<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>kosi &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
	<atom:link href="https://www.patnanow.com/tag/kosi/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://www.patnanow.com</link>
	<description>Patna News Portal - हर ख़बर पर नज़र</description>
	<lastBuildDate>Sat, 02 Nov 2024 03:36:42 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.6.2</generator>

<image>
	<url>https://www.patnanow.com/assets/2022/08/cropped-PatnaNow_Logo_2022-32x32.png</url>
	<title>kosi &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
	<link>https://www.patnanow.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>कोसी बाढ़ पीड़ितों को राहत नहीं</title>
		<link>https://www.patnanow.com/no-relief-to-kosi-flood-victims/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 02 Nov 2024 03:36:41 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
		<category><![CDATA[गांव -शहर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[darbhanga]]></category>
		<category><![CDATA[Flood 2024]]></category>
		<category><![CDATA[kosi]]></category>
		<category><![CDATA[Kosi flood]]></category>
		<category><![CDATA[Kosi mithila]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=87701</guid>

					<description><![CDATA[झेल रहे विकराल समस्याएं डीएम ने कहा छूटे हुए पीड़ितों को जल्द मिलेगी बाढ़ राहत राशि संजय मिश्र,दरभंगा फोटो सेशन का दौर थम सा गया है. दरभंगा जिले के कोसी बाढ़ त्रासदी के मारे लोगों की पीड़ा कम होने का नाम नहीं ले रही. नाम कमा लेने वालों के कल्लरखाने बंद हो चुके हैं. बड़े सार्वजनिक चेहरों का राहत पर्यटन ओझल होते ही स्थानीय सरकारी अमले की मनमानी कोसी के रौद्र बेग से प्रतियोगिता कर रही है. अब वही सरकार हैं लिहाजा अदा ऐसी मानो पीड़ितों को जो टुकड़े फेक दें उसे ही अहसान मान लें लोग. यह कथा वस्तु किरतपुर प्रखण्ड की है. अधिकारियों की मनमानी से आहत स्थानीय जन प्रतिनिधि बेचारे महसूस कर रहे हैं. अब और नहीं सहेंगे के मनोभाव से लथ पथ मुखिया संघ के सदस्य जुम्मे के दिन दरभंगा डीएम से मिलने आ गए. हकीकत बयां की और उनसे निज पहल की गुजारिश की. डीएम से ही पूछा बाढ़ राहत से वंचित लोगों को राहत कैसे मिले? मुखिया संघ के किरतपुर प्रखण्ड के प्रतिनिधि मंडल की अध्यक्षता जमालपुर के मुखिया अफजाल अली खान ने किया. उन्होंने बताया कि पिछले महीने कोसी नदी का पश्चिमी तटबंध टूट जाने के बाद प्रखंड क्षेत्र के लोगो के बीच भुखमरी की स्थिति है. सरकार के द्वारा दी जाने वाली राहत से क्षेत्र के बड़े हिस्से के लोग वंचित हैं. सीएम की घोषणा के तहत सरकार के द्वारा दी जाने वाली 7 हजार के राशि के लिए प्रखंड स्तर से एक लिस्ट तैयार किया गया. जिसमें अंचल प्रशासन के द्वारा [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p> </p>



<p><strong>झेल रहे विकराल समस्याएं</strong></p>



<p><strong>डीएम ने कहा छूटे हुए पीड़ितों को जल्द मिलेगी बाढ़ राहत राशि</strong></p>



