<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>indian railway &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
	<atom:link href="https://www.patnanow.com/tag/indian-railway/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://www.patnanow.com</link>
	<description>Patna News Portal - हर ख़बर पर नज़र</description>
	<lastBuildDate>Thu, 26 Mar 2026 08:38:46 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.8.5</generator>

<image>
	<url>https://www.patnanow.com/assets/2022/08/cropped-PatnaNow_Logo_2022-32x32.png</url>
	<title>indian railway &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
	<link>https://www.patnanow.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>दुर्घटनाओं से निजात को देशभर में बनेगी रेल पुलिया, सिर्फ 12 घंटे में हो जाएगी तैयार</title>
		<link>https://www.patnanow.com/rail-puliya/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 26 Mar 2026 08:37:53 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[We Care]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[दुर्घटना]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[ecr]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[Rail accident]]></category>
		<category><![CDATA[Rail mantri]]></category>
		<category><![CDATA[Rail puliya]]></category>
		<category><![CDATA[Unmanned rail track]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=95923</guid>

					<description><![CDATA[देश भर में सुविधाजनक पुलियाएँ बनाने का रेल मंत्री का निर्देश रेल पटरी पार करते समय होने वाली दुर्घटनाओं पर इन रेल पुलियाओं से लगेगी रोक। पटरी के आर पार इन सुगम पुलियाओं का निर्माण मात्र 12 घंटे में किया जा सकेगा रेल पटरी पार करते समय होने वाली दुर्घटनाओं को अब रेलवे मिशन मोड में रोकेगा. सुविधाजनक पुलियाएँ बनाकर इसे सुनिश्चित किया जाएगा. इसकी व्यापक तैयारियों के रूप में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज नई दिल्ली में संबंधित अधिकारियों की एक workshop की. जहाँ रेल पटरी के एक तरफ बस्ती है और दूसरी तरफ़ खेत, विद्यालय, श्मशान या अन्य उपयोगी एवं महत्वपूर्ण स्थान, ऐसे स्थानों पर ये रेल पुलियाएँ बनाई जायेंगी. रेल मंत्री ने देशभर में ऐसी रेल पुलियाओं को बनाने का निर्देश दिया, जहाँ अपने रोजमर्रा के जीवन में बड़ी संख्या में लोग पटरियों को पार करते हैं. जीवनदायी विकल्प के रूप में उभरेगी रेल पुलिया रेल मंत्री ने अधिकारियों को एक ऐसी सुविधाजनक रेल पुलिया बनाने को कहा जो पटरी पार करने वाले लोगों के लिए एक जीवनदायिनी विकल्प के रूप में उभरे. इन रेल पुलियाओं को बनाते समय यह ध्यान रखा जाएगा कि एक आम आदमी साइकिल, मोटर साइकिल तथा कामकाज से जुड़ी अन्य चीजों को भी अपने साथ ले जा सके. इससे देशभर में पटरी पार करते समय होने वाली दुर्घटनाओं पर रोक लगेगी. देश की एक बड़ी आबादी के लिए भारतीय रेल की ये पुलिया वरदान साबित होगी. सुगम और सुरक्षित डिज़ाइन रेल मंत्री ने अधिकारियों को देश की इस बड़ी समस्या से [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>देश भर में सुविधाजनक पुलियाएँ बनाने का रेल मंत्री का निर्देश</strong></p>



<p><strong>रेल पटरी पार करते समय होने वाली दुर्घटनाओं पर इन रेल पुलियाओं से लगेगी रोक।</strong></p>



<p><strong>पटरी के आर पार इन सुगम पुलियाओं का निर्माण मात्र 12 घंटे में किया जा सकेगा</strong></p>



<p>रेल पटरी पार करते समय होने वाली दुर्घटनाओं को अब रेलवे मिशन मोड में रोकेगा. सुविधाजनक पुलियाएँ बनाकर इसे सुनिश्चित किया जाएगा. इसकी व्यापक तैयारियों के रूप में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज नई दिल्ली में संबंधित अधिकारियों की एक workshop की.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img fetchpriority="high" decoding="async" width="724" height="482" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/07/PNC-rail-minister-ashwani-vaishnav.jpg" alt="" class="wp-image-85786" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/07/PNC-rail-minister-ashwani-vaishnav.jpg 724w, https://www.patnanow.com/assets/2024/07/PNC-rail-minister-ashwani-vaishnav-650x433.jpg 650w" sizes="(max-width: 724px) 100vw, 724px" /></figure>



<p>जहाँ रेल पटरी के एक तरफ बस्ती है और दूसरी तरफ़ खेत, विद्यालय, श्मशान या अन्य उपयोगी एवं महत्वपूर्ण स्थान, ऐसे स्थानों पर ये रेल पुलियाएँ बनाई जायेंगी. रेल मंत्री ने देशभर में ऐसी रेल पुलियाओं को बनाने का निर्देश दिया, जहाँ अपने रोजमर्रा के जीवन में बड़ी संख्या में लोग पटरियों को पार करते हैं.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img decoding="async" width="1024" height="601" src="https://www.patnanow.com/assets/2026/03/pnc-railway-puliya-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-95929" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2026/03/pnc-railway-puliya-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2026/03/pnc-railway-puliya-650x382.jpg 650w" sizes="(max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p><strong>जीवनदायी विकल्प के रूप में उभरेगी रेल पुलिया</strong></p>



<p>रेल मंत्री ने अधिकारियों को एक ऐसी सुविधाजनक रेल पुलिया बनाने को कहा जो पटरी पार करने वाले लोगों के लिए एक जीवनदायिनी विकल्प के रूप में उभरे.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img decoding="async" width="640" height="460" src="https://www.patnanow.com/assets/2026/03/pnc-rail-puliya-small-bridge.jpg" alt="" class="wp-image-95927"/></figure>



<p>इन रेल पुलियाओं को बनाते समय यह ध्यान रखा जाएगा कि एक आम आदमी साइकिल, मोटर साइकिल तथा कामकाज से जुड़ी अन्य चीजों को भी अपने साथ ले जा सके. इससे देशभर में पटरी पार करते समय होने वाली दुर्घटनाओं पर रोक लगेगी. देश की एक बड़ी आबादी के लिए भारतीय रेल की ये पुलिया वरदान साबित होगी.</p>



<p><strong>सुगम और सुरक्षित डिज़ाइन</strong></p>



<p>रेल मंत्री ने अधिकारियों को देश की इस बड़ी समस्या से अगले 5-6 वर्षों में निजात दिलाने को कहा. ये पुलियाएँ इस प्रकार से बनाई जायेंगी ताकि पटरियों के आर पार इनका निर्माण मात्र 12 घंटे में हो सके.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="800" height="632" src="https://www.patnanow.com/assets/2026/03/pnc-rail-small-bridge-puliya.jpg" alt="" class="wp-image-95928" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2026/03/pnc-rail-small-bridge-puliya.jpg 800w, https://www.patnanow.com/assets/2026/03/pnc-rail-small-bridge-puliya-650x514.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 800px) 100vw, 800px" /></figure>



<p>रेल मंत्री ने कहा कि, डिज़ाइन इस प्रकार की हो, ताकि लोगों को इसे इस्तेमाल करने में कोई हिचक न हो. जल भराव से पुलिया प्रभावित न हो. रेल पुलिया बनाने का यह महत्वपूर्ण निर्णय पिछले कई दिनों से अधिकारियों के साथ चली आ रही मंत्रणा का परिणाम है. रेल मंत्री का मानना है कि, व्यवस्था संवेदनशील हो तथा एक आम आदमी की समस्यों का सभी अधिकारी ऐसा समाधान निकालें जो आने वाले कई दशकों तक प्रभावी रहे.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यात्रीगण कृपया ध्यान दें, रेल टिकट के इस नये नियम से आप भी होंगे प्रभावित</title>
		<link>https://www.patnanow.com/railway-reforms/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 24 Mar 2026 16:54:04 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[देश दुनिया]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[ecr]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[New ticket booking rules]]></category>
		<category><![CDATA[railway]]></category>
		<category><![CDATA[Railway ticket rules]]></category>
		<category><![CDATA[Ticket booking]]></category>
		<category><![CDATA[Ticket refund]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=95898</guid>

					<description><![CDATA[भारतीय रेल ने ‘रिफॉर्म एक्सप्रेस’ के तहत पाँच नए सुधारों की घोषणा की ट्रेन के रवाना होने से 30 मिनट पहले तक अपना बोर्डिंग स्टेशन बदल सकेंगे दिल्ली।। रेल, सूचना एवं प्रसारण और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज घोषणा की है कि 2026 के दौरान सुधार करने के भारतीय रेल के संकल्प के अनुरूप, पाँच नए सुधारों को स्वीकृति दी गई है. इन नए सुधारों की मंज़ूरी के साथ, वर्ष 2026 के लिए सुधारों की कुल संख्या नौ हो गई है. अश्विनी वैष्णव ने कहा कि वर्तमान “रिफॉर्म एक्सप्रेस” पहल के तहत, चार सुधारों की घोषणा पहले ही की जा चुकी थी और अब पाँच नए सुधार पेश किए जा रहे हैं. इन पाँच नए सुधारों में से दो माल ढुलाई से, एक निर्माण से और दो यात्रियों की सुविधा से संबंधित हैं. नमक के परिवहन में सुधार पांचवां सुधार नमक के परिवहन पर केंद्रित है. इसके बारे में अश्विनी वैष्णव ने कहा कि भारत दुनिया में नमक के सबसे बड़े उत्पादकों और निर्यातकों में से एक है. नमक का उत्पादन करने वाले तीन प्रमुख राज्य तमिलनाडु, गुजरात और राजस्थान हैं. भारत में सालाना उत्पादित होने वाले लगभग 35 मिलियन टन नमक में से, लगभग 9.2 मिलियन टन प्रति वर्ष रेल द्वारा पहुँचाया जाता है, जो महत्वपूर्ण और ऐसा अवसर है जिसका अब तक उपयोग नहीं किया गया. केंद्रीय मंत्री ने बताया कि नमक के परिवहन में रेलवे की हिस्सेदारी उसके उपयोग के अनुसार अलग-अलग होती है &#8211; औद्योगिक नमक के लिए यह लगभग 25 प्रतिशत [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>भारतीय रेल ने ‘रिफॉर्म एक्सप्रेस’ के तहत पाँच नए सुधारों की घोषणा की</strong></p>



<p><strong>ट्रेन के रवाना होने से 30 मिनट पहले तक अपना बोर्डिंग स्टेशन बदल सकेंगे</strong></p>



<p>दिल्ली।। रेल, सूचना एवं प्रसारण और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज घोषणा की है कि 2026 के दौरान सुधार करने के भारतीय रेल के संकल्प के अनुरूप, पाँच नए सुधारों को स्वीकृति दी गई है. इन नए सुधारों की मंज़ूरी के साथ, वर्ष 2026 के लिए सुधारों की कुल संख्या नौ हो गई है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1019" height="575" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-railway-minister-ashwani-vaishnav-1.jpg" alt="" class="wp-image-91645" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-railway-minister-ashwani-vaishnav-1.jpg 1019w, https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-railway-minister-ashwani-vaishnav-1-650x367.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 1019px) 100vw, 1019px" /></figure>



<p>अश्विनी वैष्णव ने कहा कि वर्तमान “रिफॉर्म एक्सप्रेस” पहल के तहत, चार सुधारों की घोषणा पहले ही की जा चुकी थी और अब पाँच नए सुधार पेश किए जा रहे हैं. इन पाँच नए सुधारों में से दो माल ढुलाई से, एक निर्माण से और दो यात्रियों की सुविधा से संबंधित हैं.</p>



