<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>Kala jagran &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
	<atom:link href="https://www.patnanow.com/tag/kala-jagran/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://www.patnanow.com</link>
	<description>Patna News Portal - हर ख़बर पर नज़र</description>
	<lastBuildDate>Tue, 15 Aug 2023 00:08:20 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.6.1</generator>

<image>
	<url>https://www.patnanow.com/assets/2022/08/cropped-PatnaNow_Logo_2022-32x32.png</url>
	<title>Kala jagran &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
	<link>https://www.patnanow.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>गाँठ नाटक का कला जागरण ने किया मंचन</title>
		<link>https://www.patnanow.com/kala-jagran-ne-kiya-ganth-ka-manchan/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[om prakash pandey]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 15 Aug 2023 00:08:18 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[PATNA]]></category>
		<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
		<category><![CDATA[कला और साहित्य]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[Drama]]></category>
		<category><![CDATA[Dramma]]></category>
		<category><![CDATA[Journalist O P Pandey]]></category>
		<category><![CDATA[Kala jagran]]></category>
		<category><![CDATA[Kalidas Rangalaya]]></category>
		<category><![CDATA[Natak]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA NOW]]></category>
		<category><![CDATA[Play]]></category>
		<category><![CDATA[Sangeet Natak Academy]]></category>
		<category><![CDATA[suman kumar]]></category>
		<category><![CDATA[पटना नाउ]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=77203</guid>

					<description><![CDATA[दलित के आईपीएस बनने और जाति पॉलिटिक्स की कहानी है गाँठ पटना, 15 अगस्त(ओ पी पांडेय). कला जागरण के कलाकारों ने रामधारी सिंह दिवाकर की कहानी गाँठ नाटक का मंचन कालिदास रंगालय, पटना में किया. संगीत नाटक अकादमी, नई दिल्ली के सौजन्य से आयोजित समारोह में विवेक कुमार नाट्य रूपांतरित नाटक गाँठ को परिकल्पित और निर्देशित सुमन कुमार ने किया. नाटक की शुरुआत दलितटोली में बच्चे के जन्म से शुरू होती है. बच्चे का जन्म होते ही नवजात की नाक छेदने की बात सुनकर पिता फगुनी राम बदहवास हो जाता है. लेकिन अंधविश्वास और सामाजिक जकड़न के कारण फगुनी इस हृदयविदारक घटना को रोक नहीं पाता. छोटी जाति में जन्म लेकर स्कूल जाने पर नकछेदी को बबुआन टोला का रामप्रताप सिंह उसके नाक में नथुनी डालकर प्रताड़ित करता है. नकछेदी को जाति और रंग साफ होने के कारण उसे जलील करता है. इधर नकछेदी अपने पिता फगुनी और मास्टर साहब की बात मानकर पढ़ाई-लिखाई में मन लगा रहा था. समय ने करवट बदला और नकछेदी मैट्रिक में जिला टॉप हो गया. यह खबर सुनते ही दलितटोली में उत्सव का माहौल हो जाता है तो बबुआन टोला में तो इस खबर ने ठनका ही गिरा दिया. वह यूपीएससी की परीक्षा में लगन और मेहनत से पढ़ाई कर पास हो जाता है और आईपीएस बन जाता है. इधर गांव में एक दिन खबर आती है कि एसपी नकछेदी आ रहा है. खबर आग के तरह पूरे इलाके में फैल जाती है. लेकिन इस बार बबुआन टोला में चन्द्रमा सिंह के यहाँ भी [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>दलित के आईपीएस बनने और जाति पॉलिटिक्स की कहानी है गाँठ</strong></p>



<p>पटना, 15 अगस्त(ओ पी पांडेय). कला जागरण के कलाकारों ने रामधारी सिंह दिवाकर की कहानी गाँठ नाटक का मंचन कालिदास रंगालय, पटना में किया. संगीत नाटक अकादमी, नई दिल्ली के सौजन्य से आयोजित समारोह में विवेक कुमार नाट्य रूपांतरित नाटक गाँठ को परिकल्पित और निर्देशित सुमन कुमार ने किया.</p>



