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	<title>तीन घरवा टोला &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
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	<description>Patna News Portal - हर ख़बर पर नज़र</description>
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	<title>तीन घरवा टोला &#8211; Patna Now &#8211; Local News Patna and Bihar | Breaking News Patna | Patna News</title>
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		<title>4G युग में भी इस गांव को नहीं मयस्सर है एक अदद पुल</title>
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		<dc:creator><![CDATA[om prakash pandey]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 23 Oct 2017 05:03:52 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[अपना शहर]]></category>
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					<description><![CDATA[&#8216;विकास&#8217; के &#8216;पुल&#8217; की आस में एक गांव शादी के लिए लड़की वाले तो दूर मरीज के लिए डॉक्टर तक नहीं आ पाते इस गाँव &#8220;विकास के माने का होला? हम ढेर मनी जगह जानत बानी जहाँ एक गो पुल नइखे हई मोबाइल, इंटरनेट, 3G, 4G, ये G और वो G&#8230;&#8221; ये बातें जिला मुख्यालय से महज 20 किमी की दूरी पर अवस्थित गड़हनी पंचायत के एक दुकान पर कुछ ग्रामीणों की गुफ्तगू की है जहाँ तीखे तेवर में लोग बात कर रहे थे. दरअसल यह बहस गड़हनी के तीनघरवा टोला को लेकर हो रही थी जहाँ आज भी विकास के इस फास्ट युग मे गाँव जाने के लिए नदी पार कर जाना ही एकमात्र विकल्प है. जीवन को सरल और आसान बनाने के लिए तकनीकी युग ने कम्प्यूटर के एक क्लिक के जरिए हमारी जरूरतों को तो जरूर हाजिर करने के लिए विकल्प दे दिए लेकिन आजादी के 70 वर्ष बाद भी सचमुच यह गाँव न सिर्फ विकास को मुँह चिढ़ाता है बल्कि सूबे के मुखिया और विकास पुरुष काहे जाने वाले नीतीश कुमार के सात निश्चयों की भी पोल खोलता है जिसमें उन्होंने हर घर तक पक्कीकरण की बात कही थी. &#8220;पटना नाउ&#8221; ने ही सबसे पहले इस अविकसित गाँव की खबर को उजागर किया था जहाँ के वीडियो ने कहा था कि वो इस गाँव मे पूल लाने के लिए अधिकारियों को जरूर खबर करेंगे. बरसात के दिनों में तो यह तीनघरवा टोला गढहनी से कट जाता है. लेकिन बरसात कि कौन कहे हर मौसम में ही [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><strong>&#8216;विकास&#8217; के &#8216;पुल&#8217; की आस में एक गांव</strong></p>
<p><strong>शादी के लिए लड़की वाले तो दूर मरीज के लिए डॉक्टर तक नहीं आ पाते इस गाँव</strong></p>
<p><img decoding="async" class="alignnone size-full wp-image-9908" src="http://www.patnanow.com/assets/2016/12/pnc-excusive.png" alt="" width="156" height="31" /></p>
<p>&#8220;विकास के माने का होला? हम ढेर मनी जगह जानत बानी जहाँ एक गो पुल नइखे हई मोबाइल, इंटरनेट, 3G, 4G, ये G और वो G&#8230;&#8221; ये बातें जिला मुख्यालय से महज 20 किमी की दूरी पर अवस्थित गड़हनी पंचायत के एक दुकान पर कुछ ग्रामीणों की गुफ्तगू की है जहाँ तीखे तेवर में लोग बात कर रहे थे. दरअसल यह बहस गड़हनी के तीनघरवा टोला को लेकर हो रही थी जहाँ आज भी विकास के इस फास्ट युग मे गाँव जाने के लिए नदी पार कर जाना ही एकमात्र विकल्प है. जीवन को सरल और आसान बनाने के लिए तकनीकी युग ने कम्प्यूटर के एक क्लिक के जरिए हमारी जरूरतों को तो जरूर हाजिर करने के लिए विकल्प दे दिए लेकिन आजादी के 70 वर्ष बाद भी सचमुच यह गाँव न सिर्फ विकास को मुँह चिढ़ाता है बल्कि सूबे के मुखिया और विकास पुरुष काहे जाने वाले नीतीश कुमार के सात निश्चयों की भी पोल खोलता है जिसमें उन्होंने हर घर तक पक्कीकरण की बात कही थी. &#8220;पटना नाउ&#8221; ने ही सबसे पहले इस अविकसित गाँव की खबर को उजागर किया था जहाँ के वीडियो ने कहा था कि वो इस गाँव मे पूल लाने के लिए अधिकारियों को जरूर खबर करेंगे. बरसात के दिनों में तो यह तीनघरवा टोला गढहनी से कट जाता है. लेकिन बरसात कि कौन कहे हर मौसम में ही यहां का यही हाल है.