<p><strong>नमक के परिवहन में सुधार</strong></p>



<p>पांचवां सुधार नमक के परिवहन पर केंद्रित है. इसके बारे में अश्विनी वैष्णव ने कहा कि भारत दुनिया में नमक के सबसे बड़े उत्पादकों और निर्यातकों में से एक है. नमक का उत्पादन करने वाले तीन प्रमुख राज्य तमिलनाडु, गुजरात और राजस्थान हैं. भारत में सालाना उत्पादित होने वाले लगभग 35 मिलियन टन नमक में से, लगभग 9.2 मिलियन टन प्रति वर्ष रेल द्वारा पहुँचाया जाता है, जो महत्वपूर्ण और ऐसा अवसर है जिसका अब तक उपयोग नहीं किया गया.</p>



<p>केंद्रीय मंत्री ने बताया कि नमक के परिवहन में रेलवे की हिस्सेदारी उसके उपयोग के अनुसार अलग-अलग होती है &#8211; औद्योगिक नमक के लिए यह लगभग 25 प्रतिशत है और मानव उपभोग के लिए इस्तेमाल होने वाले नमक के लिए यह लगभग 65 प्रतिशत है. उन्होंने यह भी कहा कि रेलवे द्वारा पहुँचाए जाने वाले कुल नमक का 62 प्रतिशत हिस्सा 1,000 से 2,500 किलोमीटर की दूरी तय करता है, जिससे यह खंड रेल परिवहन के लिए बेहद उपयुक्त बन जाता है.</p>



<p>अश्विनी वैष्णव ने कहा कि नमक उत्पादकों और ट्रांसपोर्टरों के साथ विस्तृत विचार-विमर्श किया गया ताकि इस क्षेत्र की चुनौतियों को समझा जा सके. इस अध्ययन में कई प्रमुख समस्याओं की पहचान की गई, जिनमें वैगनों का अनुपयुक्त डिज़ाइन, नमक के कारण वैगनों में जंग लगना, तिरपाल से ढके होने के बावजूद खुले वैगनों में पानी का रिसाव होना, और सामान की कई बार लोडिंग-अनलोडिंग (हैंडलिंग) के कारण लागत में वृद्धि और नुकसान होना शामिल हैं.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="583" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/05/pnc-malgadi-truck.jpg" alt="" class="wp-image-61841" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/05/pnc-malgadi-truck.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/05/pnc-malgadi-truck-350x314.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>इन समस्याओं को हल करने के लिए अब स्टेनलेस स्टील से बना, ऊपर से लोड होने वाला और बगल से खाली होने वाला कंटेनर सिस्टम सफलतापूर्वक विकसित किया गया है. यह कंटेनर जंग से बचाने के लिए स्टेनलेस स्टील से बनाया गया है, और इसमें ऊपर से लोड करने के लिए फ्लैप तथा बगल से खाली करने के लिए हाइड्रोलिक तंत्र लगा है, जिससे गंतव्य स्थान पर ट्रकों में नमक को आसानी से अनलोड किया जा सकता है.</p>



<p>पिछली थोक सीमेंट नीति सुधार के असर का ज़िक्र करते हुए, उन्होंने कहा कि लागू किए गए बदलावों से लोडिंग में तुरंत बढ़ोतरी हुई. रेल से ले जाए जाने वाले थोक सीमेंट की मात्रा सितंबर 2025 में लगभग 37,000 टन से बढ़कर जनवरी 2026 तक लगभग 95,000 टन हो गई. उन्होंने इसी तरह की उम्मीद ज़ाहिर की कि नमक और ऑटोमोबाइल परिवहन में किए गए सुधारों से इन क्षेत्रों में रेल माल ढुलाई की हिस्सेदारी में काफ़ी सुधार होगा.</p>



<p><strong>टिकट रद्द करना और रिफंड</strong></p>



<p>केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आठवां सुधार यात्री सुविधा पर केंद्रित है, जिसमें टिकटिंग सिस्टम के गलत इस्तेमाल को रोकने और असली यात्रियों के लिए पहुंच बेहतर बनाने के उपाय शामिल हैं.</p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="366" src="https://www.patnanow.com/assets/2017/03/pnc-pos-at-rail-ticket-counter-650x366.jpg" alt="" class="wp-image-14338" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/03/pnc-pos-at-rail-ticket-counter.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/03/pnc-pos-at-rail-ticket-counter-350x197.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>अश्विनी वैष्णव ने कहा कि टिकटों की कालाबाज़ारी और तत्काल सिस्टम का गलत इस्तेमाल बड़ी चिंता का विषय रहा है. इस समस्या से निपटने के लिए, रेलवे ने बॉट और धोखाधड़ी वाले सॉफ्टवेयर का पता लगाने के लिए तकनीक का इस्तेमाल शुरू किया. आधुनिक तकनीकी उपायों ने तत्काल विंडो खुलते ही तुरंत टिकट बुक करने की एजेंटों और दलालों की क्षमता पर रोक लगा दी, साथ ही आधार-आधारित ओटीपी वेरिफिकेशन भी शुरू किया गया. विस्तृत डेटा विश्लेषण के आधार पर आईआरसीटीसी सिस्टम से लगभग 3 करोड़ नकली खातों की पहचान करके उन्हें हटा दिया गया. इसके परिणामस्वरूप टिकटों की उपलब्धता में काफ़ी सुधार हुआ.</p>



<figure class="wp-block-embed is-type-rich is-provider-twitter wp-block-embed-twitter"><div class="wp-block-embed__wrapper">
<blockquote class="twitter-tweet" data-width="550" data-dnt="true"><p lang="en" dir="ltr">🚆 8th &amp; 9th Railway Reforms in 2026<br>➡️ Ticket cancellation, Refunds &amp; Boarding Flexibility soon<br><br>✅ Refund rules to curb touts I Reduction in time for Class upgradation<br>✅ Change of boarding point till 30 mins before departure |</p>&mdash; Ashwini Vaishnaw (@AshwiniVaishnaw) <a href="https://twitter.com/AshwiniVaishnaw/status/2036407088063324460?ref_src=twsrc%5Etfw">March 24, 2026</a></blockquote><script async src="https://platform.twitter.com/widgets.js" charset="utf-8"></script>
</div></figure>



<p>इस समस्या से निपटने के लिए, प्रस्थान से 48, 12 और 4 घंटे पहले टिकट रद्द करने की पुरानी समय-सीमा को बदलकर अब 72, 24 और 8 घंटे कर दिया गया है.यह बदलाव आरक्षण चार्ट तैयार करने की प्रक्रिया के अनुरूप किया गया है, जो अब प्रस्थान से 4 घंटे पहले के बजाय 9 से 18 घंटे पहले तैयार किया जाता है. यात्रियों से इसके लिए कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जाएगा. आरक्षण चार्ट पहले से तैयार होने से यात्रियों को होने वाली अनिश्चितता कम होती है, जिससे प्रतीक्षा सूची (वेटिंग लिस्ट) वाले यात्री बेहतर योजना बना पाते हैं और दूरदराज के इलाकों से आने वाले यात्रियों को भी सुविधा मिलती है. चार्ट पहले से तैयार होने से यात्रा के वैकल्पिक इंतज़ाम करना आसान हो जाता है, खाली बर्थ का बेहतर इस्तेमाल हो पाता है और पारदर्शिता भी बढ़ती है. इन बदलावों का उद्देश्य आखिरी समय में अटकल या अंदाज़े के आधार पर की जाने वाली बुकिंग को हतोत्साहित करना और यह सुनिश्चित करना है कि टिकट असली यात्रियों को ही मिलें.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="671" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-89917" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-650x426.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-1536x1006.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-2048x1342.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>केंद्रीय मंत्री ने यह भी घोषणा की कि अब देश के किसी भी रेलवे स्टेशन से काउंटर टिकट रद्द किए जा सकेंगे. इसके साथ ही, टिकट केवल उस स्टेशन पर ही रद्द करने की पुरानी पाबंदी को भी हटा दिया गया है, जहां से यात्रा शुरू होनी थी. उन्होंने बताया कि ई-टिकट के लिए &#8216;टिकट डिपॉज़िट रसीद&#8217; (टीडीआर) जमा करने की अनिवार्यता को भी समाप्त कर दिया गया है, और अब टिकट रद्द करने पर रिफंड अपने आप ही मिल जाएगा. यात्रियों के हित में एक और कदम उठाते हुए, अब यात्री प्रस्थान से 30 मिनट पहले तक अपनी यात्रा की श्रेणी (क्लास) को अपग्रेड कर सकेंगे; जबकि पहले यह बदलाव केवल चार्ट तैयार होने से पहले तक ही संभव था.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="494" height="339" src="https://www.patnanow.com/assets/2017/07/PNC-ROAD-TAX-DTO-OFFICE-COUNTER.jpg" alt="" class="wp-image-19985" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/07/PNC-ROAD-TAX-DTO-OFFICE-COUNTER.jpg 494w, https://www.patnanow.com/assets/2017/07/PNC-ROAD-TAX-DTO-OFFICE-COUNTER-350x240.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2017/07/PNC-ROAD-TAX-DTO-OFFICE-COUNTER-130x90.jpg 130w" sizes="auto, (max-width: 494px) 100vw, 494px" /></figure>



<p>रेल मंत्री ने कहा कि इन सुधारों से रेलवे टिकटिंग प्रणाली में पारदर्शिता और बढ़ेगी, गलत इस्तेमाल या दुरुपयोग में कमी आएगी और यात्रियों का अनुभव भी बेहतर होगा.</p>



<p><strong>ट्रेन के बोर्डिंग पॉइंट में बदलाव</strong></p>



<p>केंद्रीय मंत्री ने कहा कि नौवां सुधार यात्रियों को रेलगाड़ी के शुरुआती स्टेशन से रवाना होने से 30 मिनट पहले तक डिजिटल रूप से अपना बोर्डिंग स्टेशन बदलने की सुविधा देता है. उन्होंने बताया कि पहले यात्री चार्ट तैयार होने से पहले ही बोर्डिंग पॉइंट बदल सकते थे. नए प्रावधान के तहत, यदि कोई यात्री शुरुआती स्टेशन से रेलगाड़ी में सवार नहीं हो पाता है, तो वह अगला सुविधाजनक स्टेशन चुन सकता है और अपनी कन्फर्म सीट खोए बिना रेलगाड़ी में सवार हो सकता है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="922" height="599" src="https://www.patnanow.com/assets/2026/03/1000820843.jpg" alt="" class="wp-image-95921" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2026/03/1000820843.jpg 922w, https://www.patnanow.com/assets/2026/03/1000820843-650x422.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 922px) 100vw, 922px" /></figure>



<p><strong>पिछले सुधारों की अद्यतन जानकारी</strong></p>



<p>पिछले सुधारों में बेहतर ऑन-बोर्ड सेवाओं के लिए सुधार, माल ढुलाई के लक्ष्यों को पूरा करने के लिए बेहतर सुविधाओं वाले &#8216;गति शक्ति कार्गो टर्मिनलों&#8217; का विस्तार, &#8216;रेलटेक नीति और पोर्टल&#8217;, और दावों के त्वरित व कागज़-रहित निपटान के लिए &#8216;रेलवे दावा अधिकरण&#8217; (e-RCT) का डिजिटलीकरण शामिल है.</p>