<p>नाटक की शुरुआत दलितटोली में बच्चे के जन्म से शुरू होती है. बच्चे का जन्म होते ही नवजात की नाक छेदने की बात सुनकर पिता फगुनी राम बदहवास हो जाता है. लेकिन अंधविश्वास और सामाजिक जकड़न के कारण फगुनी इस हृदयविदारक घटना को रोक नहीं पाता. छोटी जाति में जन्म लेकर स्कूल जाने पर नकछेदी को बबुआन टोला का रामप्रताप सिंह उसके नाक में नथुनी डालकर प्रताड़ित करता है. नकछेदी को जाति और रंग साफ होने के कारण उसे जलील करता है. इधर नकछेदी अपने पिता फगुनी और मास्टर साहब की बात मानकर पढ़ाई-लिखाई में मन लगा रहा था. समय ने करवट बदला और नकछेदी मैट्रिक में जिला टॉप हो गया. यह खबर सुनते ही दलितटोली में उत्सव का माहौल हो जाता है तो बबुआन टोला में तो इस खबर ने ठनका ही गिरा दिया. वह यूपीएससी की परीक्षा में लगन और मेहनत से पढ़ाई कर पास हो जाता है और आईपीएस बन जाता है. इधर गांव में एक दिन खबर आती है कि एसपी नकछेदी आ रहा है. खबर आग के तरह पूरे इलाके में फैल जाती है. लेकिन इस बार बबुआन टोला में चन्द्रमा सिंह के यहाँ भी जश्न की तैयारी होती है. नाच का इंतजाम किया जाता है क्योंकि बबुआन टोला का रामप्रताप सिंह शहर में नकछेदी नहीं एसपी एनसी राम का मित्र बन गया है. विदेश से वकीली की पढ़ाई करने के बाद वह भी उसी शहर के कोर्ट में प्रैक्टिस करता है. नकछेदी गांव आता है लेकिन वह बबुआन टोला के ड्योढ़ी पर ही ठहर जाता है. इधर फगुनी राम बेटे का इंतजार अपने मड़ईया में ही करता है. काफी मान मनौवल के बाद एसपी एन सी राम अपने घर अपनी पत्नी फगुनी के साथ तो जाता है लेकिन ड्योढ़ी का मान सम्मान दलितटोली पर भारी पड़ जाता है. नकछेदी फिर बाबूसाहब के पास ही चला जाता है.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img fetchpriority="high" decoding="async" width="650" height="488" src="https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna-650x488.jpg" alt="" class="wp-image-77204" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna-650x488.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna-350x263.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna-768x576.jpg 768w, https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna.jpg 1280w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>मेघा किताबों में पढ़ी बातों को गांव में आकर जमीनी हक़ीक़त से वाकिफ होती है, लेकिन वह भी कश्मकश में कुछ कहने की स्थिति में नहीं होती है. घटरा और टेटनराम के जिद की वजह से मेघा नकछेदी को खाने के लिए घटरा के घर ले जाती है. लेकिन नई थाली देखकर नकछेदी चौंक जाता है और पुछने पर जो जवाब घटरा देता है उससे वह सन्न रह जाता है. एसपी एनसी राम को अपने जाति की सच्चाई और बबुआन टोला की असली पालिटिक्स का पता चल जाता है.</p>



