालयों की देखभाल ठीक ढंग से नहीं हो पा रही है. इस कारण लोगों में, खासकर मौर्निंग वॉक में आने वाले लोगों में आक्रोश व्याप्त है. उनका कहना है कि शुरुआत में उद्यान के शौचालयों की देखभाल काफी ढंग से होती थी, लेकिन अब इसकी हालत खराब हो रही है.]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<figure class="wp-block-image"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="285" src="https://www.patnanow.com/assets/2019/11/Patna-Now-Sanjay-Gandhi-Jaivik-Udyan-650x285.png" alt="" class="wp-image-42198" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2019/11/Patna-Now-Sanjay-Gandhi-Jaivik-Udyan.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2019/11/Patna-Now-Sanjay-Gandhi-Jaivik-Udyan-350x153.png 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<div class="wp-block-group"><div class="wp-block-group__inner-container is-layout-flow wp-block-group-is-layout-flow">
<figure class="wp-block-embed-youtube wp-block-embed is-type-video is-provider-youtube wp-embed-aspect-16-9 wp-has-aspect-ratio"><div class="wp-block-embed__wrapper">
<iframe loading="lazy" title="Sanjay गांधी जैविक उद्यान यानि पटना Zoo के शौचालयों की हालत खराब" width="640" height="360" src="https://www.youtube.com/embed/vWsC2ZIAW_w?start=3&#038;feature=oembed" frameborder="0" allow="accelerometer; autoplay; clipboard-write; encrypted-media; gyroscope; picture-in-picture; web-share" referrerpolicy="strict-origin-when-cross-origin" allowfullscreen></iframe>
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</div></div>



<p><strong>पटना (ब्यूरो रिपोर्ट) </strong>| संजय गांधी जैविक उद्यान यानि पटना जू बिहार की राजधानी के हृदय में बसा एक सुन्दर और लोगों के मनोरंजन का एक महत्वपूर्ण केंद्र है. यहां पेड़-पौधे, तमाम जड़ी बूटियां और झाड़ियों की तीन सौ से ज्यादा प्रजातियां हैं. बच्चें, बूढ़े, जवान, सभी इस हरियाली से युक्त जंगली जानवरों के उद्यान का भरपूर फायदा उठाते हैं. उद्यान में जहां एक तरफ झील है तो दूसरी तरफ बैटरी से चलने वाला टॉय ट्रेन है.<br>इस उद्यान में लोग मनोरंजन के अलावा मौर्निंग वॉक के लिए भी आते हैं. दूषित हो रहे इस पर्यावरण में पटना जू सेहत बनाने में भी लोगों के लिए काफी महत्वपूर्ण और अच्छा स्थान माना जाता है. ज़ू में घूमने आने वालों के साथ साथ मौर्निंग वॉक पर आने वालों से ज़ू प्रशासन एंट्री शुल्क लेता है. इन शुल्कों से उद्यान का मेंटेनेंस किया जाता है.<br>इस ज़ू में कई शौचालय बने हैं जिनका उपयोग यहां घूमने आने वाले करते हैं. पिछले कुछ महीनों से इन शौचालयों की देखभाल ठीक ढंग से नहीं हो पा रही है. इस कारण लोगों में, खासकर मौर्निंग वॉक में आने वाले लोगों में आक्रोश व्याप्त है. उनका कहना है कि शुरुआत में उद्यान के शौचालयों की देखभाल काफी ढंग से होती थी, लेकिन अब इसकी हालत खराब हो रही है. </p>
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			</item>
		<item>
		<title>पकड़े गए पटना जू में चेन लूटने वाले अपराधी</title>
		<link>https://www.patnanow.com/chain-snatchers-arrested/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 14 May 2018 05:10:05 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[Crime]]></category>