<p>केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सामान्य और अनारक्षित डिब्बों के लिए ऑन-बोर्ड सफाई सेवाओं को मिशन के रूप में शुरू किया गया है. सभी ज़ोनल रेलवे में कुल 86 रेलगाड़ियों की पहचान की गई है. पैनल में शामिल करने के लिए &#8216;अभिरुचि की अभिव्यक्ति&#8217; 5 ज़ोनल रेलवे द्वारा पहले ही जारी की जा चुकी है. कार्गो सुधारों के बारे में उन्होंने कहा कि &#8216;गति शक्ति कार्गो टर्मिनल नीति&#8217; में किए गए बदलावों को अधिसूचित कर दिया गया है और संशोधित ढांचे के तहत नए आवेदनों पर कार्रवाई की जा रही है.</p>



<p>हाल ही में शुरू की गई &#8216;रेलटेक नीति&#8217; का ज़िक्र करते हुए उन्होंने कहा कि एक महीने के भीतर 123 प्रस्ताव प्राप्त हुए, जिनमें से 94 को अगले चरण के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया है. अंत में केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इन सुधारों का उद्देश्य परिचालन दक्षता में सुधार करना, यात्रियों की सुविधा बढ़ाना और रेलवे क्षेत्र में नवाचार को बढ़ावा देना है.</p>



<p> <em>pncb</em></p>



<hr class="wp-block-separator has-alpha-channel-opacity"/>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>बिहार में इस रेल रूट पर तीसरी और चौथी रेलवे लाइन को मंजूरी</title>
		<link>https://www.patnanow.com/extra-rail-track-ko-manjuri/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 24 Feb 2026 16:51:01 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[देश दुनिया]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[ecr]]></category>
		<category><![CDATA[Extra rail track]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[MODI CABINET]]></category>
		<category><![CDATA[New rail line]]></category>
		<category><![CDATA[Rail line]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=95222</guid>

					<description><![CDATA[केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश एवं महाराष्ट्र के 8 जिलों में व्याप्त रेलवे लाइनों की संख्या बढ़ाने संबंधी तीन मल्टीट्रैकिंग परियोजनाओं को मंजूरी दी इनमें पुनारख-किउल के मध्य तीसरी और चौथी लाईन के निर्माण को भी मिली मंजूरी केन्द्रीय मंत्रिमंडल की आर्थिक मामलों की समिति ने आज रेल मंत्रालय की लगभग 9,072 करोड़ रुपये की लागत से रेलवे लाइनों की संख्या बढ़ाने संबंधी तीन परियोजनाओं को स्वीकृति दी. इनमें पुनारख-किऊल तीसरी और चौथी लाइन, गोंदिया-जबलपुर लाइन दोहरीकरण एवं गम्हरिया-चांडिल तीसरी और चौथी लाइन शामिल हैं. महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, बिहार और झारखंड के 8 जिलों में व्याप्त इन तीन परियोजनाओं से भारतीय रेलवे के मौजूदा नेटवर्क में लगभग 307 किलोमीटर की बढ़ोतरी होगी. प्रस्तावित मल्टी-ट्रैकिंग परियोजना से लगभग 5,407 गांवों में संपर्क में सुधार होगा, जिनकी आबादी लगभग 98 लाख है. बता दें कि रेल यात्रा सुगम हो साथ ही मालगाड़ी की आवाजाही भी सुगमतापूर्वक किया जा सके इसके लिए रेलवे द्वारा रेल आधारभूत संरचना में वृद्धि का कार्य निरंतर जारी है. इसी कड़ी में 17 हजार करोड़ रूपए की लागत से पंडित दीन दयाल उपाध्याय जं.-झाझा के मध्य लगभग 400 किलोमीटर लंबी तीसरी और चौथी रेल लाईन का निर्माण किया जाना है जिसमें वर्तमान में डीडीयू से किउल तक तीसरी और चौथी रेल लाईन जबकि किउल से झाझा तक तीसरी रेल लाइन का निर्माण किया जाना है. इस पूरी परियोजना को कई हिस्सों में बांटा गया है तथा रेलवे बोर्ड द्वारा चरणबद्ध तरीके से इसकी स्वीकृति प्रदान की जा रही है. निर्माण कार्य सुगमतापूर्वक तेजी से पूरा करने [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश एवं महाराष्ट्र के 8 जिलों में व्याप्त रेलवे लाइनों की संख्या बढ़ाने संबंधी तीन मल्टीट्रैकिंग परियोजनाओं को मंजूरी दी</strong></p>



<p><strong>इनमें पुनारख-किउल के मध्य तीसरी और चौथी लाईन के निर्माण को भी मिली मंजूरी</strong></p>



<p>केन्द्रीय मंत्रिमंडल की आर्थिक मामलों की समिति ने आज रेल मंत्रालय की लगभग 9,072 करोड़ रुपये की लागत से रेलवे लाइनों की संख्या बढ़ाने संबंधी तीन परियोजनाओं को स्वीकृति दी. इनमें पुनारख-किऊल तीसरी और चौथी लाइन, गोंदिया-जबलपुर लाइन दोहरीकरण एवं गम्हरिया-चांडिल तीसरी और चौथी लाइन शामिल हैं. महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, बिहार और झारखंड के 8 जिलों में व्याप्त इन तीन परियोजनाओं से भारतीय रेलवे के मौजूदा नेटवर्क में लगभग 307 किलोमीटर की बढ़ोतरी होगी. प्रस्तावित मल्टी-ट्रैकिंग परियोजना से लगभग 5,407 गांवों में संपर्क में सुधार होगा, जिनकी आबादी लगभग 98 लाख है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="440" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/05/pnc-narendra-modi-cabinet-meeting-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-90031" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/05/pnc-narendra-modi-cabinet-meeting-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/05/pnc-narendra-modi-cabinet-meeting-650x279.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>बता दें कि रेल यात्रा सुगम हो साथ ही मालगाड़ी की आवाजाही भी सुगमतापूर्वक किया जा सके इसके लिए रेलवे द्वारा रेल आधारभूत संरचना में वृद्धि का कार्य निरंतर जारी है. इसी कड़ी में 17 हजार करोड़ रूपए की लागत से पंडित दीन दयाल उपाध्याय जं.-झाझा के मध्य लगभग 400 किलोमीटर लंबी तीसरी और चौथी रेल लाईन का निर्माण किया जाना है जिसमें वर्तमान में डीडीयू से किउल तक तीसरी और चौथी रेल लाईन जबकि किउल से झाझा तक तीसरी रेल लाइन का निर्माण किया जाना है. इस पूरी परियोजना को कई हिस्सों में बांटा गया है तथा रेलवे बोर्ड द्वारा चरणबद्ध तरीके से इसकी स्वीकृति प्रदान की जा रही है. निर्माण कार्य सुगमतापूर्वक तेजी से पूरा करने के लिए इसे पंडित दीन दयाल उपाध्याय जं.-दानापुर, दानापुर-फतुहा, फतुहा-बख्तियारपुर, बख्तियारपुर-पुनारख, पुनारख-किऊल तथा किऊल-झाझा जैसे छोटे-छोटे रेलखंडों में बांटा गया है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="576" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-Hajipur-railway-station-track-platform-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-87656" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-Hajipur-railway-station-track-platform-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-Hajipur-railway-station-track-platform-650x365.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-Hajipur-railway-station-track-platform-1536x863.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-Hajipur-railway-station-track-platform-2048x1151.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>इसके तहत् प्रथम चरण में फतुहा से बख्तियारपुर (24 किमी) तथा बख्तियारपुर से पुनारख (30 किमी) की स्वीकृति रेलवे बोर्ड द्वारा प्रदान कर दी गयी थी जिसमें बख्तियारपुर-पुनारख निविदा प्रक्रिया पूर्ण होने के उपरांत भूमि अधिग्रहण एवं निर्माण कार्य प्रारंभ किया जाएगा. आज 50 किमी लंबे पुनारख से किऊल के मध्य तीसरी और चौथी लाइन के निर्माण को मंजूरी प्रदान कर दी गयी है. शेष रेलखंडों की स्वीकृति विभिन्न स्तर पर प्रक्रियाधीन है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="676" height="496" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-new-railway-track.jpg" alt="" class="wp-image-91404" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-new-railway-track.jpg 676w, https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-new-railway-track-650x477.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 676px) 100vw, 676px" /></figure>



<p>पंडित दीन दयाल उपाध्याय जं.-झाझा रेल लाईन का निर्माण 1860-70 के दशक में किया गया था. तत्पश्चात् इसका दोहरीकरण किया गया. तब से अब तक कई दशकों के मध्य जनसंख्या वृद्धि एवं औद्योगिकीकरण के मद्देनजर यात्री गाड़ियों के साथ-साथ मालगाड़ियों की संख्या में भी निरंतर वृद्धि होती चली गयी. इसके फलस्वरूप ट्रैकों की क्षमता से कई गुणा अधिक गाड़ियों के परिचालन से ट्रैकों के रख-रखाव एवं समय पालन में कठिनाइयां आती थीं. इन कठिनाइयों को दूर करने के लिए ट्रैकों की क्षमता में वृद्धि अति आवश्यक था. इन्हीं के मद्देनजर मालगाड़ियों के परिचालन हेतु पूर्वी डेडिकेटेड फ्रेट कॉरीडोर तथा तीसरी एवं चौथी लाइन का निर्माण किया जा रहा है. इन लाइनों के निर्माण से मालगाड़ी के साथ-यात्री गाड़ियों का परिचालन सुगमतापूर्वक किया जा सकेगा साथ ही काफी संख्या में अतिरिक्त ट्रेनों के परिचालन का मार्ग भी प्रशस्त होगा. इससे रेल कनेक्टिविटी मजबूत होगी जो औद्योगिकीकरण वृद्धि में सहायक होगा.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>इस ऐप से बुक करें टिकट तो मिलेगा डिस्काउंट</title>
		<link>https://www.patnanow.com/rail-one-app-discount/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 21 Jan 2026 00:29:12 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[MONEY MATTERS]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[Discount]]></category>
		<category><![CDATA[ecr]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[Rail ticket discount]]></category>
		<category><![CDATA[Railone]]></category>
		<category><![CDATA[Railone app]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=94411</guid>

					<description><![CDATA[14 जनवरी से 14 जुलाई 2026 तक विशेष सुविधारेलवन ऐप से बुक करें अनारक्षित टिकट, डिजिटल पेमेंट पर मिलेगा 3% डिस्काउंट हाजीपुर।। रेल प्रशासन ने यात्रियों की सुविधा और डिजिटल टिकटिंग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से रेलवन (RailOne) मोबाइल एप के माध्यम से अनारक्षित टिकटों की बुकिंग पर 3% की छूट (Discount) देने का निर्णय लिया है. यह विशेष सुविधा 14 जनवरी, 2026 से प्रारंभ की गयी है और 4 जुलाई 2026 तक लागू रहेगी. पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सरस्वती चंद्र ने बताया कि आर-वालेट को छोड़कर रेलवन एप पर उपलब्ध सभी डिजिटल भुगतान माध्यमों जैसे यूपीआई, डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड और नेट बैंकिंग से अनारक्षित टिकट बुक करने पर यात्रियों को इस छूट का लाभ मिलेगा. उन्होंने कहा कि रेलवन एप के आर-वॉलेट (R-wallet) से अनारक्षित टिकट बुक करने पर पहले से ही 3% कैशबैक बोनस मिल रहा है. यानी यात्रियों को डिजिटल भुगतान करने पर सीधी 3% छूट और आर-वालेट से भुगतान करने पर 3% कैशबैक. इस प्रकार रेलवन ऐप पर डिजिटल भुगतान द्वारा अनारक्षित टिकट बुक करने पर यात्रियों को लाभ सुनिश्चित होगा. इस कदम का उद्देश्य यात्रियों को डिजिटल माध्यम से टिकट खरीदने के लिए प्रोत्साहित करना और नकद लेन-देन को कम करना है. इस योजना से डिजिटल टिकटिंग को व्यापक बढ़ावा मिलेगा और यात्रियों को अधिक सुविधा प्राप्त होगी. सरस्वती चंद्र ने बताया कि रेलवन एप एक ही मंच पर आरक्षित, अनारक्षित एवं प्लेटफॉर्म टिकट की बुकिंग, ट्रेन की लाइव लोकेशन, PNR स्टेटस, कोच पोजिशन, भोजन बुकिंग, शिकायत/सुझाव, पार्सल ट्रैकिंग जैसी [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>14 जनवरी से 14 जुलाई 2026 तक विशेष सुविधा<br>रेलवन ऐप से बुक करें अनारक्षित टिकट, डिजिटल पेमेंट पर मिलेगा 3% डिस्काउं</strong>ट </p>