<p>समाज में व्याप्त जाति प्रथा के कुरीतियों को दर्शाता गाँठ में मंच पर मिथिलेश कुमार सिन्हा, शशांक कुमार, कौशिक कुमार, संजय राय, रणविजय सिंह,चंद्रावती कुमारी,कुणाल कुमार,विभूति भूषण, अभिषेक कुमार, ऋतु कुमारी, परितोष कुमार, मनीष कुमार, नागेंद्र कुमार, अभय कुमार, सुनीत पाण्डेय, अरविन्द कुमार,रजनीकान्त,राजा बाबू, निरंजन कुमार,सहजानंद और हरि कृष्ण सिंह मुन्ना सहित सभी कलाकारों के सशक्त अभिनय दर्शकों को काफी प्रभावित किया.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img decoding="async" width="488" height="650" src="https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna-01-488x650.jpg" alt="" class="wp-image-77205" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna-01-488x650.jpg 488w, https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna-01-263x350.jpg 263w, https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna-01-768x1024.jpg 768w, https://www.patnanow.com/assets/2023/08/PNC_Ganth-Play-Patna-01.jpg 960w" sizes="(max-width: 488px) 100vw, 488px" /></figure>



<p>मंच परे- पार्श्व स्वर- स्वाति जायसवाल, मंच व्यवस्था- सुनील कुमार, मंच सज्जा- आदर्श वैभव, रूप सज्जा-अंजू कुमारी,मनोज मयंक, संगीत निर्देशन-राहुल राज,ध्वनि नियंत्रण- उपेन्द्र कुमार, राजेश कुमार, प्रकाश परिकल्पना- राजीव रॉय, प्रकाश संचालन- राज कुमार शर्मा,वस्त्र विन्यास-रीना कुमारी, प्रस्तुति सहयोग- रणविजय सिंह, शैलेन्द्र कुमार,रोज सिंह, प्रस्तुति प्रभारी- रोहित कुमार और मार्गदर्शन-गणेश प्रसाद सिन्हा,अखिलेश्वर प्रसाद सिन्हा,डा.किशोर सिन्हा,नीलेश्वर मिश्रा, कन्हैया प्रासाद ने किया.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>मकान के जरिये माँ के दर्द को दर्शकों तक पहुंचाने की शानदार कोशिश</title>
		<link>https://www.patnanow.com/the-pain-of-a-mother-trough-makan/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[om prakash pandey]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 29 Jul 2023 00:28:11 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[PATNA]]></category>
		<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
		<category><![CDATA[कला और साहित्य]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[bihar]]></category>
		<category><![CDATA[Journalist O P Pandey]]></category>
		<category><![CDATA[Kala jagran]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA NOW]]></category>
		<category><![CDATA[Prem nath khanna memorial samman]]></category>
		<category><![CDATA[पटना नाउ]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=76765</guid>

					<description><![CDATA[प्रेमनाथ खन्ना स्मृति आदि शक्ति सम्मान समारोह के दूसरे दिन किलकारी के बच्चों ने रंगारंग प्रस्तुति पटना, 29 जुलाई. प्रेमनाथ खन्ना स्मृति आदि शक्ति सम्मान समारोह के दूसरे दिन शुक्रवार को किलकारी के बच्चों ने कई रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किए. इस अवसर पर गजल संध्या और मकान नाटक का मंचन भी किया गया. किलकारी के बाल कलाकारों कविता पाठ, कजरी, भजन और नृत्य की प्रस्तुति दी. कविता पाठ में आकृति राज, आदित्य राज, गणपति हिमांशु, सत्यम,सुप्रिया ने काव्य पाठ किया. कजरी एवं भजन में दिव्या श्री, एंजल वर्मा, तनीषा,अर्पिता, आर्या,वर्षा,साक्षी सहित कई सभी बच्चों ने अपनी मन मिह लिया. इसके बाद बच्चों ने गणेश कवुथूवम, कत्थक तराना, कजरी लोक नृत्य, भो शंभू भरतनाट्यम शैली में कर सभी दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया. इसमें कृति, नेहा,अंजली, नंदनी,मो. आरिफ़,अमरेश, तेजस्वी,आरती सहित कई बाल कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति दी. इस अवसर पर चर्चित लेखिका ममता मेहरोत्रा की काव्य संग्रह बिखरे पुष्प का विमोचन किया गया. कार्यक्रम दूरदर्शन केंद्र पटना के कार्यक्रम प्रमुख डा. राजकुमार नाहर, उद्योग विभाग के निदेशक दिलीप कुमार भी उपास्थित थे. सामायिक परिवेश की ओर से गजल संध्या का भी आयोजन किया गया. इसमें समीर परिमल, कासिम खुरशीद ने गजल पाठ किया. कार्यक्रम का संचालन श्वेता गजल ने किया. इसके बाद आदि शक्ति सम्मान समारोह के तहत ममता मेहरोत्रा लिखित अखिलेश्वर प्रसाद सिन्हा नाट्य रूपांतरित एवं सुमन कुमार परिकल्पित एवं निर्देशित मकान नाटक का मंचन किया गया. कलाकारों में कौशिक कुमार(शंकर साहू), शशांक कुमार (उमेश-छोटा भाई), चंद्रावती कुमारी(छोटी बहु), स्वाति जायसवाल(बड़ी बहु), अर्चना एंजल(विभा-माँ), मिथिलेश कुमार सिन्हा (दूधवाला/मजदूर), [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>प्रेमनाथ खन्ना स्मृति आदि शक्ति सम्मान समारोह के दूसरे दिन किलकारी के बच्चों ने रंगारंग प्रस्तुति</strong></p>