<p>संजय मिश्र,दरभंगा</p>



<p>फोटो सेशन का दौर थम सा गया है. दरभंगा जिले के कोसी बाढ़ त्रासदी के मारे लोगों की पीड़ा कम होने का नाम नहीं ले रही. नाम कमा लेने वालों के कल्लरखाने बंद हो चुके हैं. बड़े सार्वजनिक चेहरों का राहत पर्यटन ओझल होते ही स्थानीय सरकारी अमले की मनमानी कोसी के रौद्र बेग से प्रतियोगिता कर रही है. अब वही सरकार हैं लिहाजा अदा ऐसी मानो पीड़ितों को जो टुकड़े फेक दें उसे ही अहसान मान लें लोग.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img fetchpriority="high" decoding="async" width="1024" height="768" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/11/IMG-20241102-WA0005-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-87702" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/11/IMG-20241102-WA0005-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2024/11/IMG-20241102-WA0005-650x488.jpg 650w" sizes="(max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>यह कथा वस्तु किरतपुर प्रखण्ड की है. अधिकारियों की मनमानी से आहत स्थानीय जन प्रतिनिधि बेचारे महसूस कर रहे हैं. अब और नहीं सहेंगे के मनोभाव से लथ पथ मुखिया संघ के सदस्य जुम्मे के दिन दरभंगा डीएम से मिलने आ गए. हकीकत बयां की और उनसे निज पहल की गुजारिश की. डीएम से ही पूछा बाढ़ राहत से वंचित लोगों को राहत कैसे मिले?</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img decoding="async" width="1024" height="473" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/11/IMG-20241102-WA0006-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-87703" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/11/IMG-20241102-WA0006-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2024/11/IMG-20241102-WA0006-650x300.jpg 650w" sizes="(max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>मुखिया संघ के किरतपुर प्रखण्ड के प्रतिनिधि मंडल की अध्यक्षता जमालपुर के मुखिया अफजाल अली खान ने किया. उन्होंने बताया कि पिछले महीने कोसी नदी का पश्चिमी तटबंध टूट जाने के बाद प्रखंड क्षेत्र के लोगो के बीच भुखमरी की स्थिति है. सरकार के द्वारा दी जाने वाली राहत से क्षेत्र के बड़े हिस्से के लोग वंचित हैं. सीएम की घोषणा के तहत सरकार के द्वारा दी जाने वाली 7 हजार के राशि के लिए प्रखंड स्तर से एक लिस्ट तैयार किया गया. जिसमें अंचल प्रशासन के द्वारा सही लोगों का नाम छोड़ दिया गया है. जितने लोगों का नाम भेजा भी गया उसमें से लगभग आधे पीड़ितों के बैंक खाते में पैसा नहीं आया है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img decoding="async" width="1024" height="768" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/11/IMG-20241102-WA0007-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-87704" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/11/IMG-20241102-WA0007-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2024/11/IMG-20241102-WA0007-650x488.jpg 650w" sizes="(max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>समस्याएं विकट हैं. किसानों को सरकार के द्वारा फसल क्षति मिलना था जिसका पोर्टल बंद कर दिया गया है. जिसके कारण किसान प्रखंड का चक्कर लगा रहे हैं पर अधिकारी सुनते ही नहीं. बाढ़ आपदा के कारण हजारों परिवार बेघर हैं. जिसमें से आधे अधूरे लोगों को मुआवजा दिया गया. जबकि सैकड़ों परिवार अभी भी वंचित हैं. बाढ़ के कारण क्षेत्र के आधे से अधिक शौचालय टूट गए. लोग खुले में शौच करने को विवश हैं. नतीजतन महामारी फैलने की आशंका बनी हुई है. बाढ़ के कारण क्षेत्र की अधिकतर सड़कें टूट गई. आवागमन दुरूह है.</p>



<p>मौके पर उपस्थित प्रखंड प्रमुख ने डीएम से कहा कि प्रखंड प्रशासन ने प्रखंड प्रमुख कार्यालय को कब्जा कर लिया है. साथ ही प्रखंड विकास पदाधिकारी की भी शिकायत की. कहा कि बीडीओ जन प्रतिनिधि का उचित सम्मान नहीं करते हैं.</p>