अक्टूबर महीने में भी इस गाँव मे आने जाने वालों को लगभग कमर भर पानी मे जान जोखिम कर जाना पड़ता है. किसी की तबियत खराब हो जाये तो खटिया पर टाँग कर नदी मार्ग से होते लाना ही एकमात्र साधन है. डॉक्टर तो गाँव जाने से दूर रहते ही हैं इस गाँव मे अपनी बेटियों की शादी के लिए कोई इस गाँव मे रिश्ता लेकर नही लाता है. वजह एकमात्र इस गावव मे जाने के रास्ते का न होना है. इधर बनास नदी के किनारे बसे इस गाँव मे आने-जाने में इस जोखिम में कई दुर्घटनाएं घट चुकी हैं. <strong>पटना नाउ की exclusive report&#8230;</strong></p>
<p><strong>आजादी दिलाने वाले पूर्वजों के वंशज को नहीं मिला<br />
गाँव जाने के लिए एक पुलिया</strong></p>
<p><img fetchpriority="high" decoding="async" class="alignnone size-large wp-image-24752" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-19-01-194_com.miui_.videoplayer-650x366.png" alt="" width="650" height="366" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-19-01-194_com.miui_.videoplayer.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-19-01-194_com.miui_.videoplayer-350x197.png 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></p>
<p>आजादी के छह दसक बीत जाने के बाद भी नारकीय जीवन जीने को मजबूर है गड़हनी के तीन घरवा टोला के ग्रामीण. गड़हनी प्रखंड के गड़हनी पंचायत वार्ड नम्बर एक के अंतर्गत आता है यह टोला. गड़हनी से सटे होने के बावजूद भी यहाँ पहुचने के लिए कोई रास्ता नही है. यहाँ जाने के लिए दो रास्ते हैं एक रास्ते से होकर जाने पर नदी का सामना करना पड़ता है जहाँ पुल नही है वैसे स्थिति में दूसरा रास्ता से जाना पड़ता है. दूसरा रास्ता गड़हनी गाँव से होते हुए उत्तरपट्टी तक आसानी से जाया जा सकता है जहाँ तक पी सी सी एवम इट सोलिंग है लेकिन जैसे ही आगे बढ़ते है एक बरसाती नदी अपना फन फैलाये सामने दिखाई देती है. वैसे तो गर्मी के दिनों में यह सुखी हुई होती है लेकिन जैसे ही बरसात का पानी इसमें आता है यह खतरों से लबरेज हो जाती है.</p>
<p><img decoding="async" class="alignnone size-large wp-image-24753" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-17-51-850_com.miui_.videoplayer-650x366.png" alt="" width="650" height="366" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-17-51-850_com.miui_.videoplayer.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-17-51-850_com.miui_.videoplayer-350x197.png 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /><br />
गाँव मे आज तक किसी जनप्रतिनिधि ने ध्यान नहीं दिया चाहे वह वार्ड सदस्य हो या मुखिया. गाँव मे आज तक न नाली का निर्माण हुआ है न ही इट सोलिंग या पी सी सी. गड़हनी प्रखंड के मुखिया तसलीम आरिफ ने चुनाव से पूर्व वादा किया था कि जितने के बाद तीन घरवा टोला को गड़हनी तक मनरेगा के तहत मिट्टी भराई कराकर जोड़ने का काम करूंगा और जितने के बाद कार्य भी शुरू हो गया था जिसे देख ग्रमीणों में आशा की किरण जगी थी लेकिन वह भी अब दब कर रही गयी जब मुखिया तसलीम आरिफ उर्फ गुड्डू मियां को गाँजे की तस्करी मामले में औरंगाबाद पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone size-large wp-image-24756" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-18-04-688_com.miui_.videoplayer-650x366.png" alt="" width="650" height="366" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-18-04-688_com.miui_.videoplayer.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-18-04-688_com.miui_.videoplayer-350x197.png 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></p>