<p>पटना, 29 जुलाई. प्रेमनाथ खन्ना स्मृति आदि शक्ति सम्मान समारोह के दूसरे दिन शुक्रवार को किलकारी के बच्चों ने कई रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किए. इस अवसर पर गजल संध्या और मकान नाटक का मंचन भी किया गया. किलकारी के बाल कलाकारों कविता पाठ, कजरी, भजन और नृत्य की प्रस्तुति दी. कविता पाठ में आकृति राज, आदित्य राज, गणपति हिमांशु, सत्यम,सुप्रिया ने काव्य पाठ किया. कजरी एवं भजन में दिव्या श्री, एंजल वर्मा, तनीषा,अर्पिता, आर्या,वर्षा,साक्षी सहित कई सभी बच्चों ने अपनी मन मिह लिया.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img decoding="async" width="650" height="472" src="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-04-650x472.jpg" alt="" class="wp-image-76766" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-04-650x472.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-04-350x254.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-04-768x558.jpg 768w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-04.jpg 1080w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>इसके बाद बच्चों ने गणेश कवुथूवम, कत्थक तराना, कजरी लोक नृत्य, भो शंभू भरतनाट्यम शैली में कर सभी दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया. इसमें कृति, नेहा,अंजली, नंदनी,मो. आरिफ़,अमरेश, तेजस्वी,आरती सहित कई बाल कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति दी.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="287" src="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-01-650x287.jpg" alt="" class="wp-image-76767" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-01-650x287.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-01-350x155.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-01-768x339.jpg 768w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-01.jpg 1080w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>इस अवसर पर चर्चित लेखिका ममता मेहरोत्रा की काव्य संग्रह बिखरे पुष्प का विमोचन किया गया. कार्यक्रम दूरदर्शन केंद्र पटना के कार्यक्रम प्रमुख डा. राजकुमार नाहर, उद्योग विभाग के निदेशक दिलीप कुमार भी उपास्थित थे. सामायिक परिवेश की ओर से गजल संध्या का भी आयोजन किया गया. इसमें समीर परिमल, कासिम खुरशीद ने गजल पाठ किया. कार्यक्रम का संचालन श्वेता गजल ने किया.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="282" src="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-03-650x282.jpg" alt="" class="wp-image-76768" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-03-650x282.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-03-350x152.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-03-768x334.jpg 768w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-03.jpg 1080w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>इसके बाद आदि शक्ति सम्मान समारोह के तहत ममता मेहरोत्रा लिखित अखिलेश्वर प्रसाद सिन्हा नाट्य रूपांतरित एवं सुमन कुमार परिकल्पित एवं निर्देशित मकान नाटक का मंचन किया गया. कलाकारों में कौशिक कुमार(शंकर साहू), शशांक कुमार (उमेश-छोटा भाई), चंद्रावती कुमारी(छोटी बहु), स्वाति जायसवाल(बड़ी बहु), अर्चना एंजल(विभा-माँ), मिथिलेश कुमार सिन्हा (दूधवाला/मजदूर), हरि कृष्ण सिंह(सेठ), मांशीष बच्चन(हाकिम), आदर्श प्रियदर्शी (चपरासी), अरविन्द कुमार(मजदूर/व्यक्ति), अराध्या सिन्हा एवं रिया जायसवाल(बेटी), रणविजय सिंह(मौलवी साहब/ मजदूर)ने अपने अभिनय से काफी प्रभावित किया.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="288" src="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-02-650x288.jpg" alt="" class="wp-image-76769" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-02-650x288.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-02-350x155.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-02-768x341.jpg 768w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-02.jpg 1080w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>पार्श्व से मंच व्यवस्था- सुनील कुमार, मंच सज्जा- रोज़ सिंह, रूप सज्जा-अंजू कुमारी, संगीत निर्देशन-राहुल राज, ध्वनि नियंत्रण-उपेन्द्र कुमार,प्रकाश संचालन-राज कुमार शर्मा,वस्त्र विन्यास-रीना कुमारी, प्रस्तुति सहयोग- रणविजय सिंह, शैलेन्द्र कुमार, सौरभ सिंह, प्रस्तुति संयोजन रोहित कुमार और मार्गदर्शन-गणेश प्रसाद सिन्हा,डा.किशोर सिन्हा,नीलेश्वर मिश्रा, कन्हैया प्रासाद ने किया.</p>