<p>हाजीपुर।। रेल प्रशासन ने यात्रियों की सुविधा और डिजिटल टिकटिंग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से रेलवन (RailOne) मोबाइल एप के माध्यम से अनारक्षित टिकटों की बुकिंग पर 3% की छूट (Discount) देने का निर्णय लिया है. यह विशेष सुविधा 14 जनवरी, 2026 से प्रारंभ की गयी है और 4 जुलाई 2026 तक लागू रहेगी.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="1004" src="https://www.patnanow.com/assets/2026/01/1000679785-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-94416" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2026/01/1000679785-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2026/01/1000679785-650x637.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सरस्वती चंद्र ने बताया कि आर-वालेट को छोड़कर रेलवन एप पर उपलब्ध सभी डिजिटल भुगतान माध्यमों जैसे यूपीआई, डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड और नेट बैंकिंग से अनारक्षित टिकट बुक करने पर यात्रियों को इस छूट का लाभ मिलेगा.</p>



<p>उन्होंने कहा कि रेलवन एप के आर-वॉलेट (R-wallet) से अनारक्षित टिकट बुक करने पर पहले से ही 3% कैशबैक बोनस मिल रहा है. यानी यात्रियों को डिजिटल भुगतान करने पर सीधी 3% छूट और आर-वालेट से भुगतान करने पर 3% कैशबैक. इस प्रकार रेलवन ऐप पर डिजिटल भुगतान द्वारा अनारक्षित टिकट बुक करने पर यात्रियों को लाभ सुनिश्चित होगा.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="880" height="1024" src="https://www.patnanow.com/assets/2026/01/1000679783-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-94417" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2026/01/1000679783-scaled.jpg 880w, https://www.patnanow.com/assets/2026/01/1000679783-558x650.jpg 558w" sizes="auto, (max-width: 880px) 100vw, 880px" /></figure>



<p>इस कदम का उद्देश्य यात्रियों को डिजिटल माध्यम से टिकट खरीदने के लिए प्रोत्साहित करना और नकद लेन-देन को कम करना है. इस योजना से डिजिटल टिकटिंग को व्यापक बढ़ावा मिलेगा और यात्रियों को अधिक सुविधा प्राप्त होगी. सरस्वती चंद्र ने बताया कि रेलवन एप एक ही मंच पर आरक्षित, अनारक्षित एवं प्लेटफॉर्म टिकट की बुकिंग, ट्रेन की लाइव लोकेशन, PNR स्टेटस, कोच पोजिशन, भोजन बुकिंग, शिकायत/सुझाव, पार्सल ट्रैकिंग जैसी सुविधाएँ प्रदान करता है.</p>



<p>बता दें कि पिछले दिनों 14 जनवरी से रेलवन मोबाइल एप द्वारा पूर्व मध्‍य रेल क्षेत्राधिकार से 2 लाख से भी ज्‍यादा यात्रियों ने टिकट बुक कर यात्रा प्रारंभ की जिससे 20 लाख से ज्‍यादा का राजस्‍व पूर्व मध्‍य रेल को प्राप्‍त हुआ है.</p>



<p>pncb</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>5 साल में दोगुनी होगी रेलवे की संचालन क्षमता</title>
		<link>https://www.patnanow.com/ecr-5-year-plan/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 27 Dec 2025 16:47:47 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[CITY/OFFICE]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[bihar news]]></category>
		<category><![CDATA[Ddu]]></category>
		<category><![CDATA[ecr]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[New railway line]]></category>
		<category><![CDATA[railway]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=93882</guid>

					<description><![CDATA[रेलवे की अगले 5 वर्षों में प्रमुख शहरों में रेल गाड़ियों की संचालन क्षमता दोगुनी करने की योजना पूर्व मध्य रेल के पटना, गया, डीडीयू, मुजफ्फरपुर एवं दरभंगा इस योजना में शामिलपटना के हार्डिंग पार्क में 5 टर्मिनल प्लेटफॉर्म किया जा रहा है निर्माण अगले पांच साल में भारतीय रेलवे ने ट्रेनों की संचालन क्षमता को दोगुना करने का लक्ष्य निर्धारित किया है. रेलयात्रा की मांग में लगातार हो रही तीव्र वृद्धि को देखते हुए, अगले 5 वर्षों में प्रमुख शहरों की नई रेल गाड़ियों के संचालन की क्षमता को वर्तमान स्तर से दोगुना करना आवश्यक है. आगामी वर्षों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए वर्तमान बुनियादी ढांचे को मजबूत करना होगा. वर्ष 2030 तक संचालन क्षमता को दोगुना करने के लिए निम्नलिखित कार्य शामिल होंगे :-i. मौजूदा टर्मिनलों को अतिरिक्त प्लेटफॉर्म, स्टेबलिंग लाइन, पिट लाइन और पर्याप्त शंटिंग सुविधाओं से सुसज्जित करना.ii. शहरी क्षेत्र में और उसके आसपास नए टर्मिनलों की पहचान और निर्माण करना.iii. मेगा कोचिंग कॉम्प्लेक्स सहित रखरखाव सुविधाएंiv. विभिन्न स्थानों पर रेल गाड़ियों की बढ़ती संख्या की व्यवस्था करने के लिए यातायात सुविधा कार्यों, सिग्नलिंग उन्नयन और मल्टीट्रैकिंग के माध्यम से अनुभागीय क्षमता में वृद्धि करना. पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सरस्वती चंद्र ने बताया कि उपरोक्त प्रक्रिया उपनगरीय और गैर-उपनगरीय दोनों प्रकार के यातायात के लिए की जाएगी, जिसमें दोनों खंडों की विशिष्ट आवश्यकताओं को ध्यान में रखा जाएगा. 48 प्रमुख शहरों की एक व्यापक योजना विचाराधीन है जिनमें पूर्व मध्य रेल के पटना, गया, डीडीयू, मुजफ्फरपुर एवं दरभंगा शहर शामिल हैं. [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>रेलवे की अगले 5 वर्षों में प्रमुख शहरों में रेल गाड़ियों की संचालन क्षमता दोगुनी करने की योजना</strong></p>



<p><strong>पूर्व मध्य रेल के पटना, गया, डीडीयू, मुजफ्फरपुर एवं दरभंगा इस योजना में शामिल<br>पटना के हार्डिंग पार्क में 5 टर्मिनल प्लेटफॉर्म किया जा रहा है निर्माण</strong></p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="868" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-89110" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-650x551.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-1536x1303.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-2048x1737.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>अगले पांच साल में भारतीय रेलवे ने ट्रेनों की संचालन क्षमता को दोगुना करने का लक्ष्य निर्धारित किया है. रेलयात्रा की मांग में लगातार हो रही तीव्र वृद्धि को देखते हुए, अगले 5 वर्षों में प्रमुख शहरों की नई रेल गाड़ियों के संचालन की क्षमता को वर्तमान स्तर से दोगुना करना आवश्यक है. आगामी वर्षों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए वर्तमान बुनियादी ढांचे को मजबूत करना होगा. वर्ष 2030 तक संचालन क्षमता को दोगुना करने के लिए निम्नलिखित कार्य शामिल होंगे :-<br>i. मौजूदा टर्मिनलों को अतिरिक्त प्लेटफॉर्म, स्टेबलिंग लाइन, पिट लाइन और पर्याप्त शंटिंग सुविधाओं से सुसज्जित करना.<br>ii. शहरी क्षेत्र में और उसके आसपास नए टर्मिनलों की पहचान और निर्माण करना.<br>iii. मेगा कोचिंग कॉम्प्लेक्स सहित रखरखाव सुविधाएं<br>iv. विभिन्न स्थानों पर रेल गाड़ियों की बढ़ती संख्या की व्यवस्था करने के लिए यातायात सुविधा कार्यों, सिग्नलिंग उन्नयन और मल्टीट्रैकिंग के माध्यम से अनुभागीय क्षमता में वृद्धि करना.</p>



<figure class="wp-block-gallery has-nested-images columns-default is-cropped wp-block-gallery-1 is-layout-flex wp-block-gallery-is-layout-flex">
<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="1019" height="575" data-id="91645" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-railway-minister-ashwani-vaishnav-1.jpg" alt="" class="wp-image-91645" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-railway-minister-ashwani-vaishnav-1.jpg 1019w, https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-railway-minister-ashwani-vaishnav-1-650x367.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 1019px) 100vw, 1019px" /></figure>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="676" height="496" data-id="91501" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-new-railway-track-1.jpg" alt="" class="wp-image-91501" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-new-railway-track-1.jpg 676w, https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-new-railway-track-1-650x477.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 676px) 100vw, 676px" /></figure>
</figure>



<figure class="wp-block-gallery has-nested-images columns-default is-cropped wp-block-gallery-2 is-layout-flex wp-block-gallery-is-layout-flex">
<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="492" height="440" data-id="85159" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/06/PNC-patna-junction-railway-station.jpg" alt="" class="wp-image-85159"/></figure>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="424" data-id="51068" src="https://www.patnanow.com/assets/2021/03/pnc-gaya-junction-station.jpg" alt="" class="wp-image-51068" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2021/03/pnc-gaya-junction-station.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2021/03/pnc-gaya-junction-station-350x228.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>
</figure>



<p>पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सरस्वती चंद्र ने बताया कि उपरोक्त प्रक्रिया उपनगरीय और गैर-उपनगरीय दोनों प्रकार के यातायात के लिए की जाएगी, जिसमें दोनों खंडों की विशिष्ट आवश्यकताओं को ध्यान में रखा जाएगा. 48 प्रमुख शहरों की एक व्यापक योजना विचाराधीन है जिनमें <strong>पूर्व मध्य रेल के पटना, गया, डीडीयू, मुजफ्फरपुर एवं दरभंगा शहर शामिल</strong> हैं. इस योजना में निर्धारित समय सीमा के भीतर रेल गाड़ियों की संचालन क्षमता को दोगुना करने के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए नियोजित, प्रस्तावित या पहले से स्वीकृत कार्यों को शामिल किया जाएगा.</p>



<figure class="wp-block-gallery has-nested-images columns-default is-cropped wp-block-gallery-3 is-layout-flex wp-block-gallery-is-layout-flex">
<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="780" height="576" data-id="93894" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000623029.jpg" alt="" class="wp-image-93894" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000623029.jpg 780w, https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000623029-650x480.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 780px) 100vw, 780px" /></figure>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="762" data-id="93895" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000623025-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-93895" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000623025-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000623025-650x484.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>
</figure>