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					<description><![CDATA[पटना पुलिस ने दो अपराधियों को गिरफ्तार किया है. इन पर कई मामले पहले से दर्ज हैं. हाल ही में पटना जू में एक महिला से चेन लूटकर भागे ये दोनो अपराधी पहले से दानापुर, हवाई अड्डा थाना, सचिवालय थाना और शास्त्रीनगर के मामले में आरोपित हैं. पटना के एसएसपी मनु महाराज ने बताया कि पकड़े गए अपराधी का नाम बिरजू उर्फ बिल्लू पासवान है जबकि दूसरे अपराधी का नाम जितेन्द्र राय है. ये दोनो पटना के शेखपुरा के रहने वाले हैं. इनके पास से एक चेन भी बरामद की गई है.]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>पटना पुलिस ने दो अपराधियों को गिरफ्तार किया है. इन पर कई मामले पहले से दर्ज हैं. हाल ही में पटना जू में एक महिला से चेन लूटकर भागे ये दोनो अपराधी पहले से दानापुर, हवाई अड्डा थाना, सचिवालय थाना और शास्त्रीनगर के मामले में आरोपित हैं.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone wp-image-33405 " src="http://www.patnanow.com/assets/2018/05/pnc-gold-chain-recovered-patna-650x410.jpg" alt="" width="439" height="277" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2018/05/pnc-gold-chain-recovered-patna.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2018/05/pnc-gold-chain-recovered-patna-350x221.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 439px) 100vw, 439px" /><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone  wp-image-33403" src="http://www.patnanow.com/assets/2018/05/pnc-chain-snatchers-arrested-222x350.jpg" alt="" width="175" height="276" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2018/05/pnc-chain-snatchers-arrested-222x350.jpg 222w, https://www.patnanow.com/assets/2018/05/pnc-chain-snatchers-arrested.jpg 380w" sizes="auto, (max-width: 175px) 100vw, 175px" /></p>
<p>पटना के एसएसपी मनु महाराज ने बताया कि पकड़े गए अपराधी का नाम बिरजू उर्फ बिल्लू पासवान है जबकि दूसरे अपराधी का नाम जितेन्द्र राय है. ये दोनो पटना के शेखपुरा के रहने वाले हैं. इनके पास से एक चेन भी बरामद की गई है.</p>
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		<title>मिट्टी घोटाले पर हाईकोर्ट सख्त</title>
		<link>https://www.patnanow.com/high-court-on-mitti-ghotala/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Amit Verma]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 13 Oct 2017 06:32:02 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[Politics]]></category>
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		<category><![CDATA[MITTI GHOTALA]]></category>
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		<category><![CDATA[पटना जू]]></category>
		<category><![CDATA[पटना हाईकोर्ट]]></category>
		<category><![CDATA[मिट्टी घोटाला]]></category>
		<category><![CDATA[सुशील मोदी]]></category>
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					<description><![CDATA[बिहार के बहुचर्चित मि्टटी और जमीन घोटाले को लेकर पटना हाईकोर्ट ने सरकार को नोटिस जारी किया है. हाईकोर्ट ने सरकार से 6 हफ्ते में जवाब देने को कहा है कि इस मामले में अबतक क्या कार्रवाई हुई है. हाईकोर्ट ने एडवोक्ट मणिभूषण सेंगर की जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए सरकार को नोटिस जारी किया है. लगातार मुसीबत में फंसे लालू एंड फैमिली के लिए परेशानियां कम होती नहीं दिख रही हैं. जिस जमीन की मिट्टी बेचने का ये मामला है, उसे लेकर भी लालू और उनके बेटे लगातार जांच एजेंसियों के निशाने पर हैं. बता दें कि इस मामले का खुलासा बीजेपी नेता सुशील मोदी ने इसी साल अप्रैल महीने में किया था. सुशील मोदी ने आरोप लगाया था कि 5 लाख घनफुट मिट्टी