<p><strong>मकान एक माँ के दर्द की है कहानी</strong></p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="278" src="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-650x278.jpg" alt="" class="wp-image-76770" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-650x278.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-350x150.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh-768x329.jpg 768w, https://www.patnanow.com/assets/2023/07/PNC_Premnath-khanna-samaroh.jpg 1080w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>कला जागरण की प्रस्तुति उस माँ के दर्द को व्यक्त करती है जिसके सुन्दर मकान का स्वप्न पूरा होकर भी अधूरा रह जाता है. हर इंसान का ख़्वाब होता है कि उसका अपना मकान हो. यही विभा भी चाहती थी. इस काम में उसके दोनों दुलारे बेटों और मकान बनाने में काम करने वाले मजदूरों ने भी खूब साथ दिया. एक सुन्दर मकान विभा विला बन कर तौयार हो जाता है. दोनों बेटे और बहुएं साथ रहने लगती हैं किन्तु जल्द हीं दो औरतों का झगड़ा दो भाईओं के बीच मन मुटाव का कारण बन जाता है. एक दूसरे पर बेईमानी के आरोप लगते हैं. घर के बीच दीवार खीचकर बटवारे की नहीं तो हिस्सा बेचकर पैसे वापस करने को कहा जाता है. मामला कचहरी में जाता है. मकान की नीलामी होती है और उसमे स्वप्निल मयखाना खुल जाता है. माँ का सपना चकनाचूर हो जाता है.</p>



<p><strong>PNCB</strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>आज से तीन दिवसीय रंग आयोजन पटना में</title>
		<link>https://www.patnanow.com/aaj-se-3-divasiy-natak-ka-aarambh/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[om prakash pandey]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 24 Feb 2023 02:39:16 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA]]></category>
		<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
		<category><![CDATA[कला और साहित्य]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[bihar]]></category>
		<category><![CDATA[Dr. Chaturbhuj]]></category>
		<category><![CDATA[Drama]]></category>
		<category><![CDATA[Journalist O P Pandey]]></category>
		<category><![CDATA[Kala jagran]]></category>
		<category><![CDATA[Kalidas rangalay]]></category>
		<category><![CDATA[O P Lila Pandey]]></category>
		<category><![CDATA[O P Pandey]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA NOW]]></category>
		<category><![CDATA[suman kumar]]></category>
		<category><![CDATA[Theatre]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=71790</guid>