<p><strong>ग्रामीणों के सहयोग से दो दशक पूर्व किया था पुलिया का आधा-अधूरा निर्माण</strong></p>
<p>दो दशक पूर्व यहाँ के ग्रामीणों ने आपसी सहयोग से बरसाती नदी पर पुलिया निर्माण करने पर पहल की थी. तीन मोटे-मोटे इट के खंभे बनाये गए है जिसपर जोगाड़ टेक्नोलॉजी के तहत बिजली का खम्बा रख ग्रामीण जान पर जोखिम डाल कर पार करते हैं. हालांकि ग्रामीणों का मनसा पुलया का ढलाई करना था लेकिन अर्थ के अभाव में काम रुका तो आज तक रुका रह गया. बरसात में 2-3 माह रास्ता जानलेवा हो जाता है. 1इसी रास्ते के सहारे तीन घरवा टोला,सिहार-बरघारा,हदियाबाद सहित कई गाँवों के लोग गड़हनी बाजार तक आते है हालांकि तीन घरवा टोला को छोड़कर सभी गांव दूसरे रास्ते से गड़हनी तक पहुँच सकते है भले ही लंबा दूरी तय करना पडे.<br />
गड़हनी तीन घरवा टोला की आबादी तकरीबन तीन सौ होगी,जहाँ दो दर्जन से ज्यादा छात्र-छात्रा को पढ़ने के लिए इसी रास्ते मुख्य बाजार गड़हनी तक आना पड़ता है. यहाँ सौ से ज्यादा मतदाता है जो हर साल अपने मत का प्रयोग इसी उम्मीद के साथ करते हैं कि जनप्रतिनिधि और सरकार यहाँ रोड और पुलिया का निर्माण करेगी लेकिन हर बार उनके उम्मीद पर पानी फिर जाता है.</p>
<p><strong>स्थानीय विधायक से बहुत हैं उम्मीदें</strong></p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone size-large wp-image-24754" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-17-40-925_com.miui_.videoplayer-650x366.png" alt="" width="650" height="366" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-17-40-925_com.miui_.videoplayer.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-17-40-925_com.miui_.videoplayer-350x197.png 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></p>
<p>अगिआंव विधानसभा के विद्यायक प्रभुनाथ राम से यहाँ के ग्रामीणों को काफी उम्मीदें हैं क्योंकि विधायक का गाँव भी यहाँ से महज दो-तीन किलोमीटर दूर है. ऐसे में लोगों को यह विश्वास है कि वे यहां की समस्याओं से वाकिफ है तो सड़क और पुलिया का निर्माण कराएंगे. अब देखना ये है कि विधायक पुल और सड़क बनवा पाते है या पूर्व विधायकों की तरह वोट लेकर सिर्फ अपना उल्लू सीधा करते हैं.</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone size-large wp-image-24755" src="http://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-17-28-114_com.miui_.videoplayer-650x366.png" alt="" width="650" height="366" srcset="https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-17-28-114_com.miui_.videoplayer.png 650w, https://www.patnanow.com/assets/2017/10/Screenshot_2017-10-20-21-17-28-114_com.miui_.videoplayer-350x197.png 350w" sizes="(max-width: 650px) 100vw, 650px" /></p>
<p><strong>आजादी के लड़ाई में गाँव की थी अहम भूमिका</strong><br />
तीन तरफ नदी से घिरा यह गाँव बरसात में टापू तो बन ही जाता है जहाँ कोई आसानी से नही पहुँच सकता. ठीक उसी तरह गर्मी के दिनों में रास्ते के आभाव में कोई गाड़ी यहाँ नही आ पाती है. जिसका सदुपयोग यहाँ के ग्रमीण आजादी के दिनों में करते थे. आजादी की लड़ाई में गड़हनी प्रखंड सहित कई अन्य प्रखंड के स्वतंत्रता सेनानी अंग्रेजी हुकूमत को उखाड़ फेंकने के लिए गाँव-गाँव जाकर लोगों जगाने का काम करते थे और जब अंग्रेज उन्हें ढूंढते तो वो गड़हनी के तीन घरवा टोला छुप जाते थे, जहाँ अग्रेंज पहुँच नही पाते थे. यहाँ के ग्रामीण,सड़क और पुल निर्माण के लिए स्थानीय जिला परिषद, विधायक, सांसद और प्रखंड विकास पदाधिकारी से गुहार लगा चुके है लेकिन अभी तक न सड़क बना न पुलिया.</p>
<p>&nbsp;</p>
<p>आरा से ओ पी पांडेय और मुरली की खास रिपोर्ट</p>
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