को तीन महीने में हाइवा ट्रक की 1 हजार ट्रिप लगाकर पटना जू पहुंचाया गया. इतनी मिट्टी लालू प्रसाद के निर्माणाधीन मॉल के दो अंडर ग्राउंड फ्लोर के अलावा कहां से मिल सकती थी. सगुना मोड़ स्थित इसी निर्माणाधीन मॉल से जुड़ा है मामला सुशील मोदी ने तत्कालीन बिहार सरकार से सवाल किया था कि मिट्टी भराई से प्राणी संरक्षण का क्या वास्ता है? क्या इसके लिए उनसे अनुमति ली गई थी? सुशील मोदी ने आगे कहा कि केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण ने पटना जू के लिए जिस मास्टर प्लान और मास्टर ले-आउट को स्वीकृति दी, उसमें भी मिट्टी भराई के काम का कोई उल्लेख नहीं है. राज्य सरकार बताये कि बिना प्लान और बिना स्वीकृति के 90 लाख की मिट्टी भराई का काम कैसे हुआ. &#160; पूरी [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>बिहार के बहुचर्चित मि्टटी और जमीन घोटाले को लेकर पटना हाईकोर्ट ने सरकार को नोटिस जारी किया है. हाईकोर्ट ने सरकार से 6 हफ्ते में जवाब देने को कहा है कि इस मामले में अबतक क्या कार्रवाई हुई है. हाईकोर्ट ने एडवोक्ट मणिभूषण सेंगर की जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए सरकार को नोटिस जारी किया है. लगातार मुसीबत में फंसे लालू एंड फैमिली के लिए परेशानियां कम होती नहीं दिख रही हैं. जिस जमीन की मिट्टी बेचने का ये मामला है, उसे लेकर भी लालू और उनके बेटे लगातार जांच एजेंसियों के निशाने पर हैं.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone size-large wp-image-9625" src="http://www.patnanow.com/assets/2016/12/PNC-Patna-HIGH-COURT-650x342.jpg" alt="" width="650" height="342" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2016/12/PNC-Patna-HIGH-COURT.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2016/12/PNC-Patna-HIGH-COURT-350x184.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></p>
<p>बता दें कि इस मामले का खुलासा बीजेपी नेता सुशील मोदी ने इसी साल अप्रैल महीने में किया था. सुशील मोदी ने आरोप लगाया था कि 5 लाख घनफुट मिट्टी को तीन महीने में हाइवा ट्रक की 1 हजार ट्रिप लगाकर पटना जू पहुंचाया गया. इतनी मिट्टी लालू प्रसाद के निर्माणाधीन मॉल के दो अंडर ग्राउंड फ्लोर के अलावा कहां से मिल सकती थी.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone size-large wp-image-16493" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/04/PNC-MITTI-GHOTALA-SITE-650x400.jpg" alt="" width="650" height="400" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/04/PNC-MITTI-GHOTALA-SITE.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/04/PNC-MITTI-GHOTALA-SITE-350x215.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></p>
<p><strong>सगुना मोड़ स्थित इसी निर्माणाधीन मॉल से जुड़ा है मामला</strong></p>
<p>सुशील मोदी ने तत्कालीन बिहार सरकार से सवाल किया था कि मिट्टी भराई से प्राणी संरक्षण का क्या वास्ता है? क्या इसके लिए उनसे अनुमति ली गई थी? सुशील मोदी ने आगे कहा कि केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण ने पटना जू के लिए जिस मास्टर प्लान और मास्टर ले-आउट को स्वीकृति दी, उसमें भी मिट्टी भराई के काम का कोई उल्लेख नहीं है. राज्य सरकार बताये कि बिना प्लान और बिना स्वीकृति के 90 लाख की मिट्टी भराई का काम कैसे हुआ.</p>
<p>&nbsp;</p>
<p><strong><a href="https://goo.gl/6JBsSn">पूरी खबर सिर्फ यहां-</a></strong></p>
<p><strong><a href="https://goo.gl/6JBsSn">https://goo.gl/6JBsSn</a></strong></p>
<p>अमित वर्मा</p>
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