					<description><![CDATA[रावण के मंचन के साथ 14वां डा.चतुर्भुज स्मृति अखिल भारतीय ऐतिहासिक नाट्य महोत्सव -2023 का होगा आगाज पटना,24 फरवरी (ओ पी पांडेय).बिहार की राजधानी पटना में आज से शुरू हो रहा है तीन दिवसीय रंग आयोजन जसमें पटना के रंग दर्शक तीन दिनों तक ऐतिहासिक रंग में नजर आएंगे. डा.चतुर्भुज की स्मृति में 24 से 26 फरवरी तक पटना के कालिदास रंगालय में आयोजित हो रहे 14वां अखिल भारतीय ऐतिहासिक नाट्य महोत्सव का शुभारंभ 24 फरवरी को &#8216;रावण&#8217; के नाट्य मंचन से होगा. कला जागरण और मगध कलाकार द्वारा आयोजित इस तीन दिवसीय आयोजन में हर दिन एक ऐतिहासिक नाटक का मंचन किया जाने वाला है. इस अवसर पर डा.चतुर्भुज स्मृति नाट्य पत्रकारिता सम्मान चर्चित पत्रकार प्रीति सिंह को को प्रदान किया जाएगा. कला जागरण के कलाकारों द्वारा सुसज्जित इस नाटक का निर्देशन जहां वरिष्ठ नाट्य निर्देशक सुमन कुमार ने किया है वही इस नाटक को लिखा है डा.चतुर्भुज ने. 25 फरवरी को नाटक कर्ण और 26 को आजादी नाटक की प्रस्तुति होगी. PNCB]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>रावण के मंचन के साथ 14वां डा.चतुर्भुज स्मृति अखिल भारतीय ऐतिहासिक नाट्य महोत्सव -2023 का होगा आगाज</strong></p>



<p>पटना,24 फरवरी (ओ पी पांडेय).बिहार की राजधानी पटना में आज से शुरू हो रहा है तीन दिवसीय रंग आयोजन जसमें पटना के रंग दर्शक तीन दिनों तक ऐतिहासिक रंग में नजर आएंगे. डा.चतुर्भुज की स्मृति में 24 से 26 फरवरी तक पटना के कालिदास रंगालय में आयोजित हो रहे 14वां अखिल भारतीय ऐतिहासिक नाट्य महोत्सव का शुभारंभ 24 फरवरी को &#8216;रावण&#8217; के नाट्य मंचन से होगा.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="267" height="600" src="https://www.patnanow.com/assets/2023/02/PNC_kala-jagaran-2023.jpg" alt="" class="wp-image-71791" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2023/02/PNC_kala-jagaran-2023.jpg 267w, https://www.patnanow.com/assets/2023/02/PNC_kala-jagaran-2023-156x350.jpg 156w" sizes="(max-width: 267px) 100vw, 267px" /></figure>



<p>कला जागरण और मगध कलाकार द्वारा आयोजित इस तीन दिवसीय आयोजन में हर दिन एक ऐतिहासिक नाटक का मंचन किया जाने वाला है. इस अवसर पर डा.चतुर्भुज स्मृति नाट्य पत्रकारिता सम्मान चर्चित पत्रकार प्रीति सिंह को को प्रदान किया जाएगा. कला जागरण के कलाकारों द्वारा सुसज्जित इस नाटक का निर्देशन जहां वरिष्ठ नाट्य निर्देशक सुमन कुमार ने किया है वही इस नाटक को लिखा है डा.चतुर्भुज ने. 25 फरवरी को नाटक कर्ण और 26 को आजादी नाटक की प्रस्तुति होगी.</p>



<p><strong>PNCB</strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