<p>मामले की गंभीरता के संबंध में डीएम राजीव रौशन ने बताया कि किरतपुर मुखिया संघ का प्रतिनिधि मंडल ने उनसे मुलाकात कर बाढ़ प्रभावित क्षेत्र की समस्याओं से अवगत कराया. समस्याएं मानवीय संवेदना से जुड़ी हैं और जायज हैं. जल्द ही सभी मांगे पूरी की जायेगी. प्रमुख को जल्द कार्यालय उपलब्ध करवाई जाएगी. डीएम ने कहा कि बीडीओ के आचरण की जांच के लिए कमिटी गठित की जा रही है.</p>



<p>मौके पर संघ अध्यक्ष प्रतिनिधि बबन यादव, उपाध्यक्ष फेकन कामती, मुखिया अफजाल अली खान, आदिल, नरेश यादव, नसीम, प्रदीप यादव, रामप्रसाद सदा, कैलू सदा, प्रखंड प्रमुख रणजीत यादव, पंचायत समिति सदस्य गौरी शंकर पासवान, गुलाम रसूल, भिखो राजा, बबीता देवी समेत अन्य जन प्रतिनिधि शामिल थे.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>नेपाल में जल सैलाब से बिहार में बाढ़ की स्थिति गंभीर</title>
		<link>https://www.patnanow.com/flood-situation-serious-in-bihar-due-to-water-inundation-in-nepal/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 05 Jul 2022 04:18:12 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[बाढ़ अपडेट]]></category>
		<category><![CDATA[31 person died in lighting]]></category>
		<category><![CDATA[flood in bihar]]></category>
		<category><![CDATA[kosi]]></category>
		<category><![CDATA[mahananda]]></category>
		<category><![CDATA[nepal]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=64182</guid>

					<description><![CDATA[सीतामढ़ी में खतरे के निशान के ऊपर बागमतीखुद अपना घर उजाड़ने को मजबूर लोगवज्रपात से पिछले 5 दिनों में 31 मौत नेपाल में लगातार हो रही बारिश से बिहार में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है. सीतामढ़ी में बागमती नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. यहां नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है. बागमती नदी की धारा मेजरगंज प्रखंड में रुसूलपुर गांव के पास पहुंच गई है. रुसूलपुर गांव के पास से बागमती नदी गुजरती है. नेपाल सहित सीतामढ़ी में हुई भारी बारिश के कारण बागमती नदी उफान पर है. जिसके कारण नदी किनारे मिट्टी का कटाव जारी है.जिला प्रशासन ने कटाव रोकने के लिए खानापूर्ति करते हुए नदी में बांस डाल दिया है. बांस के बीच में बोरा में बालू-मिट्टी भरकर रख दिया गया है. नदी किनारे बड़े पेड़ डाल दिए गए हैं, लेकिन कटाव को रोकने के लिए यह नाकाफी हैं. रुसूलपुर गांव में बाढ़ कभी भी आ सकता है. लोग अपने घरों का ईट, झोपड़ी का घास, अन्य सामान दूसरे जगहों पर ले जा रहे हैं. ताकी बाढ़ में यह सब बह न जाए. स्थानीय ग्रामीणों ने कहा कि बहुत मेहनत से कमा के पैसा जमा कर घर बनाए थे. अब खुद इसे तोड़ना पड़ रहा है. बहुत दुख है. बाढ़ के खतरे से बचने के लिए प्रशासन की तरफ से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया. हर बार आश्वासन दिया जाता है, लेकिन प्रशासन कुछ नहीं करता है. राज्य में सोमवार के दिन भी मौसम मेहरबान रहने वाला है. राज्य के सभी जिलों [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p></p>



