<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>GST COUNCIL MEETING &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
	<atom:link href="https://www.patnanow.com/tag/gst-council-meeting/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://www.patnanow.com</link>
	<description>Patna News Portal - हर ख़बर पर नज़र</description>
	<lastBuildDate>Sun, 24 Feb 2019 14:19:33 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.6.1</generator>

<image>
	<url>https://www.patnanow.com/assets/2022/08/cropped-PatnaNow_Logo_2022-32x32.png</url>
	<title>GST COUNCIL MEETING &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
	<link>https://www.patnanow.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>बिहार के आवास प्रक्षेत्र को जीएसटी की बड़ी राहत- सुशील मोदी</title>
		<link>https://www.patnanow.com/sushil-modi-says-relief-in-gst-for-property-field/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Nikhil]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 24 Feb 2019 14:17:09 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[MONEY MATTERS]]></category>
		<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[GST COUNCIL MEETING]]></category>
		<category><![CDATA[PATNA NOW]]></category>
		<category><![CDATA[sushil modi deputy cm]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.patnanow.com/?p=38602</guid>

					<description><![CDATA[नई दिल्ली/पटना (ब्यूरो रिपोर्ट) &#124; नई दिल्ली में जीएसटी कौंसिल की हुई 33 वीं बैठक में किफायती आवासों (Affordable Housing) पर जीएसटी की दर कम करने के बिहार के प्रस्ताव को स्वीकार कर किफायती आवास प्रक्षेत्र को बड़ी राहत दी गयी है. उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि इससे पटना जैसे शहरों के आवास प्रक्षेत्र जो पिछले कई वर्षों से जीएसटी की अधिक दर के कारण मंदी के दौर से गुजर रहे थे, उन्हें अब सीधा लाभ मिलेगा. अपने ऐतिहासिक निर्णय में जीएसटी कौंसिल ने किफायती आवासों के लिए टैक्स की दर बिना इनपुट टैक्स क्रेडिट के 8% से घटा कर 1% तथा गैर किफायती आवासों पर कर की दर 12% से घटा कर मात्र 5% कर दिया है.पटना जैसे शहरों में 90 वर्ग मीटर एरिया तक और 45 लाख कीमत वाले आवासों के साथ ऐसे गैर किफायती आवासीय परियोजनाओं को भी इसका लाभ मिलेगा जिसके 15% एरिया में व्यावसायिक निर्माण किया गया हो. यानी आवासीय परियोजनाओं को 15% तक व्यावसायिक निर्माण की छूट दी गयी है.जीएसटी कौंसिल के इस निर्णय से किफायती और गैर किफायती निर्माणाधीन फ्लैट की बिक्री का मार्ग अब प्रशस्त होगा तथा खरीददारों को भी बड़ी राहत मिलेगी.]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<figure class="wp-block-image"><img fetchpriority="high" decoding="async" width="650" height="366" src="https://www.patnanow.com/assets/2019/02/pnc-sushil-modi-on-gst-council-meeting-650x366.png" alt="" class="wp-image-38604" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2019/02/pnc-sushil-modi-on-gst-council-meeting.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2019/02/pnc-sushil-modi-on-gst-council-meeting-350x197.png 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></figure>



<p><strong>नई दिल्ली/पटना (ब्यूरो रिपोर्ट)</strong> | नई दिल्ली में जीएसटी कौंसिल की हुई 33 वीं बैठक में किफायती आवासों (Affordable Housing) पर जीएसटी की दर कम करने के बिहार के प्रस्ताव को स्वीकार कर किफायती आवास प्रक्षेत्र को बड़ी राहत दी गयी है. उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि इससे पटना जैसे शहरों के आवास प्रक्षेत्र जो पिछले कई वर्षों से जीएसटी की अधिक दर के कारण मंदी के दौर से गुजर रहे थे, उन्हें अब सीधा लाभ मिलेगा. अपने ऐतिहासिक निर्णय में जीएसटी कौंसिल ने किफायती आवासों के लिए टैक्स की दर बिना इनपुट टैक्स क्रेडिट के 8% से घटा कर 1% तथा गैर किफायती आवासों पर कर की दर 12% से घटा कर मात्र 5% कर दिया है.<br>पटना जैसे शहरों में 90 वर्ग मीटर एरिया तक और 45 लाख कीमत वाले आवासों के साथ ऐसे गैर किफायती आवासीय परियोजनाओं को भी इसका लाभ मिलेगा जिसके 15% एरिया में व्यावसायिक निर्माण किया गया हो. यानी आवासीय परियोजनाओं को 15% तक व्यावसायिक निर्माण की छूट दी गयी है.<br>जीएसटी कौंसिल के इस निर्णय से किफायती और गैर किफायती निर्माणाधीन फ्लैट की बिक्री का मार्ग अब प्रशस्त होगा तथा खरीददारों को भी बड़ी राहत मिलेगी.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>GST काउंसिल से आ सकती है राहत की खबर</title>