<p>सरस्वती चंद्र ने कहा कि क्षमता को वर्ष 2030 तक दोगुना करने की योजना है, लेकिन यह आशा है कि अगले 5 वर्षों में क्षमता में क्रमिक वृद्धि की जाएगी ताकि क्षमता वृद्धि के लाभ तुरंत प्राप्त किए जा सकें. इससे आने वाले वर्षों में यातायात की बढ़ती आवश्यकता को पूरा करने में सहायता मिलेगी. योजना में कार्यों को तीन श्रेणियों, अर्थात् तत्काल, अल्पकालिक और दीर्घकालिक में वर्गीकृत किया जाएगा। प्रस्तावित योजनाएँ विशिष्ट होंगी, जिनमें स्पष्ट समयसीमा और परिभाषित परिणाम होंगे. यद्यपि यह अभ्यास विशिष्ट स्टेशनों पर केंद्रित है किन्तु रेल गाड़ियों की संचालन क्षमता बढ़ाने की योजना बनाते समय यह सुनिश्चित किया जाएगा कि न केवल टर्मिनल क्षमता में वृद्धि हो, बल्कि स्टेशनों और यार्डों पर अनुभागीय क्षमता और परिचालन संबंधी बाधाओं का भी प्रभावी ढंग से समाधान किया जाए.</p>



<p><strong>अश्विनी वैष्णव, केंद्रीय रेल, सूचना एवं प्रसारण और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री ने कहा &#8211; “हम यात्रियों की बढ़ती मांग को पूरा करने और भीड़भाड़ को कम करने के लिए विभिन्न शहरों में कोचिंग टर्मिनलों का विस्तार कर रहे हैं और अनुभागीय एवं परिचालन क्षमताओं को बढ़ा रहे हैं. इस कदम से हमारे रेलवे नेटवर्क का उन्नयन होगा और राष्ट्रव्यापी संपर्क सुविधा में सुधार होगा”</strong></p>



<figure class="wp-block-gallery has-nested-images columns-default is-cropped wp-block-gallery-4 is-layout-flex wp-block-gallery-is-layout-flex">
<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="560" height="504" data-id="90540" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/06/pnc-hardik-park-rail-terminal-work-1.jpg" alt="" class="wp-image-90540"/></figure>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="425" data-id="62851" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/05/pnc-Harding-park-land.jpg" alt="" class="wp-image-62851" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/05/pnc-Harding-park-land.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/05/pnc-Harding-park-land-350x229.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>
</figure>



<p>इसी क्रम में पटना जं. के समीप हार्डिंग पार्क में रुपये 95 करोड़ की लागत से 5 टर्मिनल प्लेटफॉर्म का निर्माण किया जा रहा है जिसका शिलान्यास प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 30 मई, 2025 को किया गया. हार्डिंग पार्क में 5 टर्मिनल प्लेटफॉर्म के बन जाने से पटना जं. पर बेहतर ट्रेन शेड्यूलिंग एवं टर्नअराउंड के साथ परिचालन दक्षता में वृद्धि होने से ट्रेनों के कंजेसन को कम करने में मददगार साबित होगा तथा पटना जंक्शन पर यात्रियों की भीड़ को संभालने की क्षमता में वृद्धि होगी. इससे पटना जंक्शन पर यात्रियों की भीड़ में अप्रत्याशित कमी के साथ ही मेन लाइन पर मेल/एक्सप्रेस गाड़ियों का परिचालन सुगम होगा. इस नए टर्मिनल में सभी प्लेटफार्म की अंडरग्राउंड कनेक्टिविटी होगी तथा यह स्टेशन टर्मिनल निर्माणाधीन मेट्रो रेल, सड़क मार्ग एवं नवनिर्मित मल्टी मॉडल हब को सीधा कनेक्टिविटी प्रदान करेगा. इससे पटना आने/जाने वालों को शहर के जाम से निजात एवं आसान पहुंच बनेगा. भविष्य में यहां से मेल/एक्सप्रेस गाड़ियों का भी परिचालन भी संभव हो सकेगा. पटना जं. पर ट्रेनों के दवाब को कम करने के उद्देश्यल से पटना में एक नया टर्मिनल पाटलिपुत्र का विकास किया गया है.</p>



<p>इसी कड़ी में 17 हजार करोड़ रूपए की लागत से पंडित दीन दयाल उपाध्याय जं.-झाझा के मध्य लगभग 400 किलोमीटर लंबी तीसरी और चौथी रेल लाईन का निर्माण किया जाएगा. तीसरी और चौथी रेल लाईन के निर्माण कार्य की प्रक्रिया अगले कुछ ही महीनों में चरणबद्ध तरीके से प्रारंभ हो जाएगी.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="481" src="https://www.patnanow.com/assets/2022/01/pnc-Hajipur-ECR-railway-hq.jpg" alt="" class="wp-image-58906" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2022/01/pnc-Hajipur-ECR-railway-hq.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2022/01/pnc-Hajipur-ECR-railway-hq-350x259.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>ईसीआर के सीपीआरओ ने बताया कि इस पूरी परियोजना को कई हिस्सों में बांटा गया है तथा रेलवे बोर्ड द्वारा चरणबद्ध तरीके से इसकी स्वीकृति प्रदान की जा रही है. निर्माण कार्य सुगमतापूर्वक तेजी से पूरा करने के लिए इसे पंडित दीन दयाल उपाध्याय जं.-दानापुर, दानापुर-फतुहा, फतुहा-बख्तियारपुर, बख्तियारपुर-पुनारख, पुनारख-किऊल तथा किऊल-झाझा जैसे छोटे-छोटे रेलखंडों में बांटा गया है. इसके निर्माण से मालगाड़ी के साथ-यात्री गाड़ियों का परिचालन सुगमतापूर्वक किया जा सकेगा साथ ही काफी संख्या में अतिरिक्त ट्रेनों के परिचालन का मार्ग भी प्रशस्त होगा. इससे रेल कनेक्टिविटी मजबूत होगी जो औद्योगिकीकरण वृद्धि में सहायक होगा.</p>



<p>गया जंक्शन और पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन जैसे महत्वपूर्ण रेल केंद्रों में क्षमता वृद्धि की यह योजना यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं प्रदान करने की दिशा में एक बड़ा कदम है. गया जंक्शन, प्रसिद्ध तीर्थस्थल बोधगया का प्रमुख रेल द्वार होने के कारण, अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत व्यापक पुनर्विकास के साथ आगे बढ़ रहा है. यहां सोननगर-आंडाल मल्टीट्रैकिंग पूर्वी समर्पित मालवाहक गलियारे का हिस्सा है, जो माल ढुलाई को बढ़ावा देगी और यात्री ट्रेनों के लिए अधिक स्थान उपलब्ध कराएगी. पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन-गया खंड में ऑटोमैटिक ब्लॉक सिग्नलिंग और पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन-गया-प्रधानखुंटा खंड में स्वदेशी कवच स्वचालित ट्रेन सुरक्षा प्रणाली के कार्य यात्रा को अधिक सुरक्षित और सुगम बनाएंगे.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="664" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000623010-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-93896" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000623010-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000623010-650x421.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन, पूर्वी भारत का प्रमुख रेल केंद्र होने के नाते, यार्ड रिमॉडलिंग और नई रूट रिले इंटरलॉकिंग के साथ मजबूत हो रहा है. यहां प्रयागराज तक तीसरी लाइन, वाराणसी तक तीसरी एवं चौथी लाइन (गंगा नदी पर नए रेल-सह-सड़क पुल सहित), पटना-झाझा तक तीसरी एवं चौथी लाइन जैसे कार्य दिल्ली-हावड़ा जैसे व्यस्त मार्गों पर अधिक ट्रेनें चलाने की क्षमता बढ़ाएंगे. अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत गया जंक्शन पर आधुनिक यात्री सुविधाएं जैसे बेहतर प्रतीक्षालय, लिफ्ट, एस्केलेटर और दिव्यांगजन अनुकूल व्यवस्थाएं विकसित की जा रही हैं. पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन पर भी व्यापक पुनर्विकास योजना प्रस्तावित है.</p>



<p>मुजफ्फरपुर एवं दरभंगा स्टेशनों पर भी अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत यात्रियों की सुविधा, सुगमता व सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आवश्यकतानुसार स्टेशन भवन, प्रवेश एवं निकास द्वार, फुटओवर ब्रिज, कॉनकोर्स, प्लेटफॉर्म, सर्कुलेटिंग एरिया, पार्किंग, दिव्यांग सुविधाओं, प्रकाश व्यवस्था, बैठने की व्यवस्था, पेयजल व्यवस्था, स्वच्छता व्यवस्था, पहुंच पथ, संकेत एवं निर्देश बोर्ड, ट्रेन डिस्प्ले और उद्घोषणा प्रणाली, सौंदर्यीकरण आदि से जुड़े आवश्यक विकास कार्य किए जा रहे हैं.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>रेलवे का बढ़ा किराया लागू; उपनगरीय सेवा और सीजन टिकट के लिए नहीं बढ़ा किराया</title>
		<link>https://www.patnanow.com/rail-fare-increase-2/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 25 Dec 2025 17:52:15 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[MONEY MATTERS]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[Rail fare increase]]></category>
		<category><![CDATA[railway]]></category>
		<category><![CDATA[Train]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=93834</guid>

					<description><![CDATA[यात्रियों पर न्यूनतम प्रभाव: शयनयान और प्रथम श्रेणी साधारण में 1 पैसे प्रति किमी की बढ़ोतरी एसी एवं नॉन-एसी श्रेणियों में मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों के किराए में 2 पैसे प्रति किमी तक वृद्धि किराया युक्तिसंगत बनाने के तहत आरक्षण शुल्क या सुपरफास्ट शुल्कों में कोई बदलाव नहीं संशोधित किराया केवल 26 दिसंबर 2025 से बुक किए गए टिकटों पर लागू होगा, पहले से बुक टिकटों पर भविष्य की यात्रा के लिए भी कोई प्रभाव नहीं रेलवे ने यात्रियों के लिए किराया वहनीय बनाने और परिचालन की स्थिरता के बीच संतुलन बनाए रखने के उद्देश्य से 26 दिसंबर 2025 से अपने यात्री किराया ढांचे को युक्तिसंगत बना दिया है. संशोधित किराया संरचना के तहत उपनगरीय सेवाओं और सीजन टिकटों के किराए में कोई बदलाव नहीं किया गया है, जिसमें उपनगरीय और गैर-उपनगरीय दोनों मार्ग शामिल हैं. साधारण नॉन-एसी (गैर-उपनगरीय) सेवाओं के लिए द्वितीय श्रेणी साधारण, स्लीपर श्रेणी साधारण और प्रथम श्रेणी साधारण में किराए को श्रेणीबद्ध तरीके से युक्तिसंगत बनाया गया है. साधारण द्वितीय श्रेणी में 215 किमी तक की यात्राओं के लिए किराए में कोई वृद्धि नहीं है, जिससे कम दूरी और दैनिक यात्रियों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है. 216 किमी से 750 किमी तक की दूरी के लिए किराया 5 रुपये बढ़ाया गया है. इससे अधिक दूरी की यात्राओं के लिए वृद्धि चरणबद्ध तरीके से लागू की गई है- 751 किमी से 1250 किमी के बीच की दूरी के लिए 10 रुपये, 1251 किमी से 1750 किमी के बीच की दूरी के लिए 15 रुपये और 1751 किमी से [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>यात्रियों पर न्यूनतम प्रभाव: शयनयान और प्रथम श्रेणी साधारण में 1 पैसे प्रति किमी की बढ़ोतरी</strong></p>



<p><strong>एसी एवं नॉन-एसी श्रेणियों में मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों के किराए में 2 पैसे प्रति किमी तक वृद्धि</strong></p>