<p></p>



<p><strong>सीतामढ़ी में खतरे के निशान के ऊपर बागमती</strong><br><strong>खुद अपना घर उजाड़ने को मजबूर लोग</strong><br><strong>वज्रपात से पिछले 5 दिनों में 31 मौत</strong><br><br>नेपाल में लगातार हो रही बारिश से बिहार में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है. सीतामढ़ी में बागमती नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. यहां नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है. बागमती नदी की धारा मेजरगंज प्रखंड में रुसूलपुर गांव के पास पहुंच गई है. रुसूलपुर गांव के पास से बागमती नदी गुजरती है.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="400" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/flood2.png" alt="" class="wp-image-64185" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/flood2.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/flood2-350x215.png 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p><br>नेपाल सहित सीतामढ़ी में हुई भारी बारिश के कारण बागमती नदी उफान पर है. जिसके कारण नदी किनारे मिट्टी का कटाव जारी है.जिला प्रशासन ने कटाव रोकने के लिए खानापूर्ति करते हुए नदी में बांस डाल दिया है. बांस के बीच में बोरा में बालू-मिट्टी भरकर रख दिया गया है. नदी किनारे बड़े पेड़ डाल दिए गए हैं, लेकिन कटाव को रोकने के लिए यह नाकाफी हैं.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="443" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/BIHAR-flood-650x443.jpg" alt="" class="wp-image-64183" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/BIHAR-flood-650x443.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/BIHAR-flood-350x239.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/BIHAR-flood-130x90.jpg 130w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/BIHAR-flood.jpg 660w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>रुसूलपुर गांव में बाढ़ कभी भी आ सकता है. लोग अपने घरों का ईट, झोपड़ी का घास, अन्य सामान दूसरे जगहों पर ले जा रहे हैं. ताकी बाढ़ में यह सब बह न जाए. स्थानीय ग्रामीणों ने कहा कि बहुत मेहनत से कमा के पैसा जमा कर घर बनाए थे. अब खुद इसे तोड़ना पड़ रहा है. बहुत दुख है. बाढ़ के खतरे से बचने के लिए प्रशासन की तरफ से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया. हर बार आश्वासन दिया जाता है, लेकिन प्रशासन कुछ नहीं करता है.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="400" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/flood-1.png" alt="" class="wp-image-64184" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/07/flood-1.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/07/flood-1-350x215.png 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>राज्य में सोमवार के दिन भी मौसम मेहरबान रहने वाला है. राज्य के सभी जिलों में बूंदाबांदी दिखेगी. बीते दिन पटना में दिन में भीषण गर्मी पड़ी, लेकिन रात में बारिश की वजह से राहत मिली. पिछले 5 दिनों से राज्य के अलग-अलग जिलों में बारिश हुई है. मौसम विभाग की मानें तो अगले 5 जुलाई तक अलग-अलग जिलों में बारिश की संभावना है.<br>मौसम विभाग ने राज्य के सभी जिलों में बारिश के साथ साथ वज्रपात की भी आशंका जताई है. मौसम विभाग ने लोगों को बिना काम घर से बाहर न जाने की अपील की है. विभाग ने लोगों को पक्के के मकानों में शरण लेने को कहा है. वज्रपात के कारण पिछले 5 दिनों में 31 जानें ले लीं. बुधवार को 16, गुरुवार को 5, शुक्रवार को 5, शनिवार को 5 लोगों ने जान गवाई थी. वज्रपात से जिनकी भी मौत हुई, बिहार के सीएम  नीतीश कुमार ने उनके परिजनों को 4 लाख रुपए मुआवजा देने की बात कही.</p>



<p><strong>PNCDESK</strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>कोसी और मिथिलांचल के बीच की दूरियां हुईं कम</title>
		<link>https://www.patnanow.com/kosi-mithila-to-connect-again/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 06 May 2022 17:24:01 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[ecr]]></category>
		<category><![CDATA[kosi]]></category>
		<category><![CDATA[Mithilanchal]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=61709</guid>