		<link>https://www.patnanow.com/gst-meeting-guwahati/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Amit Verma]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 10 Nov 2017 03:33:27 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[MONEY MATTERS]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[23RD GST MEET]]></category>
		<category><![CDATA[GST COUNCIL MEETING]]></category>
		<category><![CDATA[GST MEETING GUWAHATI]]></category>
		<guid isPermaLink="false">http://www.patnanow.com/?p=25446</guid>

					<description><![CDATA[गुवाहाटी में GST काउंसिल की 23वीं बैठक का आज दूसरा दिन है. उम्मीद है कि रोजाना इस्तेमाल की कई चीजों पर टैक्स स्लैब 28 फीसदी से कम किया जा सकता है. GST  के खिलाफ सड़क पर कांग्रेस के प्रदर्शन-हंगामे के बीच मोदी सरकार GST पर कुछ बड़ी राहत का ऐलान कर सकती है.  गुवाहाटी की बैठक में 28 फीसदी टैक्स स्लैब में शामिल 200 से ज़्यादा आइटम्स में से 80 फीसदी आइटम्स पर टैक्स घटकर 18 फीसदी किए जाने की संभावना है. जानकारी के मुताबिक शैंपू, फर्नीचर, इलेक्ट्रिक स्वीच और प्लास्टिक पाइप पर टैक्स रेट कम किया जाएगा. इसके अलावा कंपोजीशन स्कीम के तहत 1 फीसदी छूट और नॉन एसी रेस्टोरेंट पर टैक्स घटाने पर भी फैसला संभव है. छोटे कारोबारियों को राहत देने के मकसद से कंपोजिशन स्कीम में भी बदलाव की तैयारी है. बता दें कि GST की दरें और नियमों पर अंतिम फैसला लेने की जिम्मेदारी GST  काउंसिल को दी गयी है. काउंसिल के अध्यक्ष वित्त मंत्री अरुण जेटली हैं जबकि वित्त राज्य मंत्री के साथ 29 राज्यों और दो केंद्र शासित प्रदेशों, दिल्ली और पुडुडुचेरी के नामित मंत्री इसके सदस्य हैं. बिहार के डिप्टी सीएम सह वित्त मंत्री सुशील मोदी भी बैठक से पहले ही कई महत्वपूर्ण सामानों पर टैक्स की दर कम करने की संभावना जता चुके हैं.]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>गुवाहाटी में GST काउंसिल की 23वीं बैठक का आज दूसरा दिन है. उम्मीद है कि रोजाना इस्तेमाल की कई चीजों पर टैक्स स्लैब 28 फीसदी से कम किया जा सकता है. GST  के खिलाफ सड़क पर कांग्रेस के प्रदर्शन-हंगामे के बीच मोदी सरकार GST पर कुछ बड़ी राहत का ऐलान कर सकती है.  गुवाहाटी की बैठक में 28 फीसदी टैक्स स्लैब में शामिल 200 से ज़्यादा आइटम्स में से 80 फीसदी आइटम्स पर टैक्स घटकर 18 फीसदी किए जाने की संभावना है.</p>
<p><img decoding="async" class="alignnone  wp-image-25159" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/11/PNC-AD-SREELEATHERS2-650x80.jpg" alt="" width="748" height="92" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/11/PNC-AD-SREELEATHERS2.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/11/PNC-AD-SREELEATHERS2-350x43.jpg 350w" sizes="(max-width: 748px) 100vw, 748px" /><img decoding="async" class="alignnone wp-image-25450" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/11/PNC-GST-MEETING-GUWAHATI-650x366.jpg" alt="" width="751" height="423" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/11/PNC-GST-MEETING-GUWAHATI.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/11/PNC-GST-MEETING-GUWAHATI-350x197.jpg 350w" sizes="(max-width: 751px) 100vw, 751px" /></p>