<p><strong>किराया युक्तिसंगत बनाने के तहत आरक्षण शुल्क या सुपरफास्ट शुल्कों में कोई बदलाव नहीं</strong></p>



<p><strong>संशोधित किराया केवल 26 दिसंबर 2025 से बुक किए गए टिकटों पर लागू होगा, पहले से बुक टिकटों पर भविष्य की यात्रा के लिए भी कोई प्रभाव नहीं</strong></p>



<p>रेलवे ने यात्रियों के लिए किराया वहनीय बनाने और परिचालन की स्थिरता के बीच संतुलन बनाए रखने के उद्देश्य से 26 दिसंबर 2025 से अपने यात्री किराया ढांचे को युक्तिसंगत बना दिया है. संशोधित किराया संरचना के तहत उपनगरीय सेवाओं और सीजन टिकटों के किराए में कोई बदलाव नहीं किया गया है, जिसमें उपनगरीय और गैर-उपनगरीय दोनों मार्ग शामिल हैं. साधारण नॉन-एसी (गैर-उपनगरीय) सेवाओं के लिए द्वितीय श्रेणी साधारण, स्लीपर श्रेणी साधारण और प्रथम श्रेणी साधारण में किराए को श्रेणीबद्ध तरीके से युक्तिसंगत बनाया गया है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="671" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-89917" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-650x426.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-1536x1006.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-bihar-amrit-bharat-train-2048x1342.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>साधारण द्वितीय श्रेणी में 215 किमी तक की यात्राओं के लिए किराए में कोई वृद्धि नहीं है, जिससे कम दूरी और दैनिक यात्रियों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है. 216 किमी से 750 किमी तक की दूरी के लिए किराया 5 रुपये बढ़ाया गया है. इससे अधिक दूरी की यात्राओं के लिए वृद्धि चरणबद्ध तरीके से लागू की गई है- 751 किमी से 1250 किमी के बीच की दूरी के लिए 10 रुपये, 1251 किमी से 1750 किमी के बीच की दूरी के लिए 15 रुपये और 1751 किमी से 2250 किमी के बीच की दूरी के लिए 20 रुपये.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="868" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-89110" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-650x551.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-1536x1303.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2025/02/pnc-ashwani-vaishnav-railways-minister-2048x1737.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>स्लीपर श्रेणी साधारण और प्रथम श्रेणी साधारण में गैर-उपनगरीय यात्राओं के लिए किराए में प्रति किलोमीटर 1 पैसे की दर से एकसमान संशोधन किया गया है, जिससे किराए में क्रमिक और सीमित वृद्धि सुनिश्चित हुई है.</p>



<p>मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों में नॉन-एसी और एसी दोनों श्रेणियों में किराए में 2 पैसे प्रति किलोमीटर की बढ़ोतरी की गई है. इसमें स्लीपर क्लास, फर्स्ट क्लास, एसी चेयर कार, एसी थ्री-टियर, एसी टू-टियर और एसी फर्स्ट क्लास शामिल हैं. उदाहरण के तौर पर नॉन-एसी मेल/एक्सप्रेस कोच में 500 किलोमीटर की यात्रा के लिए यात्रियों को लगभग 10 रुपये अतिरिक्त देने होंगे.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="573" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-amrit-bharat-train.jpg" alt="" class="wp-image-89918" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-amrit-bharat-train.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/04/pnc-amrit-bharat-train-650x364.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>तेजस राजधानी, राजधानी, शताब्दी, दुरंतो, वंदे भारत, हमसफर, अमृत भारत, तेजस, महामाना, गतिमान, अंत्योदय, गरीब रथ, जन शताब्दी, युवा एक्सप्रेस, नमो भारत रैपिड रेल और साधारण गैर-उपनगरीय सेवाओं (जहां लागू हो, एसी एमईएमयू/डीईएमयू को छोड़कर) सहित प्रमुख रेल सेवाओं के मौजूदा मूल किरायों को अनुमोदित श्रेणीवार मूल किराया वृद्धि के अनुरूप संशोधित किया गया है. यह संशोधन सभी श्रेणियों में समान रूप से और एक क्रमबद्ध तरीके से किया गया है.</p>



<p>गौरतलब है कि आरक्षण शुल्क, सुपरफास्ट अधिभार या अन्य सहायक शुल्कों में कोई बदलाव नहीं किया गया है, ये सभी मौजूदा नियमों के अनुसार ही लागू रहेंगे। जीएसटी की प्रयोज्यता अपरिवर्तित रहेगी और किराए को प्रचलित मानदंडों के अनुसार किराय का पूर्णांकन जारी रहेगा.</p>



<p>संशोधित किराया केवल 26 दिसंबर 2025 को या उसके बाद बुक किए गए टिकटों पर लागू होगा. इस तिथि से पहले बुक किए गए टिकटों पर, चाहे यात्रा प्रभावी तिथि के बाद ही क्यों न हो, कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लगेगा.</p>



<p>स्टेशनों पर प्रदर्शित किराया सूची भी 26.12.2025 से प्रभावी नए किरायों के अनुरूप अद्यतन की जाएगी.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong> </p>



<hr class="wp-block-separator has-alpha-channel-opacity"/>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यात्रीगण कृपया ध्यान दें, रेल टिकट के दाम बढ़ने वाले हैं, करीब 20 रुपये तक बढ़ेगा पटना से दिल्ली का किराया</title>
		<link>https://www.patnanow.com/rail-fare-increase/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 21 Dec 2025 10:26:20 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[MONEY MATTERS]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[Rail fare increase]]></category>
		<category><![CDATA[Rail ticket]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=93741</guid>

					<description><![CDATA[रेल किराया बढ़ाने की घोषणा 1 पैसा/2 पैसा प्रति किलोमीटर बढ़ेगा किराया मासिक टिकटों में कोई बदलाव नहीं पटना।। रेलवे ने लंबी दूरी की यात्रा के लिए रेल किराया बढ़ाने की घोषणा की है. ये बढ़ी हुई दरें 26 दिसंबर 2025 से लागू कर दी जाएंगी. रेलवे ने स्पष्ट किया है कि मासिक सीजन टिकट (MST) के किराए में कोई परिवर्तन नहीं किया गया है. साधारण टिकटों में 215 किलोमीटर तक के लिए कोई बढ़ोत्तरी नहीं की गई है. साधारण टिकटों के लिए 215 किलोमीटर से अधिक की यात्रा के लिए एक पैसे प्रति किलोमीटर जबकि एक्सप्रेस और एसी कोच के लिए 2 पैसे प्रति किलोमीटर की वृद्धि हुई है. रेल किराया बढ़ाने की वजह भी रेलवे ने स्पष्ट किया है. रेलवे के मुताबिक बीते 10 वर्ष में नेटवर्क और ट्रेनों की संख्या में काफी विस्तार हुआ है. वहीं सुरक्षा और बेहतर संचालन को लेकर भी रेलकर्मियों की संख्‍या में इजाफा किया गया है, जिनका वेतन और भत्ते का खर्च भी बढ़ा है. रेलवे के अनुसार, मैनपावर पर खर्च बढ़कर 1.15 लाख करोड़ हो गया है. साथ ही रेलकर्मियों के पेंशन पर खर्च सालाना 60,000 करोड़ है. वहीं रेलवे का कुल ऑपरेशन खर्च (2024-25) 2.63 लाख करोड़ रुपये रहा. इस वजह से रेलवे ने इन खर्चों को संतुलित करने के लिए माल ढुलाई बढ़ाने के साथ-साथ सीमित यात्री किराए में सीमित बढ़ोतरी की घोषणा की है. साथ ही रेलवे का कहना है कि सुरक्षा उपायों की वजह से सेफ्टी में काफी सुधार हुआ है. वहीं भारत अब विश्व का दूसरा [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>रेल किराया बढ़ाने की घोषणा</strong></p>



<p><strong>1 पैसा/2 पैसा प्रति किलोमीटर बढ़ेगा किराया </strong></p>



<p><strong>मासिक टिकटों में कोई बदलाव नहीं </strong></p>



<p>पटना।। रेलवे ने लंबी दूरी की यात्रा के लिए रेल किराया बढ़ाने की घोषणा की है. ये बढ़ी हुई दरें 26 दिसंबर 2025 से लागू कर दी जाएंगी. रेलवे ने स्पष्ट किया है कि मासिक सीजन टिकट (MST) के किराए में कोई परिवर्तन नहीं किया गया है. साधारण टिकटों में 215 किलोमीटर तक के लिए कोई बढ़ोत्तरी नहीं की गई है. साधारण टिकटों के लिए 215 किलोमीटर से अधिक की यात्रा के लिए एक पैसे प्रति किलोमीटर जबकि एक्सप्रेस और एसी कोच के लिए 2 पैसे प्रति किलोमीटर की वृद्धि हुई है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="718" height="1024" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000606773-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-93747" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000606773-scaled.jpg 718w, https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000606773-455x650.jpg 455w, https://www.patnanow.com/assets/2025/12/1000606773-1076x1536.jpg 1076w" sizes="auto, (max-width: 718px) 100vw, 718px" /></figure>



<p>रेल किराया बढ़ाने की वजह भी रेलवे ने स्पष्ट किया है. रेलवे के मुताबिक बीते 10 वर्ष में नेटवर्क और ट्रेनों की संख्या में काफी विस्तार हुआ है. वहीं सुरक्षा और बेहतर संचालन को लेकर भी रेलकर्मियों की संख्‍या में इजाफा किया गया है, जिनका वेतन और भत्ते का खर्च भी बढ़ा है. रेलवे के अनुसार, मैनपावर पर खर्च बढ़कर 1.15 लाख करोड़ हो गया है. साथ ही रेलकर्मियों के पेंशन पर खर्च सालाना 60,000 करोड़ है. वहीं रेलवे का कुल ऑपरेशन खर्च (2024-25) 2.63 लाख करोड़ रुपये रहा.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="690" height="388" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-Amrit-bharat-vande-Bharat-train.jpg" alt="" class="wp-image-87352" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-Amrit-bharat-vande-Bharat-train.jpg 690w, https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-Amrit-bharat-vande-Bharat-train-650x366.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 690px) 100vw, 690px" /></figure>



<p>इस वजह से रेलवे ने इन खर्चों को संतुलित करने के लिए माल ढुलाई बढ़ाने के साथ-साथ सीमित यात्री किराए में सीमित बढ़ोतरी की घोषणा की है. साथ ही रेलवे का कहना है कि सुरक्षा उपायों की वजह से सेफ्टी में काफी सुधार हुआ है. वहीं भारत अब विश्व का दूसरा सबसे बड़ा माल ढोने वाला नेटवर्क बन चुका है जो त्योहारों के समय में 12 हजार से अधिक ट्रेनों का संचालन कर अपनी कार्यक्षमता का रिकॉर्ड बना चुका है.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>भारतीय रेल के टिकट कर्मचारी भी लगाएंगे डिजिटल अटेंडेंस</title>
		<link>https://www.patnanow.com/railway-tte-biometric-attendance/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Sep 2025 01:39:50 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[CITY/OFFICE]]></category>
		<category><![CDATA[देश दुनिया]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[Biometric attendance]]></category>
		<category><![CDATA[ecr]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[Tte]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=91775</guid>