					<description><![CDATA[करीब नौ दशक के बाद एक बार फिर कोसी और मिथिलांचल एक हो रहे हैं. रेलवे के नवनिर्मित झंझारपुर-निर्मली आमान परिवर्तित रेलखंड (32 किमी) एवं निर्मली-आसनपुर कुपहा नई रेल लाईन (06 किमी) का रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव शनिवार को उद्घाटन कर रहे हैं. पूर्व मध्य रेलवे के सीपीआरओ वीरेंद्र कुमार ने बताया कि अश्विनी वैष्णव, रेल, संचार, सूचना एवं प्रौद्योगिकी मंत्री, भारत सरकार दिनांक 07.05.2022 को नई दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से झंझारपुर-निर्मली नव आमान परिवर्तित रेलखंड (32 किमी) तथा निर्मली-आसनपुर कुपहा नई रेल लाईन (06 किमी) का उद्घाटन तथा नए रेलखंड पर हरी झंडी दिखाकर ट्रेन सेवाओं के परिचालन का शुभारंभ करेंगे. इस अवसर पर झंझारपुर स्टेशन पर एक समारोह का आयोजन किया जायेगा जिसमें कई गणमान्य अतिथिगण उपस्थित रहेंगे. वीरेंद्र कुमार ने बताया कि दिनांक 07.05.2022 को रेल मंत्री द्वारा 14.00 बजे गाड़ी संख्या 05553 झंझारपुर-सहरसा डेमू पैसेंजर स्पेशल को उद्घाटन स्पेशल के रूप में हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जायेगा तथा इस ट्रेन का परिचालन ओपन टाइम के अनुसार किया जायेगा. बता दें कि यह परियोजना 206 किलोमीटर लंबे सकरी-लौकहा बाजार-निर्मली एवं सहरसा-फॉरबिसगंज आमान परिवर्तन परियोजना का भाग है. इस परियोजना की कुल स्वीकृत लागत 1584 करोड़ रूपए है. इसके साथ ही 491 करोड़ रूपए की लागत से कोसी मेगाब्रिज का निर्माण किया गया है जिसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कर-कमलों द्वारा 18 सितंबर, 2020 को देश को समर्पित किया गया था. झंझारपुर से आसनपुर कुपहा तक 38 किलोमीटर का कार्य 456 करोड़ रूपए की लागत से पूरी कर ली गई है. इस रेलखंड के चालू [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p>करीब नौ दशक के बाद एक बार फिर कोसी और मिथिलांचल एक हो रहे हैं. रेलवे के नवनिर्मित झंझारपुर-निर्मली आमान परिवर्तित रेलखंड (32 किमी) एवं निर्मली-आसनपुर कुपहा नई रेल लाईन (06 किमी) का रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव शनिवार को उद्घाटन कर रहे हैं.</p>



<p>पूर्व मध्य रेलवे के सीपीआरओ वीरेंद्र कुमार ने बताया कि अश्विनी वैष्णव,  रेल, संचार, सूचना एवं प्रौद्योगिकी मंत्री, भारत सरकार दिनांक 07.05.2022 को नई दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से झंझारपुर-निर्मली नव आमान परिवर्तित रेलखंड (32 किमी) तथा निर्मली-आसनपुर कुपहा नई रेल लाईन (06 किमी) का उद्घाटन तथा नए रेलखंड पर हरी झंडी दिखाकर ट्रेन सेवाओं के परिचालन का शुभारंभ करेंगे. इस अवसर पर झंझारपुर स्टेशन पर एक समारोह का आयोजन किया जायेगा जिसमें कई गणमान्य अतिथिगण उपस्थित रहेंगे.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="222" height="227" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/05/IMG-20220506-WA0017.jpg" alt="" class="wp-image-61713"/></figure>



<p>वीरेंद्र कुमार ने बताया कि दिनांक 07.05.2022 को  रेल मंत्री  द्वारा 14.00 बजे गाड़ी संख्या 05553 झंझारपुर-सहरसा डेमू पैसेंजर स्पेशल को उद्घाटन स्पेशल के रूप में हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जायेगा तथा इस ट्रेन का परिचालन ओपन टाइम के अनुसार किया जायेगा.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="480" height="360" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/05/IMG-20220506-WA0018.jpg" alt="" class="wp-image-61714" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/05/IMG-20220506-WA0018.jpg 480w, https://www.patnanow.com/assets/2022/05/IMG-20220506-WA0018-350x263.jpg 350w" sizes="(max-width: 480px) 100vw, 480px" /></figure>