<p>जानकारी के मुताबिक शैंपू, फर्नीचर, इलेक्ट्रिक स्वीच और प्लास्टिक पाइप पर टैक्स रेट कम किया जाएगा. इसके अलावा कंपोजीशन स्कीम के तहत 1 फीसदी छूट और नॉन एसी रेस्टोरेंट पर टैक्स घटाने पर भी फैसला संभव है. छोटे कारोबारियों को राहत देने के मकसद से कंपोजिशन स्कीम में भी बदलाव की तैयारी है.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone wp-image-25219" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/11/PATNA-now-ad-shreeleather-tanishq-650x80.gif" alt="" width="837" height="103" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/11/PATNA-now-ad-shreeleather-tanishq-650x80.gif 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/11/PATNA-now-ad-shreeleather-tanishq-350x43.gif 350w" sizes="(max-width: 837px) 100vw, 837px" /></p>
<p>बता दें कि GST की दरें और नियमों पर अंतिम फैसला लेने की जिम्मेदारी GST  काउंसिल को दी गयी है. काउंसिल के अध्यक्ष वित्त मंत्री अरुण जेटली हैं जबकि वित्त राज्य मंत्री के साथ 29 राज्यों और दो केंद्र शासित प्रदेशों, दिल्ली और पुडुडुचेरी के नामित मंत्री इसके सदस्य हैं. बिहार के डिप्टी सीएम सह वित्त मंत्री सुशील मोदी भी बैठक से पहले ही कई महत्वपूर्ण सामानों पर टैक्स की दर कम करने की संभावना जता चुके हैं.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>कुछ मुश्किलें हुईं दूर, बाकी की उम्मीद जगी</title>
		<link>https://www.patnanow.com/great-relief-from-gst-modifications/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Amit Verma]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 07 Oct 2017 06:55:43 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Big News]]></category>
		<category><![CDATA[MONEY MATTERS]]></category>
		<category><![CDATA[काम की ख़बर]]></category>
		<category><![CDATA[फीचर]]></category>
		<category><![CDATA[GST COUNCIL MEETING]]></category>
		<category><![CDATA[GST UPDATE]]></category>
		<guid isPermaLink="false">http://www.patnanow.com/?p=24162</guid>

					<description><![CDATA[व्यापारियों को परेशान कर रही GST की उलझनें कुछ हद तक दूर हुई हैं. 6 अक्टूबर को  22वीं बैठक में GST परिषद ने 1.5 करोड़ रुपये तक के कारोबार वाली इकाइयों को हर महीने के बजाय तीन महीने में एक बार रिटर्न जमा करने की छूट दे दी है. छोटे कारोबारियों के लिए कंपोजिशन योजना की सीमा भी 75 लाख रुपये से बढ़ाकर 1 करोड़ रुपये कर दी गई है. GST के लागू होने के बाद तीन महीने की अवधि में कारोबार जगत को पेश आ रही मुश्किलों पर चर्चा के लिए शुक्रवार को हुई GST परिषद की बैठक में ये फैसले लिए गए. बैठक में खास तौर पर छोटे एवं मझोले उद्योग और निर्यातकों को पेश आ रही समस्याओं पर गौर किया गया. केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि छोटे कारोबारियों और निर्यातकों को राहत देने के लिए कई रियायतें देने पर सहमति बनी है. उन्होंने बताया कि छोटे एवं मझोले कारोबारियों को अब मासिक रिटर्न नहीं भरना होगा. जिन इकाइयों का सालाना कारोबार 1.5 करोड़ रुपये तक है उन्हें अब तिमाही रिटर्न भरना होगा. अभी तक जीएसटी के तहत पंजीकृत हरेक कारोबारी को मासिक आधार पर अपना रिटर्न जमा करना होता था. लेकिन ऑनलाइन रिटर्न जमा करने के लिए बनाई गई व्यवस्था GST नेटवर्क पर भारी बोझ पडऩे और अनुपालन संबंधी अन्य शर्तों के चलते कारोबारी खासे परेशान होने लगे. इसका असर यह हुआ कि जुलाई की तुलना में अगस्त और सितंबर के महीनों में GST रिटर्न आंशिक रूप से कम हो गया. इसके अलावा कारोबार जगत के [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>व्यापारियों को परेशान कर रही GST की उलझनें कुछ हद तक दूर हुई हैं. 6 अक्टूबर को  <a href="https://goo.gl/CRzvZglfpo">22वीं बैठक में GST परिषद</a> ने 1.5 करोड़ रुपये तक के कारोबार वाली इकाइयों को हर महीने के बजाय तीन महीने में एक बार रिटर्न जमा करने की छूट दे दी है. छोटे कारोबारियों के लिए कंपोजिशन योजना की सीमा भी 75 लाख रुपये से बढ़ाकर 1 करोड़ रुपये कर दी गई है. GST के लागू होने के बाद तीन महीने की अवधि में कारोबार जगत को पेश आ रही मुश्किलों पर चर्चा के लिए शुक्रवार को हुई GST परिषद की बैठक में ये फैसले लिए गए. बैठक में खास तौर पर छोटे एवं मझोले उद्योग और निर्यातकों को पेश आ रही समस्याओं पर गौर किया गया.