					<description><![CDATA[टिकट जाँच कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक साइन-ऑन/ऑफ नई दिल्ली।। भारतीय रेलवे ने अपने टिकट जाँच कर्मचारियों के लिए एक नई बायोमेट्रिक साइन-ऑन और साइन-ऑफ प्रणाली शुरू की है, जो रेलवे संचालन के आधुनिकीकरण और जवाबदेही बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. 29.08.25 को पूर्व मध्य रेलवे के पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन पर पहली डिजिटल टीटीई लॉबी चालू हो गई है. इस अभिनव प्रणाली को उत्तर रेलवे के बनारस मंडल, पूर्व मध्य रेलवे के सोनपुर मंडल, पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल, मध्य रेलवे के सीएसएमटी, पुणे और सोलापुर स्थित टीटीई लॉबी, पूर्व रेलवे के मालदा मंडल, दक्षिण पश्चिम रेलवे के मैसूर मंडल, पश्चिम मध्य रेलवे के भोपाल, दक्षिण रेलवे के मदुरै, पालघाट, त्रिची और पश्चिम मध्य रेलवे के कोटा लॉबी में सफलतापूर्वक लागू किया गया है. उत्तर मध्य रेलवे, पूर्वोत्तर रेलवे और उत्तर पश्चिम रेलवे ज़ोन ने भी विभिन्न मंडलों में चरणबद्ध तरीके से नई प्रणाली लागू की है. उत्तर रेलवे का जम्मू मंडल जल्द ही इस प्रणाली को लागू करने वाला है. नई प्रणाली बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण को टिकट परीक्षक (टीटीई) लॉबी प्रणाली के साथ एकीकृत करती है, जिससे कर्मचारी आधार-सक्षम बायोमेट्रिक उपकरण का उपयोग करके स्वयं को प्रमाणित कर सकते हैं. यह एक छेड़छाड़-रहित, पारदर्शी और गोपनीयता-अनुपालन उपस्थिति प्रक्रिया सुनिश्चित करती है जो वास्तविक समय में कार्य घंटों और ड्यूटी स्थिति को सटीक रूप से रिकॉर्ड करती है. बायोमेट्रिक प्रणाली के मुख्य उद्देश्य: •प्रामाणिक उपस्थिति: यह सुनिश्चित करती है कि उपस्थिति रिकॉर्ड सटीक और सत्यापन योग्य हो. •रीयल-टाइम ट्रैकिंग: कर्मचारियों की उपलब्धता और ड्यूटी स्थिति पर रीयल-टाइम [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>टिकट जाँच कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक साइन-ऑन/ऑफ</strong></p>



<p>नई दिल्ली।। भारतीय रेलवे ने अपने टिकट जाँच कर्मचारियों के लिए एक नई बायोमेट्रिक साइन-ऑन और साइन-ऑफ प्रणाली शुरू की है, जो रेलवे संचालन के आधुनिकीकरण और जवाबदेही बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. 29.08.25 को पूर्व मध्य रेलवे के पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन पर पहली डिजिटल टीटीई लॉबी चालू हो गई है. इस अभिनव प्रणाली को उत्तर रेलवे के बनारस मंडल, पूर्व मध्य रेलवे के सोनपुर मंडल, पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल, मध्य रेलवे के सीएसएमटी, पुणे और सोलापुर स्थित टीटीई लॉबी, पूर्व रेलवे के मालदा मंडल, दक्षिण पश्चिम रेलवे के मैसूर मंडल, पश्चिम मध्य रेलवे के भोपाल, दक्षिण रेलवे के मदुरै, पालघाट, त्रिची और पश्चिम मध्य रेलवे के कोटा लॉबी में सफलतापूर्वक लागू किया गया है. उत्तर मध्य रेलवे, पूर्वोत्तर रेलवे और उत्तर पश्चिम रेलवे ज़ोन ने भी विभिन्न मंडलों में चरणबद्ध तरीके से नई प्रणाली लागू की है. उत्तर रेलवे का जम्मू मंडल जल्द ही इस प्रणाली को लागू करने वाला है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="504" height="392" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/09/1000364879.jpg" alt="" class="wp-image-91778"/></figure>



<p>नई प्रणाली बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण को टिकट परीक्षक (टीटीई) लॉबी प्रणाली के साथ एकीकृत करती है, जिससे कर्मचारी आधार-सक्षम बायोमेट्रिक उपकरण का उपयोग करके स्वयं को प्रमाणित कर सकते हैं. यह एक छेड़छाड़-रहित, पारदर्शी और गोपनीयता-अनुपालन उपस्थिति प्रक्रिया सुनिश्चित करती है जो वास्तविक समय में कार्य घंटों और ड्यूटी स्थिति को सटीक रूप से रिकॉर्ड करती है.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="490" src="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-train-ticket-check-tte-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-91413" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-train-ticket-check-tte-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2025/08/pnc-train-ticket-check-tte-650x311.jpg 650w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p><strong>बायोमेट्रिक प्रणाली के मुख्य उद्देश्य:</strong></p>



<p>•प्रामाणिक उपस्थिति: यह सुनिश्चित करती है कि उपस्थिति रिकॉर्ड सटीक और सत्यापन योग्य हो.</p>



<p>•रीयल-टाइम ट्रैकिंग: कर्मचारियों की उपलब्धता और ड्यूटी स्थिति पर रीयल-टाइम डेटा प्रदान करती है, जिससे अधिक कुशल प्रबंधन संभव होता है.</p>



<p>•उन्नत निगरानी: कार्य घंटों और लॉबी संचालन की प्रभावी निगरानी प्रदान करती है.</p>



<p>•निर्बाध एकीकरण: सुव्यवस्थित कर्मचारी तैनाती के लिए हैंड हेल्ड टर्मिनलों (एचएचटी) और ड्यूटी रोस्टर के साथ एकीकृत.</p>



<p>इस प्रणाली का कार्यान्वयन भारतीय रेलवे की कार्यकुशलता और पारदर्शिता में सुधार के प्रति प्रतिबद्धता का प्रमाण है. बायोमेट्रिक साइन-ऑन/ऑफ प्रणाली न केवल कर्मचारियों की तैनाती को सुव्यवस्थित करेगी, बल्कि टिकट जाँच कर्मचारियों की समग्र कार्यकुशलता, पारदर्शिता और जवाबदेही में भी उल्लेखनीय वृद्धि करेगी, जिससे अंततः सभी यात्रियों के लिए अनुभव बेहतर होगा.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>25 जुलाई से शुरू हो रही है रामायण यात्रा, तीर्थ यात्रियों को भगवान राम से जुड़े स्थलों को देखने का मिलेगा सुनहरा मौका</title>
		<link>https://www.patnanow.com/ramayan-yatra/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 02 Jul 2025 17:23:11 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[एंटरटेनमेंट]]></category>
		<category><![CDATA[देश दुनिया]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[सुख समृद्धि]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[Ramayan Yatra]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=90941</guid>

					<description><![CDATA[नई दिल्लीः भारतीय रेल भगवान राम से जुड़े धार्मिक स्थलों के दर्शन करने के इच्छुक तीर्थ यात्रियों के लिए खुशखबरी लेकर आई है. भारतीय रेल के उपक्रम भारतीय रेलवे खानपान और पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी) आगामी 25 जुलाई को अयोध्या से रामेश्वरम तक रामायण यात्रा ट्रेन का संचालन करने जा रहा है. दिल्ली के सफदरजंग स्टेशन से शुरू होने वाली इस यात्रा के अंतर्गत तीर्थ यात्रियों को भगवान राम से जुड़ी जगहों अयोध्या, प्रयागराज, चित्रकूट, सीतामढ़ी, जनकपुर, श्रृंगवेरपुर, नासिक, हम्पी से लेकर रामेश्वरम तक घूमने और प्रभु श्रीराम के दर्शन का मौका मिलेगा. यह रामायण यात्रा 16 रातें/17 दिन की होगी. ट्रेन का पहला पड़ाव अयोध्या होगा. जहां तीर्थ यात्रियों को राम जन्मभूमि मंदिर, हनुमान गढ़ी, राम की पैड़ी देखने का सुअवसर मिलेगा. इसके बाद नंदीग्राम में भरत-हनुमान मंदिर और भरत कुंड का दर्शन, जनकपुर (नेपाल में) में राम-जानकी मंदिर, धनुष धाम मंदिर और परशुराम कुंड, सीतामढी (बिहार) में जानकी मंदिर और पुनौरा धाम, बक्सर में राम रेखा घाट, रामेश्वर नाथ मंदिर, वाराणसी में तुलसी मानस मंदिर, संकट मोचन मंदिर, काशी विश्वनाथ मंदिर और गंगा आरती देखने का सुनहरा मौका मिलेगा. इसके बाद रामायण यात्रा ट्रेन यात्रियों को लेकर सीतामढी (उत्तर प्रदेश) की ओर बढ़ेगी जहां सीता समाहित स्थल (सीता माता मंदिर) के दर्शन होंगे. यहां से ट्रेन प्रयागराज जाएगी. जहां त्रिवेणी संगम, हनुमान मंदिर और भारद्वाज आश्रम देखने का मौका मिलेगा. यात्रा को आगे बढ़ाते हुए ट्रेन श्रृंगवेरपुर, चित्रकूट, नासिक, पंचवटी, हम्पी होते हुए रामेश्वरम पहुंचेगी. इन स्थानों पर यात्रियों को क्रमशः श्रृंग ऋषि मंदिर, गुप्त गोदावरी, राम घाट, सती [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p>नई दिल्लीः भारतीय रेल भगवान राम से जुड़े धार्मिक स्थलों के दर्शन करने के इच्छुक तीर्थ यात्रियों के लिए खुशखबरी लेकर आई है. भारतीय रेल के उपक्रम भारतीय रेलवे खानपान और पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी) आगामी 25 जुलाई को अयोध्या से रामेश्वरम तक रामायण यात्रा ट्रेन का संचालन करने जा रहा है. दिल्ली के सफदरजंग स्टेशन से शुरू होने वाली इस यात्रा के अंतर्गत तीर्थ यात्रियों को भगवान राम से जुड़ी जगहों अयोध्या, प्रयागराज, चित्रकूट, सीतामढ़ी, जनकपुर, श्रृंगवेरपुर, नासिक, हम्पी से लेकर रामेश्वरम तक घूमने और प्रभु श्रीराम के दर्शन का मौका मिलेगा. </p>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="486" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/01/PNC-ayodhya-dham-ram-mandir-650x486.jpg" alt="" class="wp-image-81993" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/01/PNC-ayodhya-dham-ram-mandir-650x486.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2024/01/PNC-ayodhya-dham-ram-mandir-350x262.jpg 350w, https://www.patnanow.com/assets/2024/01/PNC-ayodhya-dham-ram-mandir-768x575.jpg 768w, https://www.patnanow.com/assets/2024/01/PNC-ayodhya-dham-ram-mandir.jpg 1080w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>यह रामायण यात्रा 16 रातें/17 दिन की होगी. ट्रेन का पहला पड़ाव अयोध्या होगा. जहां तीर्थ यात्रियों को राम जन्मभूमि मंदिर, हनुमान गढ़ी, राम की पैड़ी देखने का सुअवसर मिलेगा. </p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="365" src="https://www.patnanow.com/assets/2023/01/pnc-janakpur-janki-Mandir-nepal.jpg" alt="" class="wp-image-70456" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2023/01/pnc-janakpur-janki-Mandir-nepal.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2023/01/pnc-janakpur-janki-Mandir-nepal-350x197.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p>इसके बाद नंदीग्राम में भरत-हनुमान मंदिर और भरत कुंड का दर्शन, जनकपुर (नेपाल में) में राम-जानकी मंदिर, धनुष धाम मंदिर और परशुराम कुंड, सीतामढी (बिहार) में जानकी मंदिर और पुनौरा धाम, बक्सर में राम रेखा घाट, रामेश्वर नाथ मंदिर, वाराणसी में तुलसी मानस मंदिर, संकट मोचन मंदिर, काशी विश्वनाथ मंदिर और गंगा आरती देखने का सुनहरा मौका मिलेगा. इसके बाद रामायण यात्रा ट्रेन यात्रियों को लेकर सीतामढी (उत्तर प्रदेश) की ओर बढ़ेगी जहां सीता समाहित स्थल (सीता माता मंदिर) के दर्शन होंगे. यहां से ट्रेन प्रयागराज जाएगी. जहां त्रिवेणी संगम, हनुमान मंदिर और भारद्वाज आश्रम देखने का मौका मिलेगा. यात्रा को आगे बढ़ाते हुए ट्रेन श्रृंगवेरपुर, चित्रकूट, नासिक, पंचवटी, हम्पी होते हुए रामेश्वरम पहुंचेगी. इन स्थानों पर यात्रियों को क्रमशः श्रृंग ऋषि मंदिर, गुप्त गोदावरी, राम घाट, सती अनुसूया मंदिर, त्रयंबकेश्वर मंदिर, सीता गुफा और कालाराम मंदिर, अंजनाद्री पहाड़ी, विरुपाक्ष मंदिर, विट्ठल मंदिर, रामनाथस्वामी मंदिर और धनुषकोडी का दर्शन होगा. यात्रा के दौरान ट्रेन में चाय, नाश्ता, दोपहर और रात का शाकाहारी भोजन दिया जाएगा.</p>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="520" height="640" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/03/PNC-janakpur-railway-station.jpg" alt="" class="wp-image-82932" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/03/PNC-janakpur-railway-station.jpg 520w, https://www.patnanow.com/assets/2024/03/PNC-janakpur-railway-station-284x350.jpg 284w" sizes="auto, (max-width: 520px) 100vw, 520px" /></figure>