<p>बता दें कि यह परियोजना 206 किलोमीटर लंबे सकरी-लौकहा बाजार-निर्मली एवं सहरसा-फॉरबिसगंज आमान परिवर्तन परियोजना का भाग है. इस परियोजना की कुल स्वीकृत लागत 1584 करोड़ रूपए है. इसके साथ ही 491 करोड़ रूपए की लागत से कोसी मेगाब्रिज का निर्माण किया गया है जिसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कर-कमलों द्वारा 18 सितंबर, 2020 को देश को समर्पित किया गया था. झंझारपुर से आसनपुर कुपहा तक 38 किलोमीटर का कार्य 456 करोड़ रूपए की लागत से पूरी कर ली गई है. इस रेलखंड के चालू हो जाने से 88 वर्षों के बाद दो भागों में विभाजित मिथिलांचल के बीच रेल संपर्क पुनः स्थापित हो जाएगा. इससे इस क्षेत्र के लोग रेलवे के विशाल नेटवर्क से जुड़ जाएंगे जो लोगों के लिए आर्थिक समृद्धि का द्वार खोलेगा.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>अच्छी खबर: बिहार के फुलौत में बनेगा 4 लेन का नया पुल</title>
		<link>https://www.patnanow.com/new-bridge-sanctiones-for-fulaut/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 09 Aug 2018 16:18:27 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[देश दुनिया]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[fulaut]]></category>
		<category><![CDATA[kosi]]></category>
		<category><![CDATA[new bridge]]></category>
		<category><![CDATA[फुलौत]]></category>
		<guid isPermaLink="false">http://www.patnanow.com/?p=35353</guid>