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="size-large wp-image-24163 alignleft" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/10/pnc-council-meeting-tax-the-goods-and-services_-gst.jpg" alt="" width="600" height="329" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/10/pnc-council-meeting-tax-the-goods-and-services_-gst.jpg 600w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/pnc-council-meeting-tax-the-goods-and-services_-gst-350x192.jpg 350w" sizes="(max-width: 600px) 100vw, 600px" /></p>
<p>केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि छोटे कारोबारियों और निर्यातकों को राहत देने के लिए कई रियायतें देने पर सहमति बनी है. उन्होंने बताया कि छोटे एवं मझोले कारोबारियों को अब मासिक रिटर्न नहीं भरना होगा. जिन इकाइयों का सालाना कारोबार 1.5 करोड़ रुपये तक है उन्हें अब तिमाही रिटर्न भरना होगा. अभी तक जीएसटी के तहत पंजीकृत हरेक कारोबारी को मासिक आधार पर अपना रिटर्न जमा करना होता था. लेकिन ऑनलाइन रिटर्न जमा करने के लिए बनाई गई व्यवस्था GST नेटवर्क पर भारी बोझ पडऩे और अनुपालन संबंधी अन्य शर्तों के चलते कारोबारी खासे परेशान होने लगे. इसका असर यह हुआ कि जुलाई की तुलना में अगस्त और सितंबर के महीनों में GST रिटर्न आंशिक रूप से कम हो गया.</p>
<p>इसके अलावा कारोबार जगत के लिए चलाई जा रही कंपोजिशन योजना की सीमा को भी 75 लाख रुपये से बढ़ाकर 1 करोड़ रुपये कर दिया गया है. हालांकि कंपोजिशन योजना के तहत कारोबारियों पर पहले की तरह 1 फीसदी, विनिर्माताओं पर 2 फीसदी और रेस्टोरेंट उद्योग पर 5 फीसदी की दर से कर लगता रहेगा.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="size-large wp-image-24164 alignright" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/10/pnc-gst-meeting-on-6oct17-650x400.jpg" alt="" width="650" height="400" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/10/pnc-gst-meeting-on-6oct17.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/pnc-gst-meeting-on-6oct17-350x215.jpg 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></p>
<p>अरुण जेटली ने कहा कि निर्यातकों को रिफंड में आ रही समस्या से राहत के लिए इलेक्ट्रॉनिक रिफंड व्यवस्था को लागू करने की तैयारी चल रही है और 1 अप्रैल से E-वॉलेट व्यवस्था लागू कर दी जाएगी. हर निर्यातक को भविष्य में अपना रिफंड इस E-वॉलेट के जरिये ही मिल जाएगा. इस वॉलेट के लिए शुरुआती फंड का इंतजाम सरकार अपनी तरफ से करेगी. निर्यातकों को जुलाई-अगस्त के लिए रिफंड प्रक्रिया 10 अक्टूबर से शुरू हो जाएगी. इसके साथ ही वस्तुओं की आवाजाही से संबंधित E-WAY बिल व्यवस्था को अब 1 अप्रैल, 2018 से लागू किया जाएगा. कारोबारी अपने माल पर सरकारी निगरानी की आशंका को देखते हुए E-WAY का कड़ा विरोध कर रहे हैं. इसके  साथ ही परिषद ने <a href="https://goo.gl/CRzvZglfpo">27 वस्तुओं पर GST की दरों में कटौती </a>की है. बता दें कि एक दिन पहले ही प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इसके संकेत दिए थे. उन्होंने कहा था कि कारोबारियों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए सरकार जल्द ही कदम उठाने वाली है.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class=" wp-image-24165" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/10/PNC-PM-MODI-650x361.jpg" alt="" width="552" height="306" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/10/PNC-PM-MODI.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/PNC-PM-MODI-350x195.jpg 350w" sizes="(max-width: 552px) 100vw, 552px" /></p>