<p><br>दौरे की मुख्य बातें:<br><strong>यात्रा का नामः श्री रामायण यात्रा<br>अवधिः 16 रातें/17 दिन</strong><br>यात्रा कार्यक्रमः दिल्ली-अयोध्या-जनकपुर-सीतामढ़ी-बक्सर-वाराणसी-प्रयागराज-श्रृंगवेरपुर-चित्रकूट-नासिक-हम्पी-रामेश्वरम-दिल्ली.<br>बोर्डिंगः दिल्ली सफदरजंग, गाजियाबाद, अलीगढ, टुंडला जं., इटावा, कानपुर, लखनऊ. झाँसी, ग्वालियर, आगरा कैंट, मथुरा, दिल्ली सफदरजंग से डी-बोर्डिंग.<br>यात्रा तिथिः 25.07.2025<br>यात्रा में शामिल किए गए गंतव्यः</p>



<ul class="wp-block-list">
<li>अयोध्या: राम जन्मभूमि मंदिर, हनुमान गढ़ी, राम की पैड़ी.</li>



<li>नंदीग्राम: भरत-हनुमान मंदिर और भरत कुंड।</li>



<li>जनकपुर (नेपाल): राम जानकी मंदिर, धनुष धाम मंदिर और परशुराम कुंड.</li>



<li>सीतामढी (बिहार): जानकी मंदिर और पुनौरा धाम.<br>•बक्सर: राम रेखा घाट, रामेश्वर नाथ मंदिर।</li>



<li>वाराणसी: तुलसी मानस मंदिर, संकट मोचन मंदिर, काशी विश्वनाथ मंदिर और गंगा आरती।</li>



<li>सीतामढी (उत्तर प्रदेश): सीता समाहित स्थल (सीता माता मंदिर).</li>



<li>प्रयागराज: त्रिवेणी संगम, हनुमान मंदिर और भारद्वाज आश्रम.</li>



<li>श्रृंगवेरपुर: श्रृंग ऋषि मंदिर.<br>•चित्रकूट: गुप्त गोदावरी, राम घाट और सती अनुसूया मंदिर.</li>



<li>नासिक: त्रयंबकेश्वर मंदिर, पंचवटी (सीता गुफा और कालाराम मंदिर).</li>



<li>हम्पी: अंजनाद्री पहाड़ी, विरुपाक्ष मंदिर और विट्ठल मंदिर।<br>•रामेश्वरम: रामनाथस्वामी मंदिर और धनुषकोडी.</li>
</ul>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>यात्रीगण कृपया ध्यान दें; तत्काल टिकट के नियमों में हो गया है बड़ा बदलाव</title>
		<link>https://www.patnanow.com/tatkal-ticket-rules-change/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Pnc Desk]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 17 Jun 2025 15:34:10 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[indian railway]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA NOW]]></category>
		<category><![CDATA[Rail ticket]]></category>
		<category><![CDATA[Tatkal ticket]]></category>
		<category><![CDATA[Train ticket]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=90707</guid>

					<description><![CDATA[तत्काल योजना में संशोधन रेलवे ने तत्काल टिकट बुकिंग के नियमों में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव कर दिया है. रेलवे की ओर जारी आधिकारिक घोषणा के अनुसार आम आदमी को तत्काल ट्रेन टिकटों का लाभ देने हेतु भारतीय रेलवे ने कई कदम उठाते हुए नियमों में कुछ संशोधन किए हैं: &#8211; 5. ट्रैवल एजेंट और अधिकृत एजेंसियां आधे घंटे के बाद ही टिकट बुक कर सकती हैं, यानी ट्रैवल एजेंट एसी क्लास में 10:30 बजे से और नॉन एसी के लिए 11:30 बजे के बाद ही तत्काल टिकट बुक कर सकते हैं. 6. एसी के लिए 10:00 से 10:30 बजे तक और नॉन एसी के लिए 11:00 &#8211; 11:30 बजे तक व्यक्तिगत ऑनलाइन उपयोगकर्ता और पीआरएस काउंटर पर विंडो टिकट उपयोगकर्ताओं के लिए ही उपलब्ध रहेगी. 7. तत्काल टिकट बुकिंग के लिए गैर-आधार उपयोगकर्ता पीआरएस काउंटरों और अधिकृत ट्रैवल एजेंटों के माध्यम से टिकट बुक कर सकते हैं . 8. दिनांक 01.07.2025 से IRCTC ऐप पर तत्काल टिकट बुकिंग केवल आधार सत्यापित आईडी से ही की जा सकेगी. 9. आधार प्रमाणीकरण के लिए ओटीपी का प्रावधान 15-07-2025 तक लागू किया जाएगा. 10. यह सुनिश्चित करने के लिए कुछ प्रावधान किए गए हैं कि बॉट (या अन्य सॉफ़्टवेयर साधन) वास्तविक उपयोगकर्ताओं की तुलना में तेज़ी से टिकट बुक करने में सक्षम न हों. मोबाइल ओटीपी के साथ विंडो टिकट बुकिंग &#8211; विंडो टिकट के लिए बुकिंग करने वाले व्यक्ति को एक मोबाइल नंबर देना होगा जिस पर सत्यापन के लिए ओटीपी भेजा जाएगा. यह प्रावधान 15.07.2025 तक लागू किया जाएगा. pncb]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p><strong>तत्काल योजना में संशोधन</strong></p>



<p>रेलवे ने तत्काल टिकट बुकिंग के नियमों में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव कर दिया है. रेलवे की ओर जारी आधिकारिक घोषणा के अनुसार आम आदमी को तत्काल ट्रेन टिकटों का लाभ देने हेतु भारतीय रेलवे ने कई कदम उठाते हुए नियमों में कुछ संशोधन किए हैं: &#8211;</p>



<ol class="wp-block-list">
<li>टिकट बुकिंग के लिए गलत सॉफ्टवेयर (Bot Softwares) का उपयोग करने के लिए पिछले छह महीनों में 2.5 करोड़ संदिग्ध IRCTC आईडी ब्लॉक की गई हैं.</li>



<li>व्यक्तिगत उपयोगकर्ताओं के लिए तत्काल ई-टिकट बुक करने के लिए अब आधार को अनिवार्य बना दिया गया है.</li>



<li>रेलवे काउंटर/विंडो पर तत्काल टिकट बुकिंग के लिए यात्रियों/प्रतिनिधियों को मोबाइल नंबर और ओटीपी प्रदान करना होगा. मोबाइल/ओटीपी के सफल प्रमाणीकरण के बाद ही तत्काल टिकट जारी हो पायेगा.</li>



<li>तत्काल टिकट बुकिंग के पहले 30 मिनट केवल व्यक्तिगत ऑनलाइन उपयोगकर्ताओं और स्टेशनों पर पीआरएस काउंटर से टिकट बुक करने वाले व्यक्तियों के लिए उपलब्ध होंगे.</li>
</ol>



<figure class="wp-block-image size-full"><img loading="lazy" decoding="async" width="1024" height="576" src="https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-railway-station-passenger-train-scaled.jpg" alt="" class="wp-image-87654" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-railway-station-passenger-train-scaled.jpg 1024w, https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-railway-station-passenger-train-650x366.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-railway-station-passenger-train-1536x864.jpg 1536w, https://www.patnanow.com/assets/2024/10/pnc-railway-station-passenger-train-2048x1152.jpg 2048w" sizes="auto, (max-width: 1024px) 100vw, 1024px" /></figure>



<p>5. ट्रैवल एजेंट और अधिकृत एजेंसियां आधे घंटे के बाद ही टिकट बुक कर सकती हैं, यानी ट्रैवल एजेंट एसी क्लास में 10:30 बजे से और नॉन एसी के लिए 11:30 बजे के बाद ही तत्काल टिकट बुक कर सकते हैं.</p>



<p>6. एसी के लिए 10:00 से 10:30 बजे तक और नॉन एसी के लिए 11:00 &#8211; 11:30 बजे तक व्यक्तिगत ऑनलाइन उपयोगकर्ता और पीआरएस काउंटर पर विंडो टिकट उपयोगकर्ताओं के लिए ही उपलब्ध रहेगी.</p>



<p>7. तत्काल टिकट बुकिंग के लिए गैर-आधार उपयोगकर्ता पीआरएस काउंटरों और अधिकृत ट्रैवल एजेंटों के माध्यम से टिकट बुक कर सकते हैं .  </p>



<p>8. दिनांक 01.07.2025 से IRCTC ऐप पर तत्काल टिकट बुकिंग केवल आधार सत्यापित आईडी से ही की जा सकेगी.</p>



<p>9. आधार प्रमाणीकरण के लिए ओटीपी का प्रावधान 15-07-2025 तक लागू किया जाएगा.</p>



<p>10. यह सुनिश्चित करने के लिए कुछ प्रावधान किए गए हैं कि बॉट (या अन्य सॉफ़्टवेयर साधन) वास्तविक उपयोगकर्ताओं की तुलना में तेज़ी से टिकट बुक करने में सक्षम न हों.</p>



<ol class="wp-block-list"></ol>



<figure class="wp-block-image size-large"><img loading="lazy" decoding="async" width="650" height="366" src="https://www.patnanow.com/assets/2017/03/pnc-pos-at-rail-ticket-counter-650x366.jpg" alt="" class="wp-image-14338" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/03/pnc-pos-at-rail-ticket-counter.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/03/pnc-pos-at-rail-ticket-counter-350x197.jpg 350w" sizes="auto, (max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p><strong>मोबाइल ओटीपी के साथ विंडो टिकट बुकिंग </strong>&#8211; विंडो टिकट के लिए बुकिंग करने वाले व्यक्ति को एक मोबाइल नंबर देना होगा जिस पर सत्यापन के लिए ओटीपी भेजा जाएगा. यह प्रावधान 15.07.2025 तक लागू किया जाएगा.</p>



<p><strong><em>pncb</em></strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