					<description><![CDATA[concept image केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने दी हरी झंडी बिहार के फुलौत में कोसी नदी पर 4-लेन के एक नये पुल के निर्माण को मंजूरी प्रधानमंत्री नरेन्&#x200d;द्र मोदी की अध्&#x200d;यक्षता में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने बिहार के फुलौत में 6.930 किलोमीटर लंबे 4-लेन वाले पुल के निर्माण के लिए परियोजना को मंजूरी दी है. CCEA ने बिहार में राष्&#x200d;ट्रीय राजमार्ग-106 के मौजूदा बीरपुर-बिहपुर खंड पर 106 किलोमीटर से 136 किलोमीटर तक ‘पेव्&#x200d;ड शोल्&#x200d;डर के साथ 2-लेन’ के उन्&#x200d;नयन एवं पुनर्वास के लिए 1478.40 करोड़ रुपये की लागत से डेक को भी मंजूरी दी है. इस परियोजना के लिए निर्माण अवधि 3 वर्ष है और इसे जून 2022 तक पूरी होने की उम्&#x200d;मीद है. प्रभाव : राष्&#x200d;ट्रीय राजमार्ग 106 पर फुलौत और बिहपुर के बीच 10 किलोमीटर लंबा लिंक नादारद है और वह कोसी नदी के कटाव क्षेत्र में आता है. वर्तमान में फुलौत से बिहपुर जाने के लिए लगभग 72 किलोमीटर का सफर करना पड़ता है. इस परियोजना के तहत कोसी नदी पर 4-लेन वाले इस नये पुल के निर्माण होने पर फुलौत और बिहपुर के बीच की दूरी घटकर महज 12 किलोमीटर रह जाएगी. इस नये पुल से निर्माण अ&#x200d;वधि के दौरान करीब 2.19 लाख श्रम दिवस के लिए प्रत्&#x200d;यक्ष रोजगार सृजित होंगे. इस नये पुल के निर्माण से बिहार में राष्&#x200d;ट्रीय राजमार्ग 106 पर उदाकिशुनगंज और बिहपुर के बीच मौजूदा 30 किलोमीटर लम्&#x200d;बी खाई दूर हो जाएगी जो नेपाल/&#x200d;उत्&#x200d;तर बिहार/पूर्व-पश्चिम गलियारा (एनएच-57 से होते हुए) और दक्षिण बिहार/झारखंड/स्&#x200d;वर्ण चतुभुर्ज (एनएच-2 से होते हुए) के बीच संपर्क मुहैया कराएगी। [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<div id="thd1"><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone wp-image-19155 size-full" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/06/pnc-ara-chapra-pul.jpg" alt="" width="650" height="340" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/06/pnc-ara-chapra-pul.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/06/pnc-ara-chapra-pul-350x183.jpg 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></div>
<div>concept image</div>
<div></div>
<div id="condiv">
<div><strong>केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने दी हरी झंडी</strong></div>
<div><strong>बिहार के फुलौत में कोसी नदी पर 4-लेन के एक नये पुल के निर्माण को मंजूरी</strong></div>
<div>
<p>प्रधानमंत्री नरेन्&#x200d;द्र मोदी की अध्&#x200d;यक्षता में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने बिहार के फुलौत में 6.930 किलोमीटर लंबे 4-लेन वाले पुल के निर्माण के लिए परियोजना को मंजूरी दी है. CCEA ने बिहार में राष्&#x200d;ट्रीय राजमार्ग-106 के मौजूदा बीरपुर-बिहपुर खंड पर 106 किलोमीटर से 136 किलोमीटर तक ‘पेव्&#x200d;ड शोल्&#x200d;डर के साथ 2-लेन’ के उन्&#x200d;नयन एवं पुनर्वास के लिए 1478.40 करोड़ रुपये की लागत से डेक को भी मंजूरी दी है. इस परियोजना के लिए निर्माण अवधि 3 वर्ष है और इसे जून 2022 तक पूरी होने की उम्&#x200d;मीद है.</p>
<p><strong>प्रभाव :</strong></p>
<ul>
<li>राष्&#x200d;ट्रीय राजमार्ग 106 पर फुलौत और बिहपुर के बीच 10 किलोमीटर लंबा लिंक नादारद है और वह कोसी नदी के कटाव क्षेत्र में आता है. वर्तमान में फुलौत से बिहपुर जाने के लिए लगभग 72 किलोमीटर का सफर करना पड़ता है. इस परियोजना के तहत कोसी नदी पर 4-लेन वाले इस नये पुल के निर्माण होने पर फुलौत और बिहपुर के बीच की दूरी घटकर महज 12 किलोमीटर रह जाएगी.</li>
<li>इस नये पुल से निर्माण अ&#x200d;वधि के दौरान करीब 2.19 लाख श्रम दिवस के लिए प्रत्&#x200d;यक्ष रोजगार सृजित होंगे.</li>
<li>इस नये पुल के निर्माण से बिहार में राष्&#x200d;ट्रीय राजमार्ग 106 पर उदाकिशुनगंज और बिहपुर के बीच मौजूदा 30 किलोमीटर लम्&#x200d;बी खाई दूर हो जाएगी जो नेपाल/&#x200d;उत्&#x200d;तर बिहार/पूर्व-पश्चिम गलियारा (एनएच-57 से होते हुए) और दक्षिण बिहार/झारखंड/स्&#x200d;वर्ण चतुभुर्ज (एनएच-2 से होते हुए) के बीच संपर्क मुहैया कराएगी। इसके अलावा राष्&#x200d;ट्रीय राजमार्ग संख्&#x200d;या-31 की पूर्ण उपयोगिता सुनिश्चित होगी.</li>
<li>वर्तमान में यह राष्&#x200d;ट्रीय राजमार्ग केवल एक लेन/मध्&#x200d;यवर्ती लेन के साथ खराब स्थिति में है. इसलिए इस राजमार्ग पर औसत गति 20 किलोमीटर प्रति घंटे से कम है. लेकिन इस राजमार्ग के ‘पेव्&#x200d;ड शोल्&#x200d;डर के साथ 2-लेन’ में उन्&#x200d;नयन एवं पुल के निर्माण से यातायात की गति बढ़कर करीब 100 किलोमीटर प्रति घंटे हो जाएगी.</li>
</ul>
</div>
</div>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