<p>दरअसल व्यापारी वर्ग GST को लेकर खासा परेशान है और यही परेशानी बीजेपी के लिए आनेवाले गुजरात चुनाव के दौरान भारी पड़ सकती है. यही वजह है कि सरकार तीखी आलोचनाओं का सामना कर रही सरकार ने कारोबारियों, निर्यातकों और छोटे कारोबारियों की चिंताएं दूर करने के लिए शुक्रवार रात कई कदमों की घोषणा की है. वित्तमंत्री अरुण जेटली ने<a href="https://goo.gl/CRzvZglfpo"> GST काउंसिल की दिनभर चली 22वीं बैठक</a> के बाद दिवाली से पहले आम आदमी और छोटे कारोबारियों को राहत देने की घोषणा की है.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="wp-image-17704 alignleft" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/05/pnc-gst-650x350.jpg" alt="" width="327" height="176" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/05/pnc-gst.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/05/pnc-gst-350x188.jpg 350w" sizes="(max-width: 327px) 100vw, 327px" /></p>
<p><a href="https://goo.gl/CRzvZglfpo"><strong>आइए देखते हैं किन चीजों पर कम हुई है GST-</strong></a></p>
<p><strong>खाने के आइटम</strong><br />
रोटी, खाखरा, अनब्रैंडेड नमकीन और सूखा आम को 12 फीसदी टैक्स स्लैब्स के दायरे से हटा दिया गया है. अब इन पर 5 फीसदी टैक्स लगेगा.<br />
<strong>बच्चों की जरूरत के सामान<br />
</strong>चाइल्ड पैकेज्ड फूड और स्टेशनरी के सामानों पर भी अब कम टैक्स लगेगा। अभी तक इन पर 12 फीसदी टैक्स वसूला जा रहा था, जिसे घटाकर 5 फीसदी कर दिया गया है.<br />
<strong>कपड़े भी होंगे सस्ते<br />
</strong>आने वाले दिनों में कपड़े भी सस्ते होंगे. कपड़ा बनाने के लिए उपयोग होने वाले मानव निर्मित धागे पर GST को 18 प्रतिशत से घटाकर 12 प्रतिशत कर दिया गया है. सिन्थेटिक फिलामेंट यार्न पर भी टैक्स में इतनी ही कमी की गई है.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone size-large wp-image-22136" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/08/PNC-AIM-CIVIL-SERVICE-RAHMAN-SIR-MUNNA-SIR-AD-2-650x280.jpg" alt="" width="650" height="280" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/08/PNC-AIM-CIVIL-SERVICE-RAHMAN-SIR-MUNNA-SIR-AD-2.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/08/PNC-AIM-CIVIL-SERVICE-RAHMAN-SIR-MUNNA-SIR-AD-2-350x151.jpg 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /><br />
<strong>महिलाओं के लिए<br />
</strong>जरी के काम और आर्टिफिशल ज्वेलरी पर GST 12 से घटाकर 5 फीसदी कर दी गई है.<br />
<strong>दवाएं होंगी सस्ती<br />
</strong>आयुर्वेदिक और होम्योपथी दवाएं सस्ती होंगी. इन पर 12 फीसदी की बजाय 5 फीसदी टैक्स लेने का फैसला किया गया है. इनके अलावा संगमरमर और ग्रेनाइट को छोड़कर फर्श के बाकी पत्थर पर टैक्स को घटाकर 18 प्रतिशत की श्रेणी में रखा गया है. कचरा, प्लास्टिक और रबर कचरा पर टैक्स घटाकर 5 फीसदी कर दिया गया है. डीजल इंजन पुर्जों GST 28 से 18 फीसदी कर दी गई है. पंप पुर्जे भी सस्ते होंगे.</p>
<p><a href="https://goo.gl/CRzvZglfpo"><strong>BIA ने किया फैसले का स्वागत</strong></a></p>
<p><a href="https://goo.gl/CRzvZglfpo"><img loading="lazy" decoding="async" class="size-large wp-image-24168" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/10/PNC-3BIA-PRESIDENT-KPS-KESHRI-KA-PRESS-CONFRENCE-650x432.jpg" alt="" width="650" height="432" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/10/PNC-3BIA-PRESIDENT-KPS-KESHRI-KA-PRESS-CONFRENCE.jpg 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/PNC-3BIA-PRESIDENT-KPS-KESHRI-KA-PRESS-CONFRENCE-225x150.jpg 225w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/PNC-3BIA-PRESIDENT-KPS-KESHRI-KA-PRESS-CONFRENCE-350x233.jpg 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></a></p>
<p><a href="https://goo.gl/CRzvZglfpo">बिहार इंटस्ट्रीज एसोसिएशन ने GST काउंसिल के फैसले पर खुशी जताई</a> है और एसोसिएशन के अध्यक्ष KPS केशरी ने इसके लिए काउंसिल के अध्यक्ष तथा सभी सदस्यों के साथ बिहार के उप मुख्यमंत्री सह वित्त मंत्री सुशील कुमार मोदी को धन्यवाद दिया है. इसके साथ ही BIA अध्यक्ष ने अपनी अन्य मांगों पर भी विचार करने की अपील